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Monday, December 15, 2025

December 15, 2025

हरियाणा में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 8 आईएएस व 23 एचसीएस अधिकारियों के तबादले

हरियाणा में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल

8 आईएएस व 23 एचसीएस अधिकारियों के तबादले
चंडीगढ़-हरियाणा सरकार ने तुरंत प्रभाव से 8 आईएएस और 23  एचसीएस अधिकारियों के तबादले एवं नियुक्ति आदेश जारी किए हैं।

आईएएस अधिकारी योगेश कुमार, जो वर्तमान में हैफेड के सचिव तथा आतिथ्य विभाग में अतिरिक्त निदेशक (प्रशासन) के पद पर कार्यरत थे, को नगर निगम करनाल का आयुक्त और जिला नगर आयुक्त, करनाल नियुक्त किया गया है।

सुभिता ढाका, जो अब तक नियुक्ति की प्रतीक्षा में थीं, को पलवल का अतिरिक्त उपायुक्त-सह-जिला नागरिक संसाधन सूचना अधिकारी लगाया गया है।
जयदीप कुमार’, जो पलवल में अतिरिक्त उपायुक्त-सह-जिला नागरिक संसाधन सूचना अधिकारी के पद पर कार्यरत थे, को स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) का मिशन निदेशक नियुक्त किया गया है।
सोनू भट्ट, जो करनाल के अतिरिक्त उपायुक्त-सह-जिला नागरिक संसाधन सूचना अधिकारी, जिला परिषद और डीआरडीए के सीईओ थे, को गुरुग्राम का अतिरिक्त उपायुक्त-सह-जिला नागरिक संसाधन सूचना अधिकारी नियुक्त किया गया है। उन्हें एचएसआईआईडीसी का अतिरिक्त प्रबंध निदेशक और ग्लोबल सिटी प्रोजेक्ट, गुरुग्राम का सीईओ भी बनाया गया है।
विवेक आर्य, जो जींद के अतिरिक्त उपायुक्त-सह-जिला नागरिक संसाधन सूचना अधिकारी तथा जिला परिषद व डीआरडीए, जींद के सीईओ थे, को कुरुक्षेत्र का अतिरिक्त उपायुक्त-सह-जिला नागरिक संसाधन सूचना अधिकारी नियुक्त किया गया है।
अभिनव सिवाच, जो पेहोवा में उप मंडल अधिकारी (नागरिक) के रूप में कार्यरत थे, को बहादुरगढ़ का उप मंडल अधिकारी (नागरिक) लगाया गया है।
एचसीएस अधिकारियों में वत्सल वशिष्ठ, जो गुरुग्राम में अतिरिक्त उपायुक्त-सह-जिला नागरिक संसाधन सूचना अधिकारी थे, को मुख्य सचिव का ओएसडी-1 लगाया गया है।
योगेश कुमार मेहता, जो सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग में अतिरिक्त निदेशक (प्रशासन) और विशेष सचिव थे, को करनाल का अतिरिक्त उपायुक्त नियुक्त किया गया है।
प्रदीप कुमार-2, जो रोहतक में विशेष अधिकारी (स्वच्छता) थे, को जींद का अतिरिक्त उपायुक्त बनाया गया है।
डॉ. सुशील कुमार-2, जो झज्जर के जिला नगर आयुक्त थे, को कैथल का अतिरिक्त उपायुक्त नियुक्त किया गया है।
विराट, जो मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव के ओएसडी थे, को अंबाला के अतिरिक्त उपायुक्त तथा एपीजेड, अंबाला के विशेष अधिकारी का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है।
तरुण कुमार पवारिया, जो सामान्य प्रशासन, विदेशी सहयोग एवं समन्वय विभाग में संयुक्त सचिव थे, को महेन्द्रगढ़ का अतिरिक्त उपायुक्त लगाया गया है।
माध्यमिक शिक्षा विभाग में अतिरिक्त निदेशक (प्रशासन) और संयुक्त सचिव गौरव कुमार को राज्य चुनाव आयोग, हरियाणा में सचिव लगाया किया गया है।
हरियाणा रोडवेज गुरुग्राम के महाप्रबंधक भारत भूषण गोगिया को एमएसएमई विभाग में अतिरिक्त निदेशक लगाया गया है।
रिचा, जो नियुक्ति की प्रतीक्षा में थीं, को अतिरिक्त निदेशक (प्रशासन ) तथा संयुक्त सचिव स्कूल  एजुकेशन  नियुक्त किया गया है।
मेजर (सेवानिवृत्त) गायत्री अहलावत, जो हरियाणा रोडवेज फतेहाबाद की महाप्रबंधक थीं, को हरियाणा रोडवेज, गुरुग्राम का महाप्रबंधक लगाया गया है।
प्रदीप अहलावत-2 जो मानेसर में विशेष अधिकारी (स्वच्छता) थे, को तोशाम का एसडीओ (सिविल) बनाया गया है।
सुमीत सिहाग, जो पोस्टिंग की प्रतीक्षा में थे, को चकबंदी विभाग में संयुक्त निदेशक तथा राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग में उप सचिव नियुक्त किया गया है।
इसी तरह प्रदीप कुमार-3 को विशेष अधिकारी (स्वच्छता) पानीपत से स्थानांतरित कर करनाल का एसडीओ (सिविल) लगाया गया है।
अनिल कुमार यादव को विशेष अधिकारी (स्वच्छता) यमुनानगर से इंद्री का एसडीओ (सिविल) लगाया गया है।
सुशील कुमार-4, संयुक्त निदेशक (प्रशासन) फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन तथा सहकारी समितियों के ज्वाइंट रजिस्ट्रार, को यमुनानगर जिला परिषद एवं डीआरडीए का सीईओ तथा सहकारी समितियों का ज्वाइंट रजिस्ट्रार नियुक्त किया गया है।
धीरज चहल, संयुक्त निदेशक,एमएसएमई को खनन एवं भू-विज्ञान विभाग में संयुक्त निदेशक लगाया गया है।
अनिल कुमार दून, को विशेष अधिकारी (स्वच्छता) सोनीपत से पिहोवा का एसडीओ (सिविल) लगाया गया है।
अंकिता अधिकारी, जो हरियाणा राज्य फार्मेसी काउंसिल की रजिस्ट्रार थीं, को श्रम विभाग में संयुक्त श्रम आयुक्त (प्रशासन) का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।
अप्रतिम सिंह, सिटी सिटी मजिस्ट्रेट पलवल को हथीन का एसडीओ (सिविल) नियुक्त किया गया है।
प्रीति रावत, सिटी मजिस्ट्रेट चरखी दादरी, को पलवल का सिटी मजिस्ट्रेट बनाया गया है।
सुरेश, जो पोस्टिंग की प्रतीक्षा में थे, को शहीद हसन खान मेवाती राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय, नल्हड़ (नूंह) में संयुक्त निदेशक (प्रशासन) लगाया गया है।
डॉ. वैशाली शर्मा व रवि मीणा, आईएएस तथा अशोक कुमार व नसीब कुमार, एचसीएस के नियुक्ति आदेश बाद में जारी किए जाएंगे।
December 15, 2025

*संसद से सड़क तक SIR पर सियासी संग्राम, भाजपा ने विपक्ष के आरोपों को बताया झूठ का पुलिंदा*

*संसद से सड़क तक SIR पर सियासी संग्राम, भाजपा ने विपक्ष के आरोपों को बताया झूठ का पुलिंदा*
जींद : भाजपा ने संसद में मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर विपक्ष, विशेषकर कांग्रेस और इंडी गठबंधन पर तीखा हमला बोला है। SIR को लेकर जिला अध्यक्ष तजेंद्र सिंह ने अपने बयान में कहा कि संसद देश का सबसे बड़ा चर्चा मंच है और भाजपा किसी भी विषय पर चर्चा से कभी पीछे नहीं हटी, जबकि कांग्रेस की राजनीति हमेशा चर्चा से भागने की रही है,देश विदेश में प्रधानमंत्री की बढ़ती लोकप्रियता और जनहित में किए गए कार्यों के बाद अब विपक्ष के पास संसद में बहस के लिए कोई मुद्दा शेष नहीं बचा इसलिए कांग्रेस को SIR जैसी प्रक्रिया पर सवाल खड़े कर रही है ,आखिर SIR से कांग्रेस को क्या दिक्कत है यह कांग्रेस को भी स्पष्ट नहीं हो पा रहा है ,एक तरफ तो कांग्रेस मतदाता सूची को लेकर चुनाव आयोग पर सवाल खड़े कर रही है।  वहीं जब चुनाव आयोग यह सुनिश्चित कर रहा है कि कोई भी पात्र मतदाता छूट न जाए और न ही कोई अपात्र व्यक्ति मतदाता सूची में शामिल हो तब भी कांग्रेस के द्वारा सवाल खड़े किए जा रहे है ,कांग्रेस का यह मुद्दा सिर्फ घुसपैठियों को बचाने के लिए है जो भारत में रह कर भारत के खिलाफ ही साजिश करते है।
जिला अध्यक्ष तजेंद्र ढुल ने कहा कि नेहरू, इंदिरा गांधी, राजीव गांधी और सोनिया गांधी पर चर्चा के दौरान कांग्रेस ने कभी लोकसभा का बहिष्कार नहीं किया, लेकिन घुसपैठियों के मुद्दे पर चर्चा आते ही विपक्ष सदन से बाहर चला गया। पार्टी ने स्पष्ट किया कि चाहे विपक्ष सौ बार भी सदन का बहिष्कार करे, भाजपा एक भी घुसपैठिये को मतदान का अधिकार नहीं देने देगी।
उन्होंने कहा कि जब केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में SIR को लेकर कांग्रेस और इंडी गठबंधन के “झूठ” उजागर करने शुरू किए, तो राहुल गांधी सहित विपक्षी नेता चर्चा से भाग खड़े हुए इससे यह साफ है कि कांग्रेस के “मन में चोर है।
पिछले चार महीनों से विपक्ष SIR को लेकर देश की जनता को गुमराह कर रहा था, लेकिन सदन में चुनाव सुधार पर हुई चर्चा से कांग्रेस और इंडी गठबंधन का झूठ उजागर हो गया।
*संविधान ने चुनाव आयोग को दिया पूर्ण अधिकार*

तजेंद्र ढुल ने संविधान के अनुच्छेद 324, 325, 326 और 327 का हवाला देते हुए कहा कि स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव कराना, मतदाता सूची तैयार करना और उसमें सुधार करना चुनाव आयोग की संवैधानिक जिम्मेदारी है।
अनुच्छेद 326 के अनुसार मतदाता बनने की पहली शर्त भारतीय नागरिक होना है, विदेशी नहीं। इसी वैधता को सुनिश्चित करने के लिए SIR आवश्यक है अब कांग्रेस संविधान को भी मानने को तैयार नहीं है।
उन्होंने कहा कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी द्वारा यह कहे जाने पर कि चुनाव आयोग को गहन पुनरीक्षण का अधिकार नहीं है, जबकि अनुच्छेद 327 स्पष्ट रूप से चुनाव आयोग को मतदाता सूची तैयार करने और उसके मानक तय करने का अधिकार देता है।
*1952 से हो रहा है SIR, कांग्रेस सरकारों में भी हुआ*

तजेंद्र ढुल ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा ने आंकड़ों के साथ बताया कि SIR कोई नई प्रक्रिया नहीं है। 1952, 1957, 1961, 1965-66, 1983-84, 1987-89, 1992-95, 2002-03 और 2004 तक लगातार कांग्रेस सरकारों के दौरान गहन पुनरीक्षण होता रहा।
2004 के बाद पहली बार 2025 में SIR कराया जा रहा है, जिस पर अब सवाल खड़े किए जा रहे हैं।
*EVM पर भी कांग्रेस की दोहरी नीति*

भाजपा ने याद दिलाया कि EVM कांग्रेस सरकार के दौरान 1989 में लाई गई थी और 2004 व 2009 के चुनाव कांग्रेस ने EVM से ही जीते।
2014 के बाद हार का ठीकरा EVM पर फोड़ना कांग्रेस की राजनीति बन गई है।
चुनाव आयोग की बार-बार दी गई खुली चुनौतियों के बावजूद कोई भी EVM से छेड़छाड़ साबित नहीं कर सका।
तजेंद्र ढुल ने कहा कि मतदाता सूची नई हो या पुरानी, कांग्रेस और इंडी गठबंधन की हार तय है।
घुसपैठ, चुनाव सुधार, राम मंदिर, CAA, धारा 370 और राष्ट्रीय सुरक्षा जैसे मुद्दों पर विपक्ष के विरोध के कारण जनता भाजपा को समर्थन दे रही है।
इस मौके पर जिला अध्यक्ष तजेंद्र ढुल के साथ भाजपा जिला मीडिया प्रभारी राकेश बैरागी भी मौजूद रहे
December 15, 2025

अग्रवाल समाज के अध्यक्ष राजकुमार गोयल के प्रयासों का हुआ असर, देवीलाल चौक अंडरपास पर बैरियर लगने का काम शुरू, गोयल ने रेलवे विभाग को जताया आभार

अग्रवाल समाज के अध्यक्ष राजकुमार गोयल के प्रयासों का हुआ असर, देवीलाल चौक अंडरपास पर बैरियर लगने का काम शुरू, गोयल ने रेलवे विभाग को जताया आभार
जींद : देवीलाल चौक के पास बनाए गए छोटे अंडरपास को लेकर लंबे समय से चली आ रही लोगों की परेशानी पर आखिरकार समाधान की शुरुआत हो गई है। अखिल भारतीय अग्रवाल समाज हरियाणा के प्रदेश अध्यक्ष एवं प्रमुख समाजसेवी डॉ. राजकुमार गोयल की पहल के बाद रेलवे विभाग द्वारा अंडरपास के दोनों ओर बैरियर लगाने का काम शुरू कर दिया गया है जिसके चलते लोगों ने राहत की सांस ली है। इस काम के शुरू होने पर राजकुमार गोयल ने रेलवे विभाग का आभार जताया है।
राजकुमार गोयल पिछले कई दिनों से अंडरपास के दोनो तरफ बैरियर लगवाने के लिए प्रयासरत थे। जहां उन्होने जिला प्रशासन से यह बैरियर लगवाने की मांग की थी वही रेलवे विभाग के आला अधिकारियों से बातचीत कर पैदल यात्रियों की सुरक्षा और बढ़ते हादसों की आशंका से अवगत भी कराया था। राजकुमार गोयल के प्रयासों का असर है कि रेलवे विभाग ने संज्ञान लेते हुए आज अंडरपास के दोनों सिरों पर बैरियर लगाने का कार्य प्रारंभ कर दिया है। आज बैरियर लगाने के लिए खुदाई का काम शुरू हो गया है। मौके पर लोहे के बैरियर भी आ चूके है। अब जल्द ही यहा दोनो साइड बैरियर लगा दिए जाएंगे।  
गौरतलब है कि अंडरपास का निर्माण कार्य पूरा होने के बावजूद बैरियर न लगने से पैदल यात्री, महिलाएं और बुजुर्ग काफी समय से परेशान थे। यह अंडरपास केवल पैदल यात्रियों और दोपहिया वाहनों के लिए बनाया गया था, लेकिन बड़े वाहनों की आवाजाही से दुर्घटनाओं का खतरा बना हुआ था। बैरियर लगाने का कार्य शुरू होने से क्षेत्रवासियों में खुशी है और लोगों ने राहत की सांस ली है। डॉ. राजकुमार गोयल ने त्वरित कार्रवाई के लिए रेलवे विभाग के अधिकारियों का आभार जताते हुए कहा कि यह कदम जनहित और सार्वजनिक सुरक्षा की दिशा में महत्वपूर्ण है।
December 15, 2025

आजादी के आंदोलन में भी मीडिया की अहम् भूमिका रही है : आरती सिंह राव

आजादी के आंदोलन में भी मीडिया की अहम् भूमिका रही है : आरती सिंह राव 
- कहा , विश्वास ही प्रिंट मीडिया की सबसे बड़ी पूंजी है

- "ऑल इंडिया मीडिया मीट" में बतौर मुख्य अतिथि किया सम्बोधित 
चंडीगढ़ - हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि आजादी के आंदोलन में भी मीडिया की अहम् भूमिका रही है। आज सूचना के अनेक माध्यम हैं, लेकिन फिर भी लोगों का प्रिंट मीडिया पर विश्वास है , यह विश्वास ही प्रिंट मीडिया की सबसे बड़ी पूंजी है। 
स्वास्थ्य मंत्री आज चंडीगढ़ में "द कन्फेडरशन ऑफ़ न्यूज़पेपर एंड न्यूज़ एजेंसी एम्पलॉयज" ऑर्गेनाइजेशन की "ऑल इंडिया मीडिया मीट" में बतौर मुख्य अतिथि बोल रही थी। 
उन्होंने मीडिया को समाज का चौथा स्तंभ बताते हुए कहा कि स्वतंत्रता आंदोलन में  प्रिंट मीडिया ने सत्ता से प्रश्न पूछने का साहस किया और जनता की आवाज़ बनकर खड़ा हुआ। यही कारण है कि प्रिंट मीडिया का महत्व केवल खबरों तक सीमित नहीं रहा, बल्कि उसने समाज को सोचने, समझने और सही-गलत में फर्क करने की दृष्टि भी दी। 
स्वास्थ्य मंत्री ने प्रिंट मीडिया का महत्व बताते हुए कहा कि जब इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का विस्तार हुआ, विशेषकर टेलीविजन के माध्यम से खबरें घर-घर तक पहुँचने लगीं, तब यह माना जाने लगा कि अब प्रिंट मीडिया का प्रभाव कम हो जाएगा। लोगों को लगा कि तेज़ गति, दृश्य प्रभाव और लाइव रिपोर्टिंग के कारण टीवी समाचार पत्रों की जगह ले लेगा। उस समय कई विशेषज्ञों ने यह भी भविष्यवाणी की कि आने वाले वर्षों में अख़बार इतिहास बन जाएंगे। लेकिन समय ने यह साबित कर दिया कि ये आशंकाएँ पूरी तरह सही नहीं थीं। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के आगमन के बावजूद प्रिंट मीडिया की साख, विश्वसनीयता और गंभीरता बनी रही। 
उन्होंने सोशल मीडिया का जिक्र करते हुए कहा कि इस डिजिटल बूम के समय में एक बार फिर यह सवाल उठा कि क्या अब प्रिंट मीडिया की भूमिका सीमित हो जाएगी?
मगर सच्चाई यह है कि सोशल मीडिया के उभार के साथ-साथ प्रिंट मीडिया की जिम्मेदारी और भी बढ़ गई है। आज जब कोई बड़ी घटना घटती है, तो लोग सोशल मीडिया पर सबसे पहले उसकी चर्चा जरूर करते हैं, लेकिन अंतिम विश्वास वे अब भी प्रिंट मीडिया या विश्वसनीय समाचार स्रोतों पर ही करते हैं। 
आरती सिंह राव ने कहा कि प्रिंट मीडिया का सामाजिक महत्व पहले भी था, आज भी है और भविष्य में भी रहेगा। माध्यम बदल सकते हैं, तकनीक बदल सकती है, लेकिन सत्य, विश्वास और जिम्मेदारी की आवश्यकता कभी समाप्त नहीं होगी। और जब तक ये मूल्य ज़िंदा हैं, तब तक प्रिंट मीडिया की भूमिका को नकारा नहीं जा सकता।
उन्होंने हरियाणा सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त पत्रकारों को दी जा रही सुविधाओं की विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि हरियाणा सरकार द्वारा 15 हजार रूपये मासिक पेंशन दी जारी है और रोडवेज की बसों में एक वर्ष में 4000 किलोमीटर तक फ्री यात्रा की सुविधा दी जा रही है। 
इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कई नियमित रक्तदाताओं को सम्मानित भी किया।