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Thursday, June 11, 2026

June 11, 2026

जॉर्जिया से गैंगस्टर वैंकेट गर्ग का प्रत्यर्पण, STF हरियाणा की बड़ी कामयाबी

जॉर्जिया से गैंगस्टर वैंकेट गर्ग का प्रत्यर्पण, STF हरियाणा की बड़ी कामयाबी
अंबाला : स्पेशल टास्क फोर्स (STF) हरियाणा ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बड़ी सफलता हासिल करते हुए कुख्यात गैंगस्टर वैनकेट गर्ग का जॉर्जिया से भारत प्रत्यर्पण (Extradition) सुनिश्चित किया है। यह जॉर्जिया से भारत को किया गया पहला प्रत्यर्पण है तथा वर्ष 2026 में STF हरियाणा द्वारा कराया गया 10वां निर्वासन/प्रत्यर्पण है।

वैनकेट गर्ग (29) अंबाला जिले के नारायणगढ़ स्थित चंदना कॉलोनी का निवासी है और करीब 53 सदस्यों वाले संगठित अपराध गिरोह का सरगना बताया जाता है। उसका गैंग अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, पंचकूला और चंडीगढ़ में हत्या, हत्या के प्रयास, रंगदारी वसूली, अवैध हथियारों के उपयोग और अन्य संगठित अपराधों में संलिप्त रहा है।

पुलिस के अनुसार वैनकेट गर्ग एक उद्घोषित अपराधी (Proclaimed Offender) है, जिसके खिलाफ हरियाणा और चंडीगढ़ में कुल 34 आपराधिक मामले दर्ज हैं। भारत से फरार होने से पहले उसके खिलाफ 23 मामले दर्ज थे, जबकि विदेश भागने के बाद भी उसने अपने गैंग के जरिए आपराधिक गतिविधियां जारी रखीं, जिसके चलते 11 और मामले दर्ज हुए।

गैंग द्वारा किए गए प्रमुख अपराधों में नारायणगढ़ में BSP नेता हरबिलास की हत्या तथा अंबाला और यमुनानगर में रंगदारी से जुड़ी कई फायरिंग की घटनाएं शामिल हैं।

जांच में सामने आया कि वैनकेट गर्ग 10 दिसंबर 2024 को इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से संयुक्त अरब अमीरात (UAE) फरार हो गया था और बाद में 26 जनवरी 2025 को जॉर्जिया पहुंच गया। STF ने यह भी पाया कि उसने गुरुग्राम का फर्जी पता दिखाकर धोखाधड़ी से पासपोर्ट प्राप्त किया था। इस संबंध में थाना नारायणगढ़ में मामला दर्ज किया गया और STF की सिफारिश पर उसका पासपोर्ट 4 फरवरी 2025 को रद्द कर दिया गया।

उसकी गिरफ्तारी और भारत वापसी सुनिश्चित करने के लिए STF हरियाणा ने लुक आउट सर्कुलर (LOC), इंटरपोल रेड कॉर्नर नोटिस, उद्घोषित अपराधी घोषित कराने सहित कई कानूनी और अंतरराष्ट्रीय प्रक्रियाएं शुरू कीं। बाद में जॉर्जिया में उसकी मौजूदगी की पुष्टि होने पर प्रत्यर्पण की कार्रवाई आगे बढ़ाई गई।

यह सफल अभियान भारत सरकार के विदेश मंत्रालय, राष्ट्रीय केंद्रीय ब्यूरो (NCB)-नई दिल्ली, जॉर्जिया और कजाखस्तान स्थित भारतीय दूतावासों, इंटरपोल तथा विभिन्न विदेशी कानून प्रवर्तन एजेंसियों के सहयोग से संभव हो सका। STF हरियाणा ने इस कार्रवाई में सहयोग देने वाली सभी एजेंसियों और सरकारों का आभार व्यक्त किया है।

पुलिस अधीक्षक अंबाला और उनकी टीम के प्रयासों की भी विशेष सराहना की गई है। STF हरियाणा ने कहा कि संगठित अपराध और फरार अपराधियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा तथा देश-विदेश की एजेंसियों के सहयोग से ऐसे अपराधियों को कानून के कटघरे तक पहुंचाया जाएगा।
June 11, 2026

हरियाणा के राज्यपाल ने रोहतक अग्निकांड में मृतकों के परिजनों के लिए 2-2 लाख रुपये की अनुग्रह सहायता राशि देने की करी घोषणा, घायलों का सरकारी अस्पतालों में मुफ्त इलाज सुनिश्चित करे जिला प्रशासन

हरियाणा के राज्यपाल ने रोहतक अग्निकांड में मृतकों के परिजनों के लिए 2-2 लाख रुपये की अनुग्रह सहायता राशि देने की करी घोषणा

घायलों का सरकारी अस्पतालों में मुफ्त इलाज सुनिश्चित करे जिला प्रशासन
चंडीगढ़– हरियाणा के राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने रोहतक के डी-पार्क मार्केट क्षेत्र में आग लगने की दुखद घटना में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये की अनुग्रह सहायता राशि प्रदान करने की घोषणा की है।

9 जून को रोहतक के सबसे पुराने एवं व्यस्त बाजार क्षेत्रों में से एक डी-पार्क मार्केट में लगी भीषण आग की दुखद घटना में तीन लोगों की मृत्यु हो गई तथा अनेक दुकानें जलकर क्षतिग्रस्त हो गईं।

इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष ने शोक-संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं तथा दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना की। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की भी कामना की।

राज्यपाल ने उपायुक्त, रोहतक को घटना से हुए नुकसान का विस्तृत आकलन कर अति शीघ्र रिपोर्ट तैयार कर सरकार को भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रभावित लोगों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के लिए जिला प्रशासन तत्परता से कार्य करे।

 प्रो. असीम कुमार घोष ने जिला प्रशासन को यह भी निर्देश दिए कि घटना में घायल हुए सभी लोगों को सरकारी अस्पतालों में निःशुल्क चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित की जाए।
June 11, 2026

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने निभाया बड़ा वादा, 8वीं कक्षा के इतिहास पाठ्यक्रम में शामिल हुआ सिख गुरुओं का इतिहास

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने निभाया बड़ा वादा, 8वीं कक्षा के इतिहास पाठ्यक्रम में शामिल हुआ सिख गुरुओं का इतिहास
चंडीगढ़-हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने सिख समाज और प्रदेशवासियों से किया गया एक महत्वपूर्ण वादा पूरा करते हुए राज्य के विद्यालयों की कक्षा 8वीं के इतिहास पाठ्यक्रम में सिख गुरुओं व बाबा बन्दा सिंह बहादुर से जुड़े इतिहास को शामिल किया है। अब स्कूली बच्चे सिख गुरुओं के साथ—साथ बाबा बन्दा सिंह बहादुर जी के त्याग, बलिदान और आदर्शों से रूबरू होंगे।
मुख्यमंत्री ने हरियाणा में मनाए गए गुरु तेगबहादुर जी के 350वें शहीदी समागम के अवसर पर घोषणा की थी कि आने वाली पीढ़ियों को सिख इतिहास, गुरुओं के आदर्शों और उनके महान बलिदानों से परिचित कराने के लिए इन्हें विद्यालयी शिक्षा का हिस्सा बनाया जाएगा। अब सरकार ने इस घोषणा को अमलीजामा पहनाते हुए इसे पाठ्यक्रम में शामिल कर दिया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि गुरु नानक देव जी से लेकर गुरु गोबिंद सिंह जी तक सभी सिख गुरुओं ने मानवता, समानता, सेवा, करुणा, भाईचारे और सामाजिक न्याय का संदेश दिया। उन्होंने समाज को जाति, धर्म और वर्ग के भेदभाव से ऊपर उठकर मानव कल्याण के लिए कार्य करने की प्रेरणा दी। सिख गुरुओं की शिक्षाएं आज भी उतनी ही प्रासंगिक हैं, क्योंकि वे समाज में सद्भाव, नैतिक मूल्यों और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने का मार्ग दिखाती हैं।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि सिख गुरुओं और बाबा बंदा सिंह बहादुर का जीवन केवल एक समुदाय की धरोहर नहीं, बल्कि सम्पूर्ण राष्ट्र के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि बाबा बंदा सिंह बहादुर ने गुरु गोबिंद सिंह जी की प्रेरणा से अन्याय, अत्याचार और शोषण के विरुद्ध संघर्ष करते हुए समाज के कमजोर एवं वंचित वर्गों को सम्मान और अधिकार दिलाने का ऐतिहासिक कार्य किया। उनका जीवन साहस, नेतृत्व, राष्ट्रभक्ति और जनकल्याण की भावना का अद्वितीय उदाहरण है, जो आज भी युवाओं को सत्य और न्याय के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है।

श्री सैनी ने कहा कि वर्तमान समय में जब नई पीढ़ी को अपने गौरवशाली इतिहास और महान व्यक्तित्वों के आदर्शों से जोड़ने की आवश्यकता है, तब सिख गुरुओं और बाबा बंदा सिंह बहादुर के जीवन पर आधारित अध्याय विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा का माध्यम बनेंगे। इन अध्यायों के माध्यम से विद्यार्थियों में देशभक्ति, सेवा भाव, सामाजिक समरसता, नैतिक मूल्यों और जिम्मेदार नागरिकता की भावना का विकास होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार शिक्षा को केवल ज्ञान प्राप्ति का माध्यम नहीं, बल्कि संस्कार निर्माण का सशक्त साधन मानती है। इसी सोच के तहत विद्यालयी पाठ्यक्रम में ऐसे महापुरुषों के जीवन और शिक्षाओं को स्थान दिया जा रहा है, जिन्होंने राष्ट्र और समाज के लिए अनुकरणीय कार्य किए। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पहल विद्यार्थियों को अपनी सांस्कृतिक एवं ऐतिहासिक विरासत से जोड़ने के साथ-साथ उन्हें एक संवेदनशील, जागरूक और राष्ट्रहित के प्रति समर्पित नागरिक बनने की प्रेरणा देगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और ऐतिहासिक विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए निरंतर कार्य कर रही है और भविष्य में भी महान संतों, गुरुओं तथा राष्ट्रनायकों के आदर्शों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए सार्थक कदम उठाती रहेगी।

मुख्यमंत्री के ओएसडी डॉ प्रभलीन सिंह ने हरियाणा सरकार की इस महत्वपूर्ण पहल के लिए मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी का हार्दिक आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने सिख समुदाय की लंबे समय से लंबित और भावनात्मक रूप से जुड़ी मांग को पूरा कर समाज की भावनाओं का सम्मान किया है। यह निर्णय न केवल सिख समुदाय के लिए सम्मान और गौरव का विषय है, बल्कि प्रदेश सरकार की सभी वर्गों के प्रति संवेदनशीलता और समावेशी सोच को भी दर्शाता है।
June 11, 2026

हरियाणा सरकार ने ‘भविष्य विभाग’ के लिए मांगे आवेदन, प्रतिनियुक्ति के आधार पर भरे जाएंगे 35 पद

हरियाणा सरकार ने ‘भविष्य विभाग’ के लिए मांगे आवेदन

प्रतिनियुक्ति के आधार पर भरे जाएंगे 35 पद
चंडीगढ़-हरियाणा सरकार ने प्रशासनिक और तकनीकी दूरदर्शिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्थापित किए गए भविष्य विभाग को पूरी तरह क्रियाशील करने की कवायद तेज कर दी है। सरकार के वित्त विभाग ने इस नए निदेशालय के सुचारू संचालन के लिए विभिन्न श्रेणियों के कुल 35 नियमित पदों को मंजूरी दे दी है। इन पदों को अनुभवी कर्मियों से भरने के लिए सरकार ने राज्य के विभिन्न सरकारी विभागों, बोर्डों, निगमों और सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में कार्यरत योग्य अधिकारियों व कर्मचारियों से प्रतिनियुक्ति के आधार पर आवेदन आमंत्रित किए हैं।

इस भर्ती प्रक्रिया के तहत निदेशालय में विभिन्न श्रेणियों में नियुक्तियां की जाएंगी। इनमें उप निदेशक के 2 पद, निजी सचिव, लेखा अधिकारी, अधीक्षक और अनुभाग अधिकारी का 1-1 पद, सहायक निजी सचिव के 3 पद तथा सहायक, जूनियर स्केल स्टेनो, क्लर्क और ड्राइवर के 4-4 पद शामिल हैं। इसके अलावा, चपरासी, स्वीपर और चौकीदार के कुल 8 पदों को भी प्रतिनियुक्ति के माध्यम से भरा जाएगा।

सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, प्रतिनियुक्ति की प्रारंभिक अवधि एक वर्ष के लिए होगी, जिसे राज्य सरकार के मानक निर्देशों के अनुसार आगे बढ़ाया जा सकता है। यह व्यवस्था निदेशालय में नियमित भर्ती होने या प्रतिनियुक्ति अवधि समाप्त होने, जो भी पहले हो, तक लागू रहेगी। इस सेवा के दौरान चयनित उम्मीदवारों को उनके मूल विभाग के कार्यात्मक वेतनमान के अनुसार ही वेतन और भत्ते मिलते रहेंगे तथा उनकी सेवा शर्तें पूरी तरह से हरियाणा सिविल सेवा के नियमों के तहत ही संचालित होंगी।

इच्छुक और पात्र कर्मचारी अपने संबंधित विभागों के माध्यम से उचित माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। आवेदकों को अपने आवेदन पत्र के साथ पिछले 5 वर्षों की वार्षिक गोपनीय रिपोर्ट का सारांश और सतर्कता विभाग या अनुशासनात्मक मामलों से मुक्त होने का एक स्पष्ट अनापत्ति प्रमाण पत्र संग्लन करना अनिवार्य होगा। प्रक्रिया को गति देने के लिए कर्मचारी अपने आवेदन की एक अग्रिम प्रति सीधे विभाग की ईमेल आईडी  पर भी भेज सकते हैं, हालांकि अंतिम चयन केवल डाक द्वारा उचित माध्यम से प्राप्त भौतिक दस्तावेजों के आधार पर ही किया जाएगा।
June 11, 2026

हरियाणा सरकार ने ‘भविष्य विभाग’ के लिए मांगे आवेदन, प्रतिनियुक्ति के आधार पर भरे जाएंगे 35 पद

हरियाणा सरकार ने ‘भविष्य विभाग’ के लिए मांगे आवेदन

प्रतिनियुक्ति के आधार पर भरे जाएंगे 35 पद
चंडीगढ़-हरियाणा सरकार ने प्रशासनिक और तकनीकी दूरदर्शिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्थापित किए गए भविष्य विभाग को पूरी तरह क्रियाशील करने की कवायद तेज कर दी है। सरकार के वित्त विभाग ने इस नए निदेशालय के सुचारू संचालन के लिए विभिन्न श्रेणियों के कुल 35 नियमित पदों को मंजूरी दे दी है। इन पदों को अनुभवी कर्मियों से भरने के लिए सरकार ने राज्य के विभिन्न सरकारी विभागों, बोर्डों, निगमों और सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में कार्यरत योग्य अधिकारियों व कर्मचारियों से प्रतिनियुक्ति के आधार पर आवेदन आमंत्रित किए हैं।

इस भर्ती प्रक्रिया के तहत निदेशालय में विभिन्न श्रेणियों में नियुक्तियां की जाएंगी। इनमें उप निदेशक के 2 पद, निजी सचिव, लेखा अधिकारी, अधीक्षक और अनुभाग अधिकारी का 1-1 पद, सहायक निजी सचिव के 3 पद तथा सहायक, जूनियर स्केल स्टेनो, क्लर्क और ड्राइवर के 4-4 पद शामिल हैं। इसके अलावा, चपरासी, स्वीपर और चौकीदार के कुल 8 पदों को भी प्रतिनियुक्ति के माध्यम से भरा जाएगा।

सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, प्रतिनियुक्ति की प्रारंभिक अवधि एक वर्ष के लिए होगी, जिसे राज्य सरकार के मानक निर्देशों के अनुसार आगे बढ़ाया जा सकता है। यह व्यवस्था निदेशालय में नियमित भर्ती होने या प्रतिनियुक्ति अवधि समाप्त होने, जो भी पहले हो, तक लागू रहेगी। इस सेवा के दौरान चयनित उम्मीदवारों को उनके मूल विभाग के कार्यात्मक वेतनमान के अनुसार ही वेतन और भत्ते मिलते रहेंगे तथा उनकी सेवा शर्तें पूरी तरह से हरियाणा सिविल सेवा के नियमों के तहत ही संचालित होंगी।

इच्छुक और पात्र कर्मचारी अपने संबंधित विभागों के माध्यम से उचित माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। आवेदकों को अपने आवेदन पत्र के साथ पिछले 5 वर्षों की वार्षिक गोपनीय रिपोर्ट का सारांश और सतर्कता विभाग या अनुशासनात्मक मामलों से मुक्त होने का एक स्पष्ट अनापत्ति प्रमाण पत्र संग्लन करना अनिवार्य होगा। प्रक्रिया को गति देने के लिए कर्मचारी अपने आवेदन की एक अग्रिम प्रति सीधे विभाग की ईमेल आईडी  पर भी भेज सकते हैं, हालांकि अंतिम चयन केवल डाक द्वारा उचित माध्यम से प्राप्त भौतिक दस्तावेजों के आधार पर ही किया जाएगा।
June 11, 2026

हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के सफल कार्यान्वयन के लिए चुनावी अमले को दिया जा रहा है प्रशिक्षण- ए. श्रीनिवास

हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के सफल कार्यान्वयन के लिए चुनावी अमले को दिया जा रहा है प्रशिक्षण- ए. श्रीनिवास

नागरिकों की सहायता के लिए सभी जिलों में टोल-फ्री नंबर 1950 और हेल्प डेस्क किए चालू
चंडीगढ़- भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार हरियाणा में 'विशेष गहन पुनरीक्षण-2026' को पूरी तरह सफल, प्रभावी, पारदर्शी और त्रुटि रहित बनाने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्री ए. श्रीनिवास ने बताया कि इस प्रक्रिया को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए राज्य के सभी जिलों में निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों (ईआरओ), अतिरिक्त निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों (एईआरओ) और बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) के लिए 5 जून से 12 जून 2026 तक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।

 मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पूरी पुनरीक्षण प्रक्रिया को पारदर्शी और त्रुटि रहित बनाना है। प्रशिक्षण के दौरान बीएलओ  को मुख्य बिंदुओं पर विस्तृत जानकारी और निर्देश दिए जा रहे हैं, जैसे कि मृत या स्थानांतरित हो चुके मतदाताओं का सही सत्यापन करना, निर्वाचन आयोग की डिजिटल तकनीकों और ऐप्स के कुशल उपयोग पर प्रशिक्षण, शत-प्रतिशत पंजीकरण कर प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना ताकि कोई भी योग्य मतदाता अपने मताधिकार से वंचित न रहे, निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित समय सारणी (टाईम-लाइन) के भीतर सभी कार्य गंभीरता और जिम्मेदारी से पूरा करना शामिल है।

उन्होंने कहा कि बीएलओ जनता और निर्वाचन आयोग के बीच की सबसे मजबूत कड़ी हैं। उन्हें मतदाताओं के साथ प्रभावी संवाद स्थापित करने और हर पात्र नागरिक को इस प्रक्रिया से जोड़ना है।

उन्होंने कहा कि प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी जिलों में विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ लेवल एजेंटों  के लिए भी ओरिएंटेशन वर्कशॉप का आयोजन किया जा रहा है। इस वर्कशॉप का उद्देश्य उन्हें विशेष गहन पुनरीक्षण की बारीकियों, इसके उद्देश्य और प्रक्रिया में उनकी भूमिका व जिम्मेदारियों से अवगत कराना है, ताकि वे इस राष्ट्रीय कार्य में अपना सक्रिय सहयोग दे सकें।

 श्री ए. श्रीनिवास ने जानकारी दी कि मतदाताओं की सुविधा और उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए राज्य के सभी जिलों में टोल-फ्री नंबर 1950 चालू कर दिया गया है। इसके अलावा, सभी निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों के कार्यालयों में विशेष हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में अपने नाम की जांच कर सकते हैं, नए पंजीकरण (नाम जुड़वाने) के लिए आवेदन कर सकते हैं, पुराने रिकॉर्ड में आवश्यक संशोधन या सुधार करवा सकते हैं।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हेल्प डेस्क पर आने वाले नागरिकों को सभी आवश्यक प्रपत्र (फॉर्म) तुरंत उपलब्ध कराए जाएं और उनकी निर्वाचन संबंधी हर समस्या का मौके पर ही त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए।
June 11, 2026

हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के सफल कार्यान्वयन के लिए चुनावी अमले को दिया जा रहा है प्रशिक्षण- ए. श्रीनिवास

हरियाणा में विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के सफल कार्यान्वयन के लिए चुनावी अमले को दिया जा रहा है प्रशिक्षण- ए. श्रीनिवास

नागरिकों की सहायता के लिए सभी जिलों में टोल-फ्री नंबर 1950 और हेल्प डेस्क किए चालू
चंडीगढ़- भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार हरियाणा में 'विशेष गहन पुनरीक्षण-2026' को पूरी तरह सफल, प्रभावी, पारदर्शी और त्रुटि रहित बनाने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्री ए. श्रीनिवास ने बताया कि इस प्रक्रिया को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए राज्य के सभी जिलों में निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों (ईआरओ), अतिरिक्त निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों (एईआरओ) और बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) के लिए 5 जून से 12 जून 2026 तक विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।

 मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पूरी पुनरीक्षण प्रक्रिया को पारदर्शी और त्रुटि रहित बनाना है। प्रशिक्षण के दौरान बीएलओ  को मुख्य बिंदुओं पर विस्तृत जानकारी और निर्देश दिए जा रहे हैं, जैसे कि मृत या स्थानांतरित हो चुके मतदाताओं का सही सत्यापन करना, निर्वाचन आयोग की डिजिटल तकनीकों और ऐप्स के कुशल उपयोग पर प्रशिक्षण, शत-प्रतिशत पंजीकरण कर प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना ताकि कोई भी योग्य मतदाता अपने मताधिकार से वंचित न रहे, निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित समय सारणी (टाईम-लाइन) के भीतर सभी कार्य गंभीरता और जिम्मेदारी से पूरा करना शामिल है।

उन्होंने कहा कि बीएलओ जनता और निर्वाचन आयोग के बीच की सबसे मजबूत कड़ी हैं। उन्हें मतदाताओं के साथ प्रभावी संवाद स्थापित करने और हर पात्र नागरिक को इस प्रक्रिया से जोड़ना है।

उन्होंने कहा कि प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सभी जिलों में विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बूथ लेवल एजेंटों  के लिए भी ओरिएंटेशन वर्कशॉप का आयोजन किया जा रहा है। इस वर्कशॉप का उद्देश्य उन्हें विशेष गहन पुनरीक्षण की बारीकियों, इसके उद्देश्य और प्रक्रिया में उनकी भूमिका व जिम्मेदारियों से अवगत कराना है, ताकि वे इस राष्ट्रीय कार्य में अपना सक्रिय सहयोग दे सकें।

 श्री ए. श्रीनिवास ने जानकारी दी कि मतदाताओं की सुविधा और उनकी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए राज्य के सभी जिलों में टोल-फ्री नंबर 1950 चालू कर दिया गया है। इसके अलावा, सभी निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों के कार्यालयों में विशेष हेल्प डेस्क स्थापित किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में अपने नाम की जांच कर सकते हैं, नए पंजीकरण (नाम जुड़वाने) के लिए आवेदन कर सकते हैं, पुराने रिकॉर्ड में आवश्यक संशोधन या सुधार करवा सकते हैं।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि हेल्प डेस्क पर आने वाले नागरिकों को सभी आवश्यक प्रपत्र (फॉर्म) तुरंत उपलब्ध कराए जाएं और उनकी निर्वाचन संबंधी हर समस्या का मौके पर ही त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए।
June 11, 2026

रेणुका डैम बनने से हरियाणा को भी मिलेगा पानी

रेणुका डैम बनने से हरियाणा को भी मिलेगा पानी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री नायब सैनी व हिमाचल प्रदेश के प्रयासों से तेजी से चल रहा रेणुका डैम का कार्य
चण्डीगढ- हरियाणा सरकार जल्द ही सरस्वती नदी प्रोजेक्ट को पूरा कर प्रदेश के किसानों के लिए बहुत बड़ी सौगात देने जा रही है। इस प्रोजेक्ट को सरकार समयबद्ध तरीक़े से पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके अलावा रेणुका डैम को बनाने का कार्य भी तेजी से चल रहा है तथा जल्द आदिबद्री डैम का कार्य भी शुरू किया जाएगा।

सरस्वती नदी बोर्ड के अधिकारियों ने डिप्टी चेयरमैन धूमन सिंह किरमच के नेतृत्व में एचपीसीएल डैम प्रोजेक्ट अथॉरिटी के जीएम अनूप कुमार शर्मा सें कार्यालय में बैठक आयोजित कर आदिबद्री डैम, रेणुका डैम परियोजना से संबंधित कार्य को लेकर विस्तार से समीक्षा की। बैठक में एचपीपीसीएल के अधिकारियों ने जल्द आदिबद्री डैम का कार्य भी शुरू करने के लिए सहमति जताई। उन्होंने बताया कि डैम के साथ साथ बैराज का भी कार्य भी जल्द ही शुरू किया जाएगा।

डिप्टी चेयरमैन ने बताया कि मुख्यमंत्री एवं सरस्वती बोर्ड के चेयरमैन नायब सैनी के निर्देशानुसार दोनों परियोजनाओं का कार्य अंतिम स्टेज पर टेंडर प्रक्रिया में पहुँच गया। अब सरकार इस प्रक्रिया को पूर्णता लागू कर प्रदेश के किसानों के लिए ख़ुशख़बरी देने वाली है। वर्तमान में हरियाणा सरकार के प्रयासों से प्रदेश के किसानों के लिए पानी की उपलब्धता बढ़ी है और सरस्वती नदी में पानी चलने से सरस्वती नदी के आस पास क्षेत्र के किसानों के चेहरे खिले हैं। सरस्वती नदी प्रोजेक्ट भविष्य की रणनीति है जिस पर सरकार गंभीरता से प्रयास कर रही है।
June 11, 2026

दिव्यांगजनों के प्रशिक्षण कार्यक्रमों में मिलेगी सांकेतिक भाषा व्याख्या सहायता

दिव्यांगजनों के प्रशिक्षण कार्यक्रमों में मिलेगी सांकेतिक भाषा व्याख्या सहायता

अधिक सुगम और समावेशी होंगे सरकारी प्रशिक्षण कार्यक्रम

श्रवण बाधित तथा संचार संबंधी दिव्यांगताओं से ग्रस्त व्यक्तियों को होगी सहूलियत
चंडीगढ़-हरियाणा सरकार ने दिव्यांगजनों के लिए होने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रमों में सांकेतिक भाषा (साइन लैंग्वेज) व्याख्या सहायता उपलब्ध कराने की पहल की है।

मुख्य सचिव श्री अनुराग रस्तोगी ने इस संबंध में राज्य के सभी प्रशासनिक सचिवों को निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने केन्द्र सरकार के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) द्वारा जारी कार्यालय ज्ञापन को भेजते हुए दिव्यांगजनों के प्रशिक्षण कार्यक्रमों के दौरान सांकेतिक भाषा व्याख्या सहायता उपलब्ध कराने संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने को कहा है।

जारी पत्र के अनुसार, केंद्र सरकार ने श्रवण बाधित तथा संचार संबंधी अन्य दिव्यांगताओं से ग्रस्त व्यक्तियों के लिए सरकारी प्रशिक्षण कार्यक्रमों को अधिक सुगम और समावेशी बनाने की आवश्यकता पर बल दिया है।

कार्यालय ज्ञापन में दिव्यांगजन अधिकारों के मुख्य आयुक्त (सीसीपीडी) द्वारा की गई सिफारिशों का उल्लेख करते हुए प्रशिक्षण कार्यक्रमों में उपयुक्त सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा दिव्यांगजनों की समावेशी भागीदारी सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर बल दिया गया है।

सभी सरकारी विभागों और प्रशिक्षण संस्थानों को दिव्यांगजनों की भागीदारी वाले प्रशिक्षण सत्रों में सांकेतिक भाषा दुभाषियों तथा अन्य सुगम्यता सहायता सेवाओं की आवश्यकता का आकलन करने और आवश्यकता अनुसार उनकी व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं।

पत्र में कहा गया है कि श्रवण बाधित व्यक्तियों के लिए प्रभावी संवाद और सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने हेतु सांकेतिक भाषा व्याख्या एक अत्यंत महत्वपूर्ण सहायता तंत्र है। इस पहल का उद्देश्य सरकारी एजेंसियों द्वारा संचालित क्षमता निर्माण कार्यक्रमों, कौशल विकास पहलों तथा आधिकारिक प्रशिक्षण गतिविधियों तक दिव्यांगजनों की समान पहुंच सुनिश्चित करना है।
June 11, 2026

स्वास्थ्य विभाग और मेदांता फाउंडेशन के बीच हुआ समझौता

हरियाणा में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगी मजबूती

- स्वास्थ्य विभाग और मेदांता फाउंडेशन के बीच हुआ समझौता

- इस पहल से क्षेत्र में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य संकेतकों में उल्लेखनीय सुधार होगा : आरती सिंह राव
चंडीगढ़- हरियाणा में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में आज एक बड़ा कदम उठाया गया है। प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग ने आज महेंद्रगढ़ जिले के अटेली स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) के अपग्रेडेशन और संचालन को मजबूत करने के लिए 'मेदांता फाउंडेशन – पुअर एंड नीडी पेशेंट्स वेलफेयर ट्रस्ट' के साथ एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं।
एमओयू पर हस्ताक्षर होने के बाद हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव तथा मेदांता फाउंडेशन के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक डॉ नरेश त्रेहन इस एमओयू को एक्सचेंज किया।

इस अवसर पर स्वास्थ्य विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ सुमिता मिश्रा , मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च के निदेशक श्री यशेंद्र सिंह ,हरियाणा मेडिकल सर्विसेज कारपोरेशन लिमिटेड के प्रबंध निदेशक श्री मनोज कुमार , स्वास्थ्य सेवाएं विभाग के महानिदेशक डॉ मनीष बंसल , निदेशक डॉ ब्रह्मदीप भी उपस्थित थे।

 स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने इस एमओयू को प्रदेश के स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक कदम बताया। उन्होंने सरकार और मेदांता के इस सहयोग की सराहना करते हुए बताया कि यह सहयोग सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) के माध्यम से दूर-दराज के क्षेत्रों में स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे और स्वास्थ्य परिणामों को बेहतर बनाने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस पहल से क्षेत्र में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य संकेतकों में उल्लेखनीय सुधार होगा और लोगों को अपने घर के नजदीक ही बेहतरीन स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी।

उन्होंने बताया कि इस साझेदारी के तहत अटेली के स्वास्थ्य केंद्र को 50 बिस्तरों वाले उप-मंडल अस्पताल (सब-डिविजनल हॉस्पिटल) के रूप में अपग्रेड किया जाना प्रस्तावित है, जिसके बाद रेवाड़ी के मीरपुर और गुरुग्राम के फर्रुखनगर में भी इसी तरह के सुधार किए जाएंगे। इस रणनीतिक साझेदारी का मुख्य उद्देश्य बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाकर, विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करके, स्वास्थ्य कर्मियों की क्षमता निर्माण और सामुदायिक आउटरीच कार्यक्रमों के माध्यम से महिलाओं, नवजातों और बच्चों के लिए गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच को आसान बनाना है।
मेदांता फाउंडेशन के चेयरमैन डॉ नरेश त्रेहन ने बताया कि इस समझौते के तहत मेदांता फाउंडेशन अटेली में एक समर्पित सिजेरियन सेक्शन ऑपरेशन थिएटर की स्थापना, लेबर रूम का नवीनीकरण, अल्ट्रासाउंड और डायग्नोस्टिक उपकरणों की स्थापना के साथ-साथ मातृ एवं नवजात देखभाल सेवाओं को मजबूत करने और एक एनीमिया स्क्रीनिंग क्लिनिक स्थापित करने में पूरा सहयोग देगा।

स्वास्थ्य विभाग की अतिरिक्त मुख सचिव डॉ सुमिता मिश्रा ने बताया कि यह फाउंडेशन एक स्वीकृत सेवा प्रदाता के माध्यम से स्त्री रोग विशेषज्ञ, बाल रोग विशेषज्ञ, एनेस्थेटिस्ट और रेडियोलॉजिस्ट सहित विशेषज्ञ चिकित्सा जनशक्ति की उपलब्धता भी सुनिश्चित करेगा। इस अनूठी पहल से क्षेत्र के लोगों को प्रिवेंटिव और क्यूरेटिव आउटपेशेंट (OPD) सेवाएं, महिलाओं के लिए कैंसर स्क्रीनिंग, पॉइंट-ऑफ-केयर डायग्नोस्टिक टेस्टिंग, नवजातों के लिए 'कंगारू मदर केयर' (KMC) सुविधाएं, एम्बुलेंस सहायता और समुदाय में नियमित स्वास्थ्य आउटरीच कैंप जैसी महत्वपूर्ण सुविधाएं मिल सकेंगी।

उन्होंने जानकारी दी कि यह समझौता शुरुआत में तीन साल की अवधि के लिए किया गया है, जिसे आपसी सहमति से आगे भी बढ़ाया जा सकता है। इस व्यवस्था के तहत स्वास्थ्य विभाग आवश्यक बुनियादी ढांचा, उपयोगिताएं, दवाएं, प्रयोगशाला और डायग्नोस्टिक सहायता प्रदान करेगा, जबकि मेदांता फाउंडेशन तकनीकी विशेषज्ञता, उपकरण, क्षमता निर्माण और विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने में अपना योगदान देगा।

आरती सिंह राव ने विश्वास व्यक्त किया कि यह सहयोग हरियाणा में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने और राज्य के लोगों के लिए बेहतर स्वास्थ्य परिणाम सुनिश्चित करने के प्रयासों में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित होगा।
June 11, 2026

हरियाणा के 23 जिलों के 1100 श्रद्धालुओं ने हाथ में दीपक जलाकर की सोमनाथ की आराधना

हरियाणा के 23 जिलों के 1100 श्रद्धालुओं ने हाथ में दीपक जलाकर की सोमनाथ की आराधना

22 मिनट की श्री सोमनाथ महाआरती के दौरान भक्ति भाव में डूबे हरियाणा के श्रद्धालू

श्री सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट के मैनेजर अनिल मिस्त्री को भेंट किया मुख्यमंत्री नायब सिंह द्वारा भेजा गया स्मृति चिह्न
चंडीगढ़ - हरियाणा के 23 जिलों से गुजरात के सोमनाथ मंदिर पहुंचे लगभग 1100 श्रद्धालुओं ने बुधवार सायं हाथ में दीपक जलाकर भगवान सोमनाथ की महाआरती में शिरकत की। अरब सागर की लहरों की गर्जन के बीच आयोजित इस महाआरती का दृश्य इतना मनोहारी था कि हर व्यक्ति किसी दिव्य अहसास के साथ भक्ति भाव में डूबा हुआ था। इस दौरान हरियाणा के श्रद्धालू 45 मिनट के लाइट एंड साउंड के माध्यम से श्री सोमनाथ मंदिर के अद्भुत एवं अनोखे इतिहास से भी रूबरू हुए।
सूचना, जन संपर्क एवं भाषा विभाग, हरियाणा के अधिकारियों ने मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की तरफ से भेजे गए स्मृति चिह्न व शाल आदि सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट के मैनेजर अनिल मिस्त्री को भेंट किए। मंदिर ट्रस्ट ने आरती के दौरान हरियाणा की खुशहाली की कामना की।

उल्लेखनीय है कि हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने 8 जून को मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के अंतर्गत 1100 श्रद्धालुओं की स्पेशल ट्रेन को कुरुक्षेत्र से हरी झंडी दिखाकर गुजरात के सोमनाथ मंदिर के दर्शन के लिए रवाना किया था। इस यात्रा के श्रद्धालुओं ने बुधवार को सोमनाथ मंदिर पहुंचकर भगवान सोमनाथ के दर्शन किए। यहां सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट व गुजरात सरकार द्वारा श्रद्धालुओं के लिए सोमनाथ दर्शन व जलाभिषेक करवाने के लिए वीआईपी व्यवस्था की गई थी। वीआईपी व्यवस्था के बीच लगभग 1100 श्रद्धालुओं व सूचना जनसंपर्क एवं भाषा विभाग के अधिकारियों व स्टाफ के सदस्यों ने प्रथम ज्योतिर्लिंग के दर्शन किए और शिवलिंग पर जलाभिषेक किया। सभी श्रद्धालुओं को गुजरात सरकार व ट्रस्ट की तरफ से अंग वस्त्र व प्रसाद देकर सम्मानित किया गया।

इसके बाद मंदिर परिसर में भगवान सोमनाथ की  22 मिनट की महाआरती में श्रद्धालुओं ने हाथ में जलते दिये लेकर भागीदारी की और प्रदेश की खुशहाली की कामना की। तत्पश्चात श्रद्धालुओं को सोमनाथ मंदिर पर आधारित डॉक्यूमेंट्री फिल्में दिखाई गईं। इनके माध्यम से श्री सोमनाथ मंदिर के 1000 साल के इतिहास, आजादी के बाद मंदिर के जीर्णोद्धार के लिए किए गए कार्यों और प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए सोमनाथ स्वाभिमान पर्व और अन्य प्रयासों व उनके संदेश को दिखाया गया। इसके उपरांत लाइट एंड साउंड का शो के माध्यम से विदेशी आक्रांताओं द्वारा समय-समय पर किए गए मंदिर के विध्वंस की कहानी के साथ ही शिव भक्तों, महान शख्सियतों और सरकार द्वारा किए गए जीर्णोद्धार के कामों को बखूबी दर्शाया गया।
हरियाणा के श्रद्धालुओं को श्री सोमनाथ मंदिर के आसपास के तीर्थों व मंदिरों के दर्शन भी करवाए गए। गुजरात में श्रद्धालुओं के लिए खाने, रहने व यातायात की बेहतर व्यवस्था की गई थी। सभी श्रद्धालुओं ने दिल खोलकर इन व्यवस्थाओं की तारीफ की।
कार्यक्रम के अंत में हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी की तरफ से भेजे गए स्मृति चिह्न, शाल आदि को ट्रस्ट के मैनेजर अनिल मिस्त्री को भेंट किए गए। इस मौके पर आईपीआरओ सत्यपाल सिंह, कुरुक्षेत्र के डीआईपीआरओ डॉ. नरेंद्र सिंह, भिवानी के डीआईपीआरओ सुरेंद्र कुमार, अधीक्षक हाकिम सिंह, एआईपीआरओ बलराम शर्मा, एआईपीआरओ अक्षय कुमार, युवा विकास अधिकारी अश्विन सोलंकी, जिला विकास जिला युवा विकास अधिकारी गुजरात हरीश कुमार, स्टे वैल कंपनी के अधिकारी जयदीप सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।
June 11, 2026

पीएम मोदी ने कुशल नेतृत्व से बदली देश की तस्वीर: रामराजी शर्मा

पीएम मोदी ने कुशल नेतृत्व से बदली देश की तस्वीर: रामराजी शर्मा
 जींद : भाजपा प्रदेश प्रवक्ता राजराजी शर्मा ने प्रधानमंत्री के सबसे लंबे कार्यकाल पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि पीएम मोदी के नेतृत्व में कल के विकसित भारत की गारंटी है, आज का आकांक्षी भारत है। जारी बयान में रामराजी शर्मा ने कहा कि आकांक्षी भारत के गर्भ में विकसित भारत पल रहा है। आज के भारत की आकांक्षाएं बड़ी हैं, सपने बड़े हैं इसलिए उसके संकल्प और लक्ष्य भी उतने ही बड़े हैं। देश की आकांक्षाओं का वाहक हमारा मध्यम वर्ग है, नींव मध्य वर्ग है। इसलिए केंद्र व राज्य की सरकार मध्यम वर्ग की आकांक्षाओं को पूरा करने में लगी है। शर्मा ने कहा कि वर्ष 2014 से पहले मध्यम वर्ग कानून की उलझनों का सबसे बड़ा शिकार हुआ करता था। जटिल टैक्स सिस्टम, आमदनी के सीमित स्रोत और टैक्स का बड़ा बोझ, ये सब सामान्य व्यक्ति के रोजमर्रा के जीवन की चुनौती होती थी। भाजपा सरकार ने मध्यम वर्ग की आकांक्षाओं को समझा, इसलिए आज 12 लाख रुपये तक की आमदनी पूरी तरह से टैक्स फ्री है। आज देश में सरल और फेस लेस टैक्स सिस्टम है। अच्छे इंफ्रास्ट्रक्चर से आमजन का जीवन आसान हुआ है। उन्होंने कहा कि आज जब दुनिया के बड़े-बड़े देशों की अर्थव्यवस्था संघर्ष कर रही है, तब भी 2025-26 में भारत ने 7.7 प्रतिशत की ग्रोथ रेट हासिल की है और पिछला क्वाटर तो, जो 31 मार्च को खत्म हुआ है, उसमें भी भारत की ग्रोथ 7.8 प्रतिशत रही है। शर्मा ने कहा कि ये सफलता इतनी आसान नहीं है। पीएम मोदी के कुशल नेतृत्व में आज हमारा देश दुनिया की तेज गति से आगे बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था बन चुका है। शर्मा ने कहा कि 2014 के पहले के कई दशक बहुत अस्थिरता और उथल-पुथल से भरे हुए थे। इसका देश को बहुत नुकसान भी उठाना पड़ा, लेकिन अब देश की जनता एक स्थिर सरकार का काम भी देख रही है और उसकी निर्णायक क्षमताओं की प्रशंसक भी है। इसके लिए देश की जनता साधुवाद की पात्र है।

Wednesday, June 10, 2026

June 10, 2026

प्रदेश में खाद की कोई कमी नहीं होनी चाहिए : कृषि मंत्री - कहा ,जमाखोरी और कालाबाज़ारी करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई

प्रदेश में खाद की कोई कमी नहीं होनी चाहिए : कृषि मंत्री 
- कहा ,जमाखोरी और कालाबाज़ारी करने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई
चंडीगढ़- हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्री श्याम सिंह राणा ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि आगामी खरीफ फसलों के लिए प्रदेश में खाद की कोई कमी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सीजन शुरू होने से पहले ही खाद के पर्याप्त स्टॉक और वितरण की सभी व्यवस्थाएं समय रहते पूरी कर ली जाएं ताकि किसानों को लाइनों में न लगना पड़े और न ही किसी परेशानी का सामना करना पड़े।

बुधवार को चंडीगढ़ स्थित अपने कार्यालय में कृषि मंत्री श्री श्याम सिंह राणा की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में कृषि एवं किसान कल्याण विभाग, हैफेड और देश की विभिन्न प्रमुख खाद विक्रेता व उत्पादक कंपनियों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।

बैठक के दौरान कृषि मंत्री ने अधिकारियों से वर्तमान में खाद के स्टॉक की वस्तुस्थिति की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने आगामी खरीफ सीजन में खाद की संभावित मांग, आवक और आपूर्ति श्रृंखला को लेकर अधिकारियों और कंपनियों से महत्वपूर्ण सुझाव भी मांगे।

श्री श्याम सिंह राणा ने निर्देश दिए कि पिछले वर्ष के सफल और पारदर्शी अनुभव को देखते हुए इस बार भी खाद का वितरण 'मेरी फसल-मेरा ब्यौरा' पोर्टल पर आधारित होना चाहिए। किसानों ने पोर्टल पर जो फसल अपलोड की है, उसी के रकबे के अनुसार उन्हें खाद उपलब्ध कराई जाए, जिससे वास्तविक किसानों को बिना किसी बाधा के खाद मिल सके।

किसानों के शोषण को रोकने के लिए कृषि मंत्री ने अधिकारियों को फील्ड में कड़ी निगरानी रखने के आदेश दिए हैं। उन्होंने साफ शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि प्रदेश में खाद की जमाखोरी और कालाबाज़ारी को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। विभाग के अधिकारी खाद विक्रेताओं के स्टॉक की नियमित जांच करें। यदि कोई भी दुकानदार या डीलर इस मामले में दोषी या लिप्त पाया जाता है, तो उसके खिलाफ तुरंत प्रभाव से कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।

बैठक में कृषि मंत्री ने अपने व्यक्तिगत और दीर्घकालिक कृषि अनुभवों को साझा करते हुए अधिकारियों को एक आधुनिक दृष्टिकोण अपनाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि पारंपरिक तरीके की जगह अगर किसान फसलों में फव्वारा सिंचाई पद्धति  अपनाएं और खाद को पानी में मिलाकर सीधे पौधों की जड़ों तक पहुंचाएं, तो इसके दोहरे लाभ होंगे। इससे न केवल बहुमूल्य पानी की भारी बचत होगी, बल्कि खाद की सही और संतुलित मात्रा सीधे पौधों को मिलेगी, जिससे फसल की गुणवत्ता और पैदावार दोनों में सुधार होगा।

बैठक में मौजूद खाद उत्पादक और विक्रेता कंपनियों के प्रतिनिधियों ने कृषि मंत्री को राज्य में खाद की निर्बाध आपूर्ति का भरोसा दिलाया। कंपनियों के प्रतिनिधियों ने आश्वासन दिया कि वे सरकार की नीतियों के साथ तालमेल बिठाकर काम करेंगे और समय पर खाद का स्टॉक जिला स्तर पर सुनिश्चित करने के लिए हर संभव सहयोग देंगे।

इस बैठक में कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव  श्री विजयेंद्र कुमार, विभाग के महानिदेशक श्री राजनारायण कौशिक, हैफेड के प्रबंध निदेशक श्री अनीश यादव सहित विभाग के कई अन्य वरिष्ठ और तकनीकी अधिकारी उपस्थित रहे।
June 10, 2026

कृषि मौसम विज्ञान विभाग चौधरी चरणसिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार

कृषि मौसम विज्ञान विभाग चौधरी चरणसिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार 
मौसम पूर्वानुमान: हरियाणा राज्य में मौसम आमतौर पर 14 जून तक परिवर्तनशील रहने व बीच बीच में आंशिक बादलवाई तथा हवाओं की दिशा में बदलाव की संभावना है। इस दौरान पश्चिमीविक्षोभ 11 जून को पहाड़ों की तरफ बढ़ने तथा पंजाब के ऊपर एक साइक्लोनिक सरकुलेशन बनने की संभावना है जिसके आंशिक प्रभाव से 11 जून रात्रि  से 13 जून के दौरान हरियाणा राज्य में ज्यादातर क्षेत्रों में बीच बीच में तेज हवाएं चलने व कहीं कहीं गरजचमक के साथ हल्की बारिश की संभावना है। इस दौरान कुछ एक स्थानों पर मध्यम से तेज बारिश की भी संभावना बन रही है। इस दौरान दिन के तापमान में गिरावट परंतु रात्रि तापमान में बढ़ोतरी की संभावना है।

June 10, 2026

टैगोर थिएटर में गूंजा सफीदों का नाम! ‘संविधान के नायक’ ने लोकसभा अध्यक्ष से लेकर CM सैनी तक को किया प्रभावित

टैगोर थिएटर में गूंजा सफीदों का नाम! ‘संविधान के नायक’ ने लोकसभा अध्यक्ष से लेकर CM सैनी तक को किया प्रभावित
चंडीगढ़ :  कॉमनवेल्थ पार्लियामेंटरी एसोसिएशन (CPA) नॉर्थ ज़ोन सम्मेलन के दौरान टैगोर थिएटर में हरियाणा के सफीदों स्थित रास कला मंच ने ऐसा मंचन किया कि पूरा सभागार तालियों से गूंज उठा। कलाकारों ने अंकिता द्वारा लिखित और रवि मोहन द्वारा निर्देशित नाटक ‘संविधान के नायक’ की शानदार प्रस्तुति देकर संविधान के आदर्शों और लोकतांत्रिक मूल्यों का सशक्त संदेश दिया।
कार्यक्रम में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला, हरियाणा के राज्यपाल प्रो. आशीम कुमार घोष, पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ प्रशासक गुलाब चंद कटारिया, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, राज्यसभा उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह, विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण सहित 15 राज्यों की विधानसभाओं के अध्यक्ष और कई गणमान्य हस्तियां मौजूद रहीं।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने नाटक की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी प्रस्तुतियां संविधान के मूल्यों और राष्ट्रीय चेतना को मजबूत करने का कार्य करती हैं। वहीं शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने कहा कि इस प्रकार के नाटक विद्यार्थियों और युवाओं में संविधान, नागरिक कर्तव्यों और राष्ट्रप्रेम की भावना विकसित करने का प्रभावी माध्यम हैं।
नाटक की शुरुआत संविधान की प्रस्तावना के शब्द "हम भारत के लोग..." से हुई। कलाकारों ने समानता, स्वतंत्रता, न्याय और बंधुत्व जैसे संवैधानिक मूल्यों को जीवंत अभिनय के माध्यम से मंच पर उतारा। साथ ही "वसुधैव कुटुम्बकम्" और "सर्वे भवन्तु सुखिनः" जैसे भारतीय जीवन मूल्यों को संविधान की भावना से जोड़ते हुए सामाजिक समरसता और मानवता का संदेश दिया।
नाटक का अंतिम दृश्य इतना भावुक और प्रेरणादायक रहा कि दर्शक भाव-विभोर हो गए। कलाकारों ने संदेश दिया कि संविधान केवल कानूनों की किताब नहीं, बल्कि भारत की आत्मा और हर नागरिक का मार्गदर्शक है।
हरियाणा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्ण मिड्ढा ने कहा कि रास कला मंच ने अपनी प्रतिभा से पूरे क्षेत्र का गौरव बढ़ाया है। वहीं विधायक रामकुमार गौतम ने इसे राष्ट्रीय स्तर पर सफीदों और क्षेत्र का नाम रोशन करने वाली प्रस्तुति बताया। दोनों जनप्रतिनिधियों ने मांग की कि ‘संविधान के नायक’ नाटक का मंचन प्रदेश के सभी विधानसभा क्षेत्रों में कराया जाए ताकि संविधान का संदेश जन-जन तक पहुंचे।
June 10, 2026

सोशल मीडिया रील्स दिखाकर महिला कारोबारी ने की लाखों की धोखाधड़ी, पानीपत की परी रानी सूट्स की मालकिन पर केस दर्ज

सोशल मीडिया रील्स दिखाकर महिला कारोबारी ने की लाखों की धोखाधड़ी, पानीपत की परी रानी सूट्स की मालकिन पर केस दर्ज
पानीपत : पानीपत में सोशल मीडिया पर बढ़ती फैन फॉलोइंग और लेडीज सूट्स के विज्ञापनों का सहारा लेकर एक महिला कारोबारी ने चरखी दादरी की महिला के साथ लाखों रुपए की धोखाधड़ी को अंजाम दे डाला। पानीपत के थाना चांदनी बाग के अंतर्गत सेक्टर-23, TDI में संचालित परी रानी सूट्स की मालकिन रानी गाहल्याण के खिलाफ पुलिस ने जालसाजी और ब्लैकमेलिंग का मामला दर्ज किया है।

यह मामला चरखी दादरी की रहने वाली अंजू रानी की शिकायत पर सामने आया है। अंजू रानी ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि परी रानी सूट्स की मालकिन सोशल मीडिया पर बेहद सक्रिय रहती है और ऑनलाइन वीडियो के माध्यम से अपने लेडीज सूट्स का जमकर प्रचार करती है। वह अपने कपड़ों को बाजार से बिल्कुल अलग और नए डिजाइनों का बताती थी। उसकी इसी सोशल मीडिया प्रोफाइल और आकर्षक बातों से प्रभावित होकर वह 1 जनवरी को पानीपत स्थित उसकी दुकान पर सूट खरीदने आई थी।

शिकायत के अनुसार, पहली ही मुलाकात में आरोपी रानी गाहल्याण ने अंजू को अपने मीठे व्यवहार और बातों के जाल में फंसा लिया। रानी ने दावा किया कि उसके सूट किसी आम बाजार के नहीं होते, बल्कि उसकी अपनी निजी फैक्ट्री में तैयार किए जाते हैं, जहां उसने विशेष तौर पर सूरत आदि शहरों से कारीगर बुलाए हुए हैं। उसने अंजू को प्रलोभन दिया कि यदि वह भी कपड़ों का व्यापार करना चाहती है, तो वह उसे अपने ब्रांड परी रानी सूट्स की फ्रेंचाइजी दे देगी।

*मेरे नाम का बोर्ड लगाकर दुकान खोल लो:*

आरोपी महिला ने अंजू को बड़े-बड़े सपने दिखाते हुए कहा, सोशल मीडिया पर एक्टिव होने के कारण पूरे भारतवर्ष में मेरी तगड़ी फैन फॉलोइंग है। मेरे नाम का बोर्ड लगाकर तुम देश में कहीं भी दुकान खोल लो, तुम्हें अंधाधुंध मुनाफा होगा। अंजू का विश्वास जीतने के लिए आरोपी ने कुछ फर्जी कागजात भी दिखाए और दावा किया कि उसने पहले भी कई लोगों को फ्रेंचाइजी दी है, जो आज लाखों कमा रहे हैं। उसने यह भी आश्वासन दिया कि यदि कोई सूट कटा-फटा या डिफेक्टिव निकलेगा, या जो माल नहीं बिकेगा, उसे वापस लेकर पूरे पैसे लौटा दिए जाएंगे।

आरोपी के इस झांसे में आकर अंजू व्यापार करने के लिए तैयार हो गई। 2 फरवरी 2025 को रानी ने उसे दोबारा टीडीआई स्थित दुकान पर बुलाया और फ्रेंचाइजी फीस के नाम पर ₹8 लाख की मांग की। जब अंजू ने यह रकम बैंक ट्रांसफर या चेक के माध्यम से देनी चाही, तो आरोपी ने साफ मना कर दिया और कहा कि वह यह सिक्योरिटी अमाउंट सिर्फ और सिर्फ नकद ही लेगी। उसने भरोसा दिया कि जब भी फ्रेंचाइजी बंद होगी, यह ₹8 लाख वापस मिल जाएंगे। अंजू ने उसी दिन ₹3 लाख नकद दे दिए। इसके बाद 17 फरवरी को आरोपी ने फिर बुलाया और ₹1.50 लाख और ले लिए।

*एग्रीमेंट तक पढ़ने नहीं दिया:*

बची हुई ₹3.50 लाख की राशि के लिए अंजू ने अपने एक परिचित नवीन (निवासी गांव बैरवी, चरखी दादरी) से पैसे उधार लिए और पानीपत कोर्ट पहुंची। वहां आरोपी ने पहले से ही एक एग्रीमेंट तैयार करवा रखा था। जब अंजू उसे पढ़ने लगी, तो आरोपी ने नाटक करते हुए कहा कि उसे किसी जरूरी काम से बाहर जाना है, यह सिर्फ एक कागजी औपचारिकता है और एग्रीमेंट पढ़ने नहीं दिया।

अंजू ने उस पर भरोसा कर दस्तखत कर दिए और कुल ₹8 लाख नकद पूरे कर दिए। हालांकि, घर आकर जब अंजू ने एग्रीमेंट पढ़ा, तो उसके होश उड़ गए; उसमें सिर्फ ₹5 लाख के लेनदेन का जिक्र था। इस पर जब उसने आपत्ति जताई, तो आरोपी ने कहा कि यह सिर्फ टैक्स आदि से बचने की औपचारिकता है, तुम टेंशन मत लो।

*15 लाख के कटे-फटे सूट थमाए:*

धोखाधड़ी का असली खेल फ्रेंचाइजी शुरू होने के बाद बाहर आया। आरोपी रानी ने पहले पक्के GST बिल पर व्यापार करने की बात कही थी, लेकिन माल देने के बाद जब अंजू ने पक्के बिल मांगे, तो वह टालमटोल करने लगी। कुछ ही समय में आरोपी का व्यवहार पूरी तरह बदल गया और वह गाली-गलौज पर उतर आई।

अंजू ने जब बाजार में सर्वे किया, तो पता चला कि जो सूट रानी उसे दे रही थी, वे बाजार मूल्य से 2 से 3 गुना ज्यादा महंगे थे। अत्यधिक कीमत होने के कारण ग्राहकों ने अंजू की दुकान से कपड़े खरीदना बंद कर दिया। इतना ही नहीं, रानी द्वारा भेजे गए स्टॉक में करीब ₹15 लाख के सूट कटे-फटे और खराब रंग के निकले।

डीएसपी सतीश कुमार वत्स ने जानकारी देते हुए बताया कि सोशल मीडिया पर वीडियो बनाकर सूट बेचने के नाम पर और फ्रेंचाइजी के नाम पर लोगों से धोखाधड़ी करने की एक शिकायत मिली थी जिसके आधार पर चांदनी बाग थाना पुलिस में आरोपी परी रानी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। डीएसपी ने बताया कि शिकायतकर्ता ने लाखों रुपए की धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया है। फिलहाल मामले की गहनता से जांच की जा रही है, जल्द ही मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
June 10, 2026

सीआईडी में तैनात सब इंस्पेक्टर विनोद कुमार के बेटे अभिषेक ने विश्व योगासना चैंपियनशिप में जीते दो स्वर्ण पदक

सीआईडी में तैनात सब इंस्पेक्टर विनोद कुमार के बेटे अभिषेक ने विश्व योगासना चैंपियनशिप में जीते दो स्वर्ण पदक
जींद : सीआईडी जीन्द में सब इंस्पेक्टर के पद पर तैनात विनोद कुमार के बेटे अभिषेक ने भारतीय खेल प्राधिकरण द्वारा 4 से 8 जून तक अहमदाबाद में आयोजित प्रथम विश्व योगासना चैंपियनशिप में शानदार प्रदर्शन करते हुए दो स्वर्ण पदक जीतकर जिले एवं प्रदेश का नाम पूरे देश में रोशन किया है। शहर के आत्मा नगर भिवानी रोड निवासी अभिषेक ने राजस्थान के अर्जुन परिहार के साथ आर्टिस्टिक पेयर स्पर्धा में स्वर्ण पदक हासिल किया। इसके अलावा आर्टिस्टिक ग्रुप प्रतियोगिता में अभिषेक (जींद), अर्जुन (गुरुग्राम), अर्जुन परिहार (राजस्थान), प्रवीण पाठक (उत्तर प्रदेश) एवं अभय (चंडीगढ़) के साथ स्वर्ण पदक जीतकर देशभर में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।
अभिषेक ने इस विश्व योगासना चैंपियनशिप में कुल दो स्वर्ण पदक अपने नाम किए हैं। इससे पूर्व भी अभिषेक द्वितीय एशियन स्पोर्ट्स चैंपियनशिप दिल्ली में दो स्वर्ण पदक, 36वें राष्ट्रीय खेलों में रजत पदक, 37वें राष्ट्रीय खेलों में कांस्य पदक तथा 38वें राष्ट्रीय खेलों में एक स्वर्ण, एक रजत एवं एक कांस्य पदक जीत चुके हैं। अपनी इस उपलब्धि पर अभिषेक ने बताया कि इन सफलताओं का श्रेय हरियाणा योग आयोग के चेयरमैन व योगासन भारत के जनरल सेक्रेटरी डॉ. जयदीप आर्य के मार्गदर्शन को जाता है। उन्होंने अपने कोच चंद्रकांत मिश्रा एवं अंश चौधरी के कठिन परिश्रम तथा अनुज कौशिक और प्रियंका चौधरी के सहयोग एवं प्रेरणा के लिए भी आभार व्यक्त किया। अभिषेक की इस उपलब्धि पर खेल प्रेमियों, सामाजिक संगठनों तथा क्षेत्रवासियों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी हैं।
जींद के विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भी अभिषेक की इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर खुशी व्यक्त करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दी हैं। प्रममुख समाजसेवी डा. राजकुमार गोयल ने कहा कि अभिषेक ने विश्व स्तर पर दो स्वर्ण पदक जीतकर न केवल जींद बल्कि पूरे हरियाणा का गौरव बढ़ाया है। उनकी यह सफलता जिले के युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि कठिन परिश्रम, अनुशासन और समर्पण के बल पर अभिषेक ने जो मुकाम हासिल किया है वह अन्य खिलाड़ियों को भी आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगा। उन्होंने अभिषेक उनके परिवार तथा प्रशिक्षकों को इस शानदार उपलब्धि के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।

Tuesday, June 9, 2026

June 09, 2026

भारतीय थाली बढ़ा रही है डायबिटीज का खतरा! किन लोगों के लिए सही नहीं है दाल-रोटी

भारतीय थाली बढ़ा रही है डायबिटीज का खतरा! किन लोगों के लिए सही नहीं है दाल-रोटी
Haryana Bulletin News Desk : भारतीय खाने की पहचान उसकी संतुलित और स्वादिष्ट थाली से होती है। दाल, रोटी, चावल, सब्जी और सलाद से सजी थाली सदियों से हमारे खानपान का हिस्सा रही है। लेकिन बदलती जीवनशैली और तेजी से बढ़ रहे डायबिटीज के मामलों के बीच अब यह सवाल उठने लगा है कि क्या पारंपरिक भारतीय थाली भी ब्लड शुगर बढ़ाने का कारण बन सकती है विशेषज्ञों का कहना है कि समस्या भारतीय थाली में नहीं, बल्कि उसे खाने के तरीके और मात्रा में छिपी हुई है। अगर सही संतुलन न रखा जाए तो यही थाली कुछ लोगों के लिए स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों की वजह बन सकती है।
*क्या सच में डायबिटीज बढ़ा सकती है भारतीय थाली*

भारत दुनिया के उन देशों में शामिल है जहां डायबिटीज के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऐसे में डॉक्टर और डाइट एक्सपर्ट अब खानपान की आदतों पर विशेष ध्यान दे रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार दाल, रोटी और चावल अपने आप में नुकसानदायक नहीं हैं। ये सभी संतुलित आहार का हिस्सा हैं। परेशानी तब शुरू होती है जब एक ही समय में जरूरत से ज्यादा कार्बोहाइड्रेट का सेवन किया जाता है और थाली में प्रोटीन व फाइबर की मात्रा कम रह जाती है।
*भारतीय थाली में कहां हो रही है सबसे बड़ी गलती?*

अक्सर देखा जाता है कि लोग एक ही भोजन में दो-तीन रोटियां, एक कटोरी चावल, आलू वाली सब्जी और कभी-कभी मिठाई भी खा लेते हैं। यानी एक ही प्लेट में कई कार्बोहाइड्रेट स्रोत शामिल हो जाते हैं। जब शरीर को एक साथ इतनी अधिक मात्रा में कार्ब्स मिलते हैं, तो ब्लड शुगर तेजी से बढ़ सकता है। लंबे समय तक यही आदत बनी रहे तो मोटापा, इंसुलिन रेजिस्टेंस और डायबिटीज जैसी समस्याओं का जोखिम बढ़ सकता है।
*किन लोगों को ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है*

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक कुछ लोगों को अपनी थाली पर विशेष ध्यान देना चाहिए। इनमें शामिल हैं

*प्रीडायबिटीज से जूझ रहे लोग*

*डायबिटीज के मरीज*

*मोटापे से परेशान लोग*

*हाई ब्लड प्रेशर वाले व्यक्ति*

*इंसुलिन रेजिस्टेंस की समस्या वाले लोग*

इन लोगों के लिए भोजन में कार्बोहाइड्रेट की मात्रा नियंत्रित रखना बेहद जरूरी माना जाता है।
*प्रोटीन और फाइबर की कमी बन रही बड़ी समस्या*

आजकल अधिकांश लोगों की थाली में कार्बोहाइड्रेट तो भरपूर होता है, लेकिन प्रोटीन और फाइबर पर्याप्त मात्रा में नहीं होते। कई लोग रोटी और चावल तो भरपेट खाते हैं, लेकिन दाल, पनीर, दही, अंडे, मछली या अन्य प्रोटीन युक्त चीजें कम मात्रा में लेते हैं। वहीं हरी सब्जियां और सलाद को सिर्फ औपचारिकता समझकर खाया जाता है। यही असंतुलन धीरे-धीरे स्वास्थ्य पर असर डाल सकता है।
*बदलती लाइफस्टाइल भी है जिम्मेदार*

कुछ दशक पहले लोगों की दिनचर्या काफी सक्रिय हुआ करती थी। खेतों में काम करना, पैदल चलना और शारीरिक श्रम करना आम बात थी। ऐसे में शरीर अतिरिक्त कैलोरी को आसानी से खर्च कर देता था। लेकिन आज की जीवनशैली काफी बदल चुकी है। घंटों ऑफिस में बैठकर काम करना, कम शारीरिक गतिविधि और प्रोसेस्ड फूड का बढ़ता सेवन शरीर पर अतिरिक्त दबाव डाल रहा है। ऐसे में भोजन का सही संतुलन पहले से ज्यादा जरूरी हो गया है।
*क्या दाल-रोटी और चावल खाना छोड़ देना चाहिए*

इस सवाल का जवाब है बिल्कुल नहीं। विशेषज्ञों का मानना है कि दाल, रोटी और चावल भारतीय आहार का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं और इन्हें पूरी तरह छोड़ने की जरूरत नहीं है। बल्कि इन्हें सही मात्रा और संतुलन के साथ खाने की जरूरत है। अगर थाली में पर्याप्त मात्रा में सलाद, हरी सब्जियां, दाल, दही और अन्य प्रोटीन स्रोत शामिल किए जाएं, तो भोजन अधिक संतुलित और स्वास्थ्यवर्धक बन सकता है।
*स्वस्थ भारतीय थाली कैसी होनी चाहिए*

एक संतुलित थाली में आधी प्लेट सब्जियां और सलाद एक चौथाई हिस्सा प्रोटीन (दाल, पनीर, दही, अंडे आदि) एक चौथाई हिस्सा कार्बोहाइड्रेट (रोटी या चावल) शामिल होना चाहिए। इस तरह का संतुलन ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने में मदद कर सकता है और लंबे समय तक बेहतर स्वास्थ्य बनाए रखने में सहायक हो सकता है।

Monday, June 8, 2026

June 08, 2026

प्राकृतिक कृषि मिशन को आगे बढ़ाने के लिए समर्पित प्रयास आवश्यक हैं : राज्यपाल श्री आचार्य देवव्रत

प्राकृतिक कृषि मिशन को आगे बढ़ाने के लिए समर्पित प्रयास आवश्यक हैं : राज्यपाल श्री आचार्य देवव्रत
चंडीगढ़ - गुजरात के राज्यपाल श्री आचार्य देवव्रत ने कहा कि प्राकृतिक कृषि मिशन को आगे बढ़ाने के लिए समर्पित प्रयास आवश्यक हैं , अगर इस तरफ ध्यान नहीं दिया गया तो जमीन बंजर हो जाएगी।

 वे आज कुरुक्षेत्र में हरियाणा के कृषि एवं किसान कल्याण विभाग द्वारा प्राकृतिक खेती को बढ़ावा एवं क्लस्टर गठन कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित "कृषि कार्यशाला" में बतौर मुख्य अतिथि सम्बोधित कर रहे थे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ,हरियाणा के कृषि मंत्री श्री श्याम सिंह राणा भी उपस्थित थे।

राज्यपाल श्री आचार्य देवव्रत ने इस बात पर जोर दिया कि प्राकृतिक कृषि अब देश की सबसे बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने स्वतंत्रता के बाद के उस दौर को याद किया जब कृषि वैज्ञानिकों ने खाद्य आत्मनिर्भरता के लिए प्रति हेक्टेयर 13 किलोग्राम नाइट्रोजन के प्रयोग की सलाह दी थी। इसके विपरीत, वर्तमान में प्रति एकड़ 13 बोरी रासायनिक उर्वरकों का प्रयोग किया जाता है। यूरिया, डीएपी और कीटनाशकों के बढ़ते उपयोग के साथ-साथ गंभीर बीमारियों में भी वृद्धि हुई है।

उन्होंने इस बात पर बल दिया कि केवल रासायनिक उर्वरकों का उपयोग बढ़ाने से उत्पादन में वृद्धि नहीं होगी; बल्कि प्राकृतिक कृषि के माध्यम से मृदा उर्वरता बढ़ाना आवश्यक है।

राज्यपाल ने कहा कि किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित और प्रोत्साहित करने हेतु प्रशिक्षण अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने कृषि विभाग के सभी अधिकारियों और राज्य विश्वविद्यालयों के कृषि वैज्ञानिकों से इस प्रयास में सहयोग करने का आग्रह किया। हरियाणा सरकार द्वारा किसानों के लिए आयोजित किये जा रहे प्रशिक्षण की सराहना की।

उन्होंने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में पूरा देश प्राकृतिक खेती के बारे में जानने और उसे अपनाने के लिए उत्सुक है, और हरियाणा को भी इसमें अग्रणी भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने कार्यशाला में किसानों से पूछा, क्या हम अपने बच्चों के लिए बंजर भूमि छोड़ देंगे? क्या हम उन्हें प्रदूषित हवा और पानी के साथ छोड़ देंगे? क्या हम सभी को गंभीर बीमारियों के साथ छोड़ देंगे? क्या हम किसानों को कर्ज में डूबे रहने देंगे? अगर हम इस स्थिति को बदलना चाहते हैं, तो प्राकृतिक खेती को अपनाना अनिवार्य है।
राज्यपाल ने चेतावनी दी कि रासायनिक उर्वरकों के अत्यधिक उपयोग से मिट्टी की उर्वरता लगातार घट रही है और देश की भूमि का ऑर्गेनिक कार्बन स्तर गंभीर रूप से कम हो गया है, जिससे भूमि बंजर होने की स्थिति में पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते सुधार नहीं किया गया, तो आने वाली पीढ़ियों के लिए न तो शुद्ध भोजन उपलब्ध रहेगा और न ही पीने योग्य पानी।

उन्होंने रासायनिक खेती के दुष्प्रभावों का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे पर्यावरण प्रदूषण बढ़ रहा है, जल स्रोत दूषित हो रहे हैं और कैंसर, हृदय रोग तथा किडनी फेलियर जैसी बीमारियों में वृद्धि देखी जा रही है।

प्राकृतिक खेती को समाधान बताते हुए उन्होंने कहा कि यह देशी गाय आधारित, कम लागत वाली और पर्यावरण के अनुकूल पद्धति है। इसमें गोबर, गोमूत्र, गुड़ और बेसन जैसे साधारण तत्वों से सूक्ष्म जीवाणुओं की वृद्धि कर मिट्टी की उर्वरता बढ़ाई जाती है।

आचार्य देवव्रत ने कहा कि प्राकृतिक खेती ही एकमात्र विकल्प है जो इन सभी समस्याओं का समाधान कर सकता है। उन्होंने किसानों से आग्रह किया कि वे अपनी जमीन के छोटे से हिस्से पर भी प्राकृतिक खेती शुरू करें।
June 08, 2026

चुटकुलों से सरकार नहीं, सिनेमा हॉल चल सकते हैं: नायब सिंह सैनी

चुटकुलों से सरकार नहीं, सिनेमा हॉल चल सकते हैं: नायब सिंह सैनी

हरियाणा के मुख्यमंत्री ने धूरी की ऐतिहासिक धरती से फूंका परिवर्तन का बिगुल, पंजाब में डबल इंजन सरकार बनाने का किया आह्वान

कहा, पंजाब की जनता ‘आप’ के झूठे वादों व खोखले आश्वासनों से ऊब चुकी

आम आदमी पार्टी के नेताओं को क्रांतिकारी नहीं, बल्कि भ्रांतिकारी बताया
चंडीगढ़- हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने रविवार को पंजाब के धूरी में आयोजित विशाल जनसभा में राज्य में राजनीतिक परिवर्तन का आह्वान करते हुए कहा कि पंजाब के मुख्यमंत्री को चुटकुलों के अलावा कुछ और नहीं आता। चुटकुलों से सिनेमा हॉल तो चल सकते हैं लेकिन सरकार नहीं चल सकती। यही कारण है कि पंजाब की जनता अब सरकार के झूठे वादों और खोखले आश्वासनों की राजनीति से ऊब चुकी है और विकास, सुशासन तथा पारदर्शी प्रशासन की नई राह चुनने के लिए तैयार है। जनसभा में उमड़े भारी जनसमूह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि धूरी की जनता का उत्साह इस बात का स्पष्ट संकेत है कि प्रदेश में बदलाव की मजबूत लहर चल रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आम आदमी पार्टी के नेता अपने आप को क्रांतिकारी बताते हैं लेकिन वास्तव में ये भ्रांतिकारी हैं जो अपनी कमियों को छिपाने के लिए दूसरों के कामों व उपलब्धियों के संबंध में जनता को भ्रमित करने का काम करते हैं। उन्होंने कहा कि धूरी मुख्यमंत्री का निर्वाचन क्षेत्र है लेकिन मुख्यमंत्री तो पंजाब ही नहीं बल्कि धूरी से भी दूरी बना चुके हैं। पंजाब कभी विकास के मामले में अन्य राज्यों से काफी आगे होता था जिसे यहां की राजनीतिक पार्टियों ने अपने निजी स्वार्थ के चलते पिछड़े राज्यों की श्रेणी में लाकर खड़ा कर दिया है। आज पंजाब में नशे के विरुद्ध युद्ध केवल अखबारों में विज्ञापन देकर ही लड़ा जा रहा है, धरातल पर कुछ काम नहीं हो रहा है।

 श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब का किसान देश का अन्नदाता है। इस अन्नदाता ने 2022 में ‘आप’ पार्टी पर भरोसा करके उसे वोट दिया लेकिन पंजाब में न तो किसानों की सभी फसलों को एमएसपी का लाभ मिला और न ही खराबे का उचित मुआवजा दिया जाता है। यह किसानों के साथ किया गया सबसे बड़ा विश्वासघात है जिसका जवाब किसान भाई आने वाले चुनाव में आम आदमी पार्टी को देंगे। इसके विपरीत हरियाणा देश का पहला राज्य है जहां सरकार अपने किसानों की सभी फसलों को एमएसपी पर खरीदती है। इसी प्रकार प्राकृतिक आपदा में किसान के नुकसान की भरपाई में भी हरियाणा सरकार काफी आगे है। पिछले साल हुई बरसात व बाढ़ से फसल खराब होने पर हरियाणा में किसानों को 16500 करोड़ रुपये की आर्थिक मदद की गई है। फसल बेचने मंडी में आने वाले किसानों को जे-फार्म तुरंत ऑनलाइन मिलता है और 72 घंटे के भीतर फसल का पैसा किसान के खाते में भिजवा दिया जाता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब ने मुश्किल से कांग्रेस से पीछा छुड़वाया था, क्योंकि आम आदमी पार्टी ने यहां के लोगों से बड़े-बड़े वादे किए और उन्हें सब्जबाग दिखाए। पंजाब के भोले लोग इनकी बातों में आ गए जिसका नुकसान पंजाब आज तक उठा रहा है। इसके विपरीत भारतीय जनता पार्टी केवल वादे करने में नहीं, बल्कि उन्हें धरातल पर उतारने में विश्वास रखती है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हुए विकास कार्यों का उल्लेख करते उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने गरीब, किसान, युवा, महिला और वंचित वर्ग के कल्याण के लिए अनेक ऐतिहासिक योजनाएं लागू की हैं, जिनका लाभ करोड़ों लोगों तक पहुंचा है। मोदी जी चाहते हैं कि भारत विकसित बने। यदि पंजाब की जनता ठान ले और भाजपा का साथ दे तो पंजाब भी विकसित राज्य बन सकता है।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा में पारदर्शी शासन और मेरिट आधारित व्यवस्था के माध्यम से युवाओं को बिना पर्ची और बिना खर्ची के रोजगार उपलब्ध कराए गए हैं। पिछले साढ़े 11 साल में हरियाणा में लगभग लाखों युवाओं को योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरियां मिली हैं, जिससे व्यवस्था में जनता का विश्वास बढ़ा है। उन्होंने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं तथा गरीब परिवारों को राहत पहुंचाने वाली कल्याणकारी पहलों का भी उल्लेख किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब को ऐसी सरकार की आवश्यकता है जो केवल घोषणाएं न करे, बल्कि उन्हें प्रभावी ढंग से लागू करने की क्षमता भी रखती हो। प्रदेश के किसानों, युवाओं, व्यापारियों और आम नागरिकों की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए मजबूत नेतृत्व और जवाबदेह शासन की जरूरत है। पंजाब में केवल भाजपा ही सुशासन ला सकती है और पंजाब को विकास, निवेश, रोजगार और आधारभूत ढांचे के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकती है। हरियाणा में भाजपा ने चुनाव घोषणा पत्र में 217 संकल्प लिए थे जिनमें से 63 संकल्प पहले साल में ही पूरे कर लिए गए और 153 संकल्पों पर तेज गति से काम चल रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब में धूरी जैसे प्रगतिशील शहर आर्थिक गतिविधियों के केंद्र बिंदू रहे हैं लेकिन वर्तमान सरकार की उदासीन नीतियों ने इन शहरों को विकास की दौड़ में पीछे कर दिया है। पंजाब में अधिकतर उद्योग बंद होने की कगार पर पहुंच गए हैं। इसके विपरीत हरियाणा में डबल इंजन सरकार ने बीते साढ़े 11 साल में जो काम किए हैं वे आमजन के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाए हैं। सरकार ने पारदर्शी शासन व्यवस्था लागू करके बिना भेदभाव योजनाओं का लाभ हर व्यक्ति तक पहुंचाया है।

श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा आज हर क्षेत्र में विकास की नई ऊंचाइयां छू रहा है। उन्होंने तुलना करते हुए बताया कि पंजाब में 80 हजार रुपये तक की सालाना आमदनी वाले परिवारों के बुजुर्गों को केवल 1500 रुपये महीना वृद्धावस्था पेंशन मिल रही है जबकि हरियाणा में 3 लाख रुपये तक की आमदनी वाले परिवारों के बुजुर्गों को 3200 रुपये महीना पेंशन दी जा रही है। इसी प्रकार हरियाणा में पिछले साढ़े 11 साल में जरूरतमंद परिवारों को 1.60 लाख मकान दिए गए हैं और साढ़े 10 हजार नए मकान बनकर तैयार हैं जिन्हें जल्द ही लाभार्थियों को सौंप दिया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में बहन-बेटियों को ‘दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना’ के तहत प्रतिमाह 2100 रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की जा रही है। गरीब महिलाओं को रसोई चलाने के लिए हर महीने केवल 500 रुपये में सिलेंडर दिया जा रहा है। इसके अलावा 3 करोड़ की आबादी वाले हरियाणा में 1.5 करोड़ लोगों को आयुष्मान भारत व चिरायु योजना के तहत प्रतिवर्ष 5 लाख रुपये तक के निःशुल्क इलाज का लाभ मिल रहा है जबकि पंजाब के मोहल्ला क्लीनिक में लोगों को न तो दवाइयां मिलती है और न ही डॉक्टर।

उन्होंने जनता से आगामी विधानसभा चुनावों में भाजपा को अवसर देने की अपील करते हुए कहा कि आने वाला चुनाव केवल सरकार चुनने का नहीं, बल्कि पंजाब के भविष्य, युवाओं के रोजगार, किसानों की समृद्धि और प्रदेश के समग्र विकास का चुनाव है। उन्होंने कहा कि जनता का प्रत्येक वोट पंजाब में एक मजबूत और विकासोन्मुख डबल इंजन सरकार के गठन की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने उपस्थितगण को पंजाब में सुशासन, विकास और जनकल्याण को केंद्र में रखकर नई राजनीतिक दिशा देने का संकल्प भी दिलाया।

इस अवसर पर भाजपा के नवनियुक्त प्रदेशाध्यक्ष सरदार केवल सिंह ढिल्लों, प्रदेश उपाध्यक्ष सुभाष शर्मा, रणदीप सिंह दयोल, जिलाध्यक्ष सरजीवन जिंदल, डॉ. ओमकार सिंह, सरदार सतवंत सिंह पूनिया, सुखविंद्र ग्रेवाल व नृपेंद्र सिंह बड़ी संख्या में भाजपा नेता भी उपस्थित थे।
June 08, 2026

सत्ता हमारे लिए सुख भोगने का साधन नहीं, बल्कि सेवा का माध्यम है: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

सत्ता हमारे लिए सुख भोगने का साधन नहीं, बल्कि सेवा का माध्यम है: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

मुख्यमंत्री ने नारनौल में ‘नमो कमल’ का किया उद्घाटन

कहा: नारनौल और महेंद्रगढ़ क्षेत्र में सड़क संपर्क व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है
चंडीगढ़- हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि सत्ता हमारे लिए सुख भोगने का साधन नहीं, बल्कि सेवा का माध्यम है। पूर्ववर्ती सरकारों द्वारा दक्षिण हरियाणा के साथ किए गए भेदभाव को वर्तमान सरकार ने समाप्त किया है। राज्य सरकार ने विकास कार्यों में क्षेत्रीय असमानता को दूर करते हुए ‘हरियाणा एक-हरियाणवी एक’ की भावना को व्यावहारिक रूप से लागू किया है।
मुख्यमंत्री सोमवार को नारनौल में भाजपा के जिला कार्यालय के उद्घाटन समारोह के दौरान जनसभा को संबोधित कर रहे थे। इससे पहले उन्होंने पार्टी का झंडा फहराया तथा हवन यज्ञ में आहुति दी। समारोह की अध्यक्षता भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने की।
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने च्यवन ऋषि की तपोभूमि को नमन करते हुए कहा कि यह वही भूमि है जिसने देश की सीमाओं की रक्षा के लिए समय-समय पर अपने वीर सपूतों का सर्वोच्च बलिदान दिया है। महेंद्रगढ़ के विकास पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि नारनौल और महेंद्रगढ़ क्षेत्र में सड़क संपर्क व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। क्षेत्र में लॉजिस्टिक हब सहित अनेक विकास परियोजनाओं पर कार्य चल रहा है, जिससे युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। इसके साथ ही लंबे समय से बनी हुई जल समस्या के समाधान के लिए नहरों के अंतिम छोर तक पानी पहुंचाने के प्रयास किए गए हैं।
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने पार्टी कार्यकर्ताओं के संघर्ष का जिक्र करते हुए कहा कि नये संगठनात्मक केंद्र का उद्घाटन उनके लिए गर्व और प्रसन्नता का विषय है। उन्होंने महेंद्रगढ़ जिले के सभी कार्यकर्ताओं को नए जिला कार्यालय की स्थापना पर बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राजनीतिक दलों के लिए कार्यालय केवल ईंट, पत्थर, सीमेंट और गारे से निर्मित भवन नहीं होते, बल्कि संगठन की आत्मा और कार्यकर्ताओं की ऊर्जा के केंद्र होते हैं। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं के लिए कार्यालय एक पवित्र संगठन मंदिर है, जहां से राष्ट्रसेवा का संकल्प लिया जाता है तथा समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक विकास और कल्याण की योजनाएं पहुंचाने की दिशा में कार्य किया जाता है।

उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी का संगठनात्मक ढांचा अन्य राजनीतिक दलों से भिन्न है। उन्होंने कहा कि जिन दलों में परिवारवाद और वंशवाद की राजनीति हावी होती है, वहां संगठन कुछ लोगों तक सीमित रह जाता है, जबकि भाजपा में सामान्य कार्यकर्ता भी अपने परिश्रम, समर्पण और प्रतिभा के बल पर नेतृत्व की सर्वोच्च जिम्मेदारियां निभाने तक पहुंच सकता है। उन्होंने कहा कि यही भारतीय जनता पार्टी की सबसे बड़ी विशेषता है। वर्ष 1980 में एक सशक्त, समृद्ध और शक्तिशाली भारत के निर्माण के उद्देश्य से भारतीय जनता पार्टी की स्थापना की गई थी। भारत रत्न स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी से लेकर वर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री नितिन नबीन तक संगठन ने निरंतर विस्तार प्राप्त किया है। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ताओं की मेहनत और समर्पण के बल पर आज भाजपा 14 करोड़ से अधिक सदस्यों के साथ विश्व की सबसे बड़ी लोकतांत्रिक राजनीतिक पार्टी बन चुकी है।
1984 की दो सीटों से लेकर आज तक का सफर कार्यकर्ताओं के परिश्रम का परिणाम : मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 1984 में केवल दो सीटों के साथ अपनी यात्रा शुरू करने वाली भारतीय जनता पार्टी ने आज देशभर में अभूतपूर्व जनसमर्थन प्राप्त किया है। उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों से प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश निरंतर विकास और जनकल्याण की दिशा में आगे बढ़ रहा है। यह उपलब्धि कार्यकर्ताओं के अथक परिश्रम और जनता के विश्वास का परिणाम है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला कार्यालय आम जनता की आशाओं और अपेक्षाओं का केंद्र होना चाहिए। उन्होंने कहा कि कोई भी गरीब, किसान, युवा अथवा जरूरतमंद व्यक्ति जब कार्यालय में आए तो उसे यह विश्वास होना चाहिए कि उसकी बात सुनी जाएगी और उसकी समस्या के समाधान के लिए गंभीर प्रयास किए जाएंगे। यही संगठन की कार्य संस्कृति और पहचान है। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समर्पण के साथ हरियाणा को देश का अग्रणी एवं सर्वाधिक विकसित राज्य बनाने के लिए कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में हरियाणा अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
प्रदेशाध्यक्ष और स्वास्थ्य मंत्री ने भी किया संबोधित

उद्घाटन समारोह में संबोधित करते हुए हरियाणा भाजपा अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने कहा कि यह कार्यालय मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के मार्गदर्शन में अंत्योदय की भावना के साथ कार्य करते हुए प्रत्येक हरियाणवी तक सरकार की योजनाओं को पहुंचाने का कार्य करेगा।
स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि मुख्यमंत्री ने विकास के नए आयाम स्थापित किए हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी की प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता महिलाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि भाजपा सत्ता के लिए नहीं बल्कि सेवा में राष्ट्र निर्माण के लिए कार्य करती है। अहीरवाल की इस धरा ने हमेशा इंकलाब की आवाज को बुलंद करने का कार्य किया है। इसे लैंड ऑफ सोल्जर कहा जाता है। यह शहीदों की धरती है।
उद्घाटन समारोह में पहुंचने पर भाजपा के जिला अध्यक्ष डॉ. यतेंद्र राव ने सभी अतिथियों का स्वागत किया। इस दौरान सांसद चौधरी धर्मवीर सिंह, प्रदेश के महामंत्री श्री सुरेंद्र पूनिया, विधायक श्री ओम प्रकाश यादव, बावल के विधायक श्री अनिल यादव, विधायक श्री कंवर सिंह यादव, पूर्व मंत्री डॉ. बनवारी लाल, पूर्व मंत्री श्री अभय सिंह यादव, पूर्व विधायक श्री सीताराम, श्री राव बहादुर सिंह सहित कई वरिष्ठ नेता एवं गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।