Breaking

Showing posts with label National News. Show all posts
Showing posts with label National News. Show all posts

Saturday, March 6, 2021

March 06, 2021

8 मार्च को संयुक्त किसान मोर्चा महिला किसान दिवस के रूप में मनाएगा

100 वाँ दिन, 2 मार्च 2021 संयुक्त किसान मोर्चा ने आज सिंघू बॉर्डर पर एक आम बैठक आयोजित की।  आगामी दिनों की कार्रवाई के कार्यक्रम के रूप में निम्नलिखित निर्णय लिए गए:

 नई दिल्ली - 6 मार्च 2021 को, दिल्ली बोर्डर्स पर विरोध प्रदर्शन शुरू होने के 100 दिन हो जाएंगे।  उस दिन दिल्ली व दिल्ली बोर्डर्स के विभिन्न विरोध स्थलों को जोड़ने वाले केएमपी एक्सप्रेसवे पर 5 घंटे की नाकाबंदी होगी।  यह सुबह 11 से शाम 4 बजे के बीच जाम किया जाएगा।  यहां टोल प्लाजा को टोल फीस जमा करने से भी मुक्त किया जाएगा।  शेष भारत में, आंदोलन को समर्थन के लिए, और सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने के लिए, घरों और कार्यालयों पर काले झंडे लहराए जाएंगे। संयुक्त किसान मोर्चा ने प्रदर्शनकारियों को उस दिन काली पट्टी बांधने के लिए भी आह्वान किया है।
- 8 मार्च को संयुक्त किसान मोर्चा महिला किसान दिवस के रूप में मनाएगा।  देश भर के सभी सयुंक्त किसान मोर्चे के धरना स्थल पर 8 मार्च को महिलाओ द्वारा संचालित होंगे। इस दिन महिलाएं ही मंच प्रबंधन करेंगी और वक्ता होंगी।  एसकेएम ने उस दिन महिला संगठनों और अन्य लोगों को आमंत्रित किया कि वे किसान आंदोलन के समर्थन में इस तरह के कार्यक्रम करें और देश में महिला किसानों के योगदान को उजागर करें।

 - केंद्रीय ट्रेड यूनियनों के आह्वान पर 15 मार्च 2021 को 'निजीकरण विरोधी दिवस' का समर्थन करते हुए सयुंक्त किसान मोर्चा द्वारा विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे। एसकेएम इस दिन को 'कॉरपोरेट विरोधी' दिवस के रूप में देखते हुए ट्रेड यूनियनों के इस आह्वान का समर्थन करेगा, और एकजुट होकर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।
- जिन राज्यों में अभी चुनाव होने वाले है, उन राज्यो में SKM भारतीय जनता पार्टी (BJP) की किसान-विरोधी, गरीब-विरोधी नीतियों को दंडित करने के लिए जनता को एक अपील करेगा।  एसकेएम के प्रतिनिधि भी इस उद्देश्य के लिए इन राज्यों का दौरा करेंगे और विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लेंगे।

- SKM पूरे भारत में एक "MSP दिलाओ अभियान" शुरू करेगा।  अभियान के तहत, विभिन्न बाजारों में किसानों की फसलों की कीमत की वास्तविकता को दिखाया जाएगा, जो मोदी सरकार व एमएसपी के झूठे दावों और वादों को उजागर करेगा।  यह अभियान दक्षिण भारतीय राज्यों कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में शुरू किया जाएगा।  पूरे देश में किसानों भी इस अभियान में शामिल किए जाएंगे
- डॉ दर्शन पाल
*सयुंक्त किसान मोर्चा*

Thursday, March 4, 2021

March 04, 2021

जेजेपी विधायक को गांव में बुलाने पर दो पक्षों में झगड़ा, फायरिंग में सात लोग घायल

जेजेपी विधायक को गांव में बुलाने पर दो पक्षों में झगड़ा, फायरिंग में सात लोग घायल

जींद : हरियाणा के जींद के सिवाहा गांव में बुधवार को दो पक्षों में खूनी संघर्ष हो गया। इसमें सरपंच के परिवार के 4 सदस्यों सहित 7 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों का जींद के नागरिक अस्पताल में इलाज चल रहा है। डीएसपी पुष्पा खत्री ने बताया कि पुलिस मामले की जांच कर रही है।

गांव के सरपंच वेदपाल ने आरोप लगाया कि 27 फरवरी को दादा खेड़ा के भंडारे में जुलाना से जननायक जनता पार्टी (जजपा) के विधायक अमरजीत ढांडा को बुलाया गया था। इस दौरान गांव के युवाओं ने किसान आंदोलन के चलते जजपा विधायक का विरोध किया। कार्यक्रम समापन के बाद कुछ लोगों ने नाराजगी जाहिर की थी।


इस मामले को लेकर गांव में कई दिनों से पंचायतें हो रही थीं। बुधवार को सरपंच के परिवार के अशोक, कुलविंद्र, राहुल और सतीश बाइक पर पिल्लूखेड़ा मंडी स्थित दुकान से गांव आ रहे थे। रास्ते में गांव के सुनील, देवीलाल, धर्मबीर, सचिन, अनूप और रौनक पहले से बैठे मिले।



इन लोगों ने सरपंच के परिवार के लोगों पर पहले गाड़ी चढ़ाने का प्रयास किया। इसमें कामयाब नहीं होने पर फायरिंग कर दी। अशोक गोली लगने से घायल हो गया। संघर्ष के दौरान सरपंच पक्ष के चारों सदस्यों समेत दूसरे पक्ष के देवीलाल, सचिन और रौनक भी घायल हो गए। घटना की सूचना पाकर पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना किया।

इस फायरिंग में दोनों पक्षों के सात लोग घायल हुए हैं। घटना के बाद सभी घायलों को इलाज के लिए जींद के नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसके अलावा पुलिस ने मौके पर पहुंच कर कार्रवाई शुरू कर दी है। इस घटना को लेकर जींद की डीएसपी पुष्पा खत्री ने बताया कि पुलिस मामला दर्ज कर कार्रवाई कर रही है।

Monday, March 1, 2021

March 01, 2021

कोर कमेटी का फैसला:मोर्चे की बैठक अब 2 को, आज पंजाब की यूनियन करेंगी मीटिंग, तीसरे चरण के कार्यक्रमों की सहमति अटकी

कोर कमेटी का फैसला:मोर्चे की बैठक अब 2 को, आज पंजाब की यूनियन करेंगी मीटिंग, तीसरे चरण के कार्यक्रमों की सहमति अटकी

बहादुरगढ़ : तीनों कृषि कानूनों के विरोध में दिल्ली की सीमाओं पर आंदोलन कर रहे किसानों ने शनिवार को गुरु रविदास जयंती और शहीद चंद्रशेखर आजाद के शहीदी दिवस पर मजदूर किसान एकता दिवस मनाया। इस दौरान नगर कीर्तन भी निकाला गया। वहीं, सोनीपत-गोहाना रोड पर किसान मजदूर संघर्ष समिति ने 35 किलोमीटर लंबी ट्रैक्टर-ट्राॅली शृंखला बनाई, लेकिन मोर्चे की तरफ से बॉर्डर कूच के आह्वान का असर दिखाई नहीं दिया।
शुक्रवार को कुंडली बॉर्डर पर संयुक्त मोर्चा की कोर कमेटी के 7 सदस्यों ने बैठक की। इसमें आंदोलन के तीसरे चरण को लेकर चर्चा हुई। इसके बाद 28 फरवरी को होने वाली मोर्चे की बैठक को स्थगित कर दिया गया, जो 2 मार्च को होगी। रविवार को अब पंजाब की यूनियनों की बैठक होगी।
सूत्रों के अनुसार मोर्चा तीसरे चरण के कार्यक्रमों पर आम सहमति नहीं बना पा रहा है। मोर्चे के सामने सबसे बड़ा चैलेंज अपने नेताओं को बॉर्डर पर मीटिंग में बुलाना है। किसान नेता अब भी अपने कार्यक्रमों में व्यस्त हैं, जिसके चलते मोर्चे की बड़ी बैठक नहीं हो रही है और आगे के कार्यक्रमों पर फैसला नहीं हो पा रहा है। सूत्रों का कहना है कि मोर्चा वार्ता व समाधान को लेकर भी कुछ प्लान कर रहा है। इसकी चर्चा कोर कमेटी की बैठक में हुई। अगर रविवार को पंजाब की यूनियनें कार्यक्रमों व इस प्लान पर मुहर लगाती हैं तो 2 मार्च को मोर्चे की बड़ी बैठक करके सभी की इन पर सहमति ली जाएगी।
14 और किसानों को मिली जमानत, अब तक 78 आ चुके बाहर, मोर्चे ने मदद के नाम पर पैसा न देने की अपील की
*दिल्ली सीपी को ई-मेल से भेजा जवाब* : दिल्ली पुलिस की तरफ से अलग-अलग संगठनों के लोगों को 26 जनवरी हिंसा के मामले में नोटिस भेजे हुए हैं। इनके जवाब को लेकर भी कोर कमेटी की बैठक में चर्चा हुई। इसके बाद मोर्चे की तरफ से इन सभी नोटिस का एक संयुक्त जवाब ईमेल के माध्यम से दिल्ली सीपी को भेजा गया है, जिसमें मोर्चे ने कहा है कि नोटिस में जो आरोप लगाए गए हैं वे गलत हैं, हमने कोई नियम नहीं तोड़ा।
दिल्ली पुलिस के अधिकारियों के साथ बैठक में जो नियम तय हुए थे, हमने उनकी पालना की। हम तय रूट पर चले और व्यवस्था के लिए वालिंटियर भी लगाए थे। कुछ अन्य संगठन अलग रूट पर गए और हमें जैसे ही पता चला तो हमने परेड को वहीं रोक दिया। मोर्चे ने अपने जवाब में पुलिस के नोटिस को पूरी तरह गलत बताया है।

Sunday, February 28, 2021

February 28, 2021

महिला सशक्तिकरण : कैथल की इस महिला के हरियाणवी लहजे से प्रभावित हुए थे अमिताभ बच्चन

महिला सशक्तिकरण : कैथल की इस महिला के हरियाणवी लहजे से प्रभावित हुए थे अमिताभ बच्चन

कैथल : जिला कैथल की महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी काबिलियत का आभास राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर करवा रही हैं। इस कड़ी में कलायत उप मंडल के गांव कौलेखां की बहु अनीता सहारण सामाजिक जागृति की दिशा में नीत नई इबारत लिख रही हैं। वे कौन बनेगा करोड़पति की सेलिब्रिटी रह चुकी हैं। गांव से महानगरों की डगर तय करते हुए किसी प्रकार महिलाएं अपनी संस्कृति का असर नामी हस्तियों पर कर सकती हैं इसका उदाहरण वे पेश कर चुकी हैं। बिग बी अमिताभ बच्चन के सवालों का जिस प्रकार उन्हाेंने बगैर विचलित हुए जवाब दिया उसके कारण वे हमेशा चर्चा में रही हैं। अनीता सहारण के हरियाणवी लहजे से अमिताभ बच्चन बेहद प्रभावित हुए और उनके साथ ग्रामीण परिवेश में महिलाओं की स्थिति पर खुलकर चर्चा की थी। फिल्म जगत में महान विभूतियों की छवि के साथ छेड़छाड़ करने वाले निर्माताओं के खिलाफ उन्होंने खुलकर आवाज उठाई है। वे हमेशा इस बात की पक्षधर रही हैं कि फिल्मों, नाटकों और अन्य कार्यक्रमों में किसी प्रकार की फूहड़ता का स्थान नहीं होना चाहिए। प्रसारण ऐसा हो कि परिवार के तमाम सदस्य एक साथ बैठकर देखने में किसी प्रकार का संकोच न करें। 

 इससे देश का भविष्य परिवार से अलग नहीं होगा। परिणामस्वरूप एक जुड़ाव कुनबे में कायम रहेगा। भारतीय संस्कृति में नाटकों, कहानियों, सांग, रामलीला मंचन सहित तमाम तरह के मंचों ने निरंतर संस्कृति को सुदृढ़ करने का काम किया है। यह रिवायत सांस्कृतिक विरासत के लिए महत्वपूर्ण रही है। अनीता का कहना है कि जब-जब फिल्मों और नाटकों के साथ-साथ तमात तरह के आदर्श मंचनों का इतिहास लिखा जाएगा उसमें भारत का नाम सबसे पहले आएगा। इसके साथ ही महिलाओं को घूंघट से बाहर लाते हुए राष्ट्र निर्माण में अपनी सहभागिता दर्ज करवाने के लिए प्रेरित करती आई हैं। ग्रामीणों को मतदान के प्रति उत्साहित करने की दिशा में अनीता ने वर्ष 2019 लोकसभा चुनाव में अनूठी पहल की थी। इसके तहत मतदान कंेद्रों पर दीपावली की तरह दीप जलाते हुए चुनाव को शांति पूर्व ढंग से पर्व की तरह मनाने की अलख जगाई।
 

पति के साथ, ससुर व ग्रामीण परिवेश के संस्कारों ने बदली जीवन की दिशा अनीता सहारण ने बताया कि उनके पति धर्मवीर कौलेखां ने सामाजिक कार्यों में उनका खुलकर साथ दिया है। किसान कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष होने के नाते धर्मवीर कौलेखां जमीन से जुड़े रहे हैं। इसके साथ ही उनके ससुर स्वर्गीय चमेला राम ने गांव के मुखिया रहते हुए जिस प्रकार ग्रामीणों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर विकास व महिला शिक्षा की अलख जगाई उससे वे प्रभावित रही हैं। कलायत स्थित श्री कपिल मुनि महिला कालेज को मजबूत देने के लिए कमरों और अन्य निर्माण कार्यों में ससुर का योगदान रहा। इस प्रकार के सांझे प्रयासों से ही कलायत क्षेत्र की बेटियों को उच्च शिक्षा का अवसर अपने इलाके की दहलीज पर मिला जो कि नारी सशक्तिकरण में बड़ा कदम है।
February 28, 2021

विभिन्न पदों के लिए हो रही भर्ती परीक्षा, जींद के खेतो में सॉल्व किया जा रहा था पेपर, पुलिस में मारा छापा......

विभिन्न पदों के लिए हो रही भर्ती परीक्षा, जींद के खेतो में सॉल्व किया जा रहा था पेपर, पुलिस में मारा छापा......

जींद :  दिल्ली कोर्ट में विभिन्न पदों के लिए हो रही भर्ती परीक्षा का पेपर जींद में नचार खेड़ा और ककड़ोद के बीच खेतो में सॉल्व किया जा रहा था। पुलिस ने सूचना के बाद छापा मारा तो यहां पेपर सॉल्व करने वाले खेतो के रास्ते भाग गए। उनके लेपटॉप आदि उपकरणों को पुलिस ने जब्त कर लिया। उचाना थाना प्रभारी रविंद्र कुमार ने बताया कि पेपर ऑनलाईन हो रहे थे। पेपर लीक होने की सूचना पर कार्रवाई की गई। दिल्ली पुलिस को पेपर शुरू होते ही इसके लीक होने की जानकारी लग गई थी।

बता दें कि आज एस.आई. एसएचओ, एएसआई कुलदीप, मुख्य सिपाही संदीप, ईएसआई मांगेराम, दीपक होमगार्ड सवारी गाड़ी एच.आर. 31l 5519 का चालक ई.एच.सी. सोमबीर पुराना बस अड्डा उचाना हाजिर थे पुलिस मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि आज दिल्ली जिला न्यायालय में कुछ पदों की परीक्षा है जो परीक्षा दो सत्रों में है जो इस संबंध में गांव काकडौद के खेतों में कृष्ण पुत्र छल्लूराम निवासी काकडौद के खेत में बने मुर्गी फार्म के साथ लगते घर में पेपर लीक करने वाले गिरोह के काफी सदस्य मौके पर मौजूद हैं कृष्ण पुत्र छल्लूराम निवासी काकडौद ने अपने घर की छत पर एंटीना वाला बड़ा वाईफाई लगा रखा है।
इस गिरोह में शामिल व्यक्ति अपनी कार व मोटरसाइकिल पर आए हुए हैं, जो कार और मोटरसाइकिल नंबर एच.आर. 80 सी 3704, एच.आर. 05 ए.जे.9500, सी.एच. 01 सीडी 3517, एचआर 90 ए 5412 एच आर 80 सी 3921 एचआर 90 7751, एचआर 32 7213,एच आर 90 6829 व और भी बिना नंबर के वाहन खड़े हैं तथा गिरोह के सदस्य वहीं बैठ कर मोबाइल में ब्लूटूथ से पेपर सॉल्व कर रहे हैं जो इस गिरोह का सरगना अशोक पुत्र वजीर निवासी काकडौद जो स्वयं को हरियाणा पुलिस का सिपाही बताता है तथा उसने अपने नकली पुलिस का पहचान पत्र बनवा रखा है यह गिरोह सक्षम परीक्षार्थियों की जगह है।

असक्षम परीक्षार्थियों को मोटी रकम लेकर पेपर में पास करवाते हैं तथा यह गिरोह सक्षम परीक्षार्थियों व प्रशासन के साथ धोखाधड़ी व छल कर रहे हैं। सूचना को सच्ची मानकर सूचना से सूरत जुर्म 420 आईपीसी व 66 आईटी एक्ट का घटित होना पाया जाने पर मन एस आई एस.एच.ओ. अन्य पुलिसकर्मियों के साथ उचाना थाना पहुंचकर अभियोग नंबर 60 दिनांक 28-2-21 धारा 420 आईपीसी 66 आईटी एक्ट थाना उचाना दर्ज रजिस्टर किया।
February 28, 2021

आज होगी संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक, बड़े फैसले लेने पर रहेगा जोर

आज होगी संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक, बड़े फैसले लेने पर रहेगा जोर

नई दिल्ली : किसान आंदोलन की अगली रणनीति आज संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक में तय होगी। इसमें बड़े फैसले लिए जाने का जोर दिया जा रहा है, जिससे केंद्र सरकार पर दबाव बनाया जा सके। इस बीच बॉर्डर पर शनिवार को आंदोलनकारी किसानों ने शहीद चंद्रशेखर आजाद का बलिदान दिवस व संत गुरु रविदास की जयंती मनाई। जींद में पूर्व केंद्रीय मंत्री जयप्रकाश ने कहा कि किसान आंदोलन सही दिशा में जा रहा है। सरकार को किसानों की मांगें माननी होंगी।
इधर, पंजाब में किसान मजदूर संघर्ष कमेटी के आह्वान पर पांच मार्च को हजारों किसान दिल्ली धरने के लिए रवाना होंगे। सूबे के जलालाबाद में संयुक्त किसान मोर्चा ने कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन किया। वहीं अबोहर में भाजपा नेताओं के गांव में घुसने पर प्रतिबंध लगाने का ग्रामीणों ने फैसला किया है। ग्रामीणों का कहना है कि भाजपा नेता उनके गांव में वोट मांगने न आए। कोई भाजपा नेता गांव में वोट मांगने आता है तो उसका पुरजोर विरोध किया जाएगा।
किसानों के समर्थन में सोनीपत में बड़वासनी से गोहाना तक ट्रैक्टर मार्च निकाला गया। किसानों ने सोनीपत-गोहाना नेशनल हाईवे पर धरना दिया। झज्जर के आसपास के गांवों से किसान ट्रैक्टर ट्रालियों में सवार होकर ढांसा व टीकरी बॉर्डर पर आंदोलन को समर्थन देने के लिए पहुंचे। वहीं पंजाब से दो रेलगाड़ियों से सैकड़ों किसान टीकरी बॉर्डर पहुंचे।
शिक्षामंत्री कंवरपाल गुर्जर ने कहा है कि कृषि कानूनों के माध्यम से सरकार ने किसानों को मंडी के साथ-साथ अन्य जगह अपनी फसल बेचने के विकल्प दिए हैं। कृषि कानून किसानों के लिए विकल्प हैं, बाध्यता नहीं हैं।

शिक्षामंत्री शनिवार को भाजपा कार्यालय में राज्यसभा सांसद जनरल डीपी वत्स व विधायक विनोद भयाना के साथ पार्टी पदाधिकारियों व प्रबुद्घजनों के साथ कृषि कानूनों को लेकर चर्चा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि मौका परस्त ताकतें अपने हित साध रही हैं। एक बड़ा भ्रम पैदा किया जा रहा है कि कांट्रैक्ट फार्मिंग जैसे प्रावधानों से किसानों की जमीन छीन ली जाएगी।
February 28, 2021

हाई कोर्ट ने सेलिब्रिटीज को दी नसीहत, सोशल मीडिया पर इन शब्दों से बनाएं दूरी, जानिए पूरा मामला

हाई कोर्ट ने सेलिब्रिटीज को दी नसीहत, सोशल मीडिया पर इन शब्दों से बनाएं दूरी, जानिए पूरा मामला
 चंडीगढ़ : पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने सेलिब्रिटीज को नसीहत दी है कि वह ऐसे शब्दों का इस्तेमाल करने में सावधानी बरतें, जिनकी गलत व्याख्या हो सकती है। हाई कोर्ट के जस्टिस अमोल रतन सिंह ने क्रिकेटर युवराज सिंह द्वारा इंटरनेट मीडिया पर चैट करते हुए अनुसूचित जाति के खिलाफ कथित रूप से आपत्तिजनक टिप्पणी करने पर दर्ज एफआइआर को रद करने की मांग करने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए यह टिप्पणियां की हैं।
बेंच ने अपने फैसले में कहा कि प्रत्येक व्यक्ति और विशेष रूप से सेलेब्रिटी को किसी भी शब्द के उपयोग में सावधानी बरतनी चाहिए, जिसका गलत अर्थ निकाला जा सकता है। कोर्ट ने कहा कि यह देखा जाना आवश्यक है कि 1989 का अधिनियम समाज के एक ऐसे वर्ग के हितों की रक्षा के लिए बनाया गया, जिसे युगों से उत्पीड़ित माना जाता है।

स्वाभाविक रूप से उक्त अधिनियम के प्रावधानों के किसी भी उल्लंघन से निपटने के लिए कड़ाई से पेश आना होगा और यह सुनिश्चित करना होगा कि समाज के ऐसे वर्गों के प्रति भलाई की भावना पैदा हो,  इसलिए प्रति प्रत्येक व्यक्ति और विशेष रूप से हस्तियों शब्दों के चयन को लेकर सावधान रहना चाहिए।
मामले की सुनवाई के दौरान युवराज सिंह की ओर से पेश हुए वरिष्ठ वकील पुनीत बाली ने कहा कि याचिकाकर्ता द्वारा मुकदमा एक जातिसूचक शब्द के प्रयोग पर दर्ज करवाया है, जबकि उस शब्द का आशय नशे का सेवन करने वाले व्यक्ति से होता है। युवराज के वकील ने यह भी तर्क दिया था कि यह टिप्पणी संबंधित व्यक्ति (युजवेंद्र चहल) के संदर्भ में की गई थी। पिछले साल 20 अप्रैल को इंस्टाग्राम में युवराज और रोहित शर्मा की बात हो रही थी। बड़े ही हलके फुल्के और मजाकिया अंदाज में हो रही उस बातचीत में उन्होंने अन्य क्रिकेट खिलाड़ी यजुवेंद्र चहल और कुलदीप यादव को मित्रतापूर्वक ढंग से उस शब्द से संबोधित कर दिया था।
उनका किसी समुदाय विशेष की भावनाओं को आहत करने की कोई मंशा नहीं थी। उसके दोस्त युजवेंद्र चहल दलित समुदाय से नहीं थे। बावजूद इसके उन्होंने 5 जून को एक प्रेस बयान जारी कर इसके लिए माफी भी मांग ली थी। सभी पक्षों को सुनने के बाद बेंच ने कहा कि प्रथम दृष्टया इस शब्द का अर्थ दो व्याख्याओं के अधीन है, अर्थात क्या इसका उपयोग किसी विशेष समुदाय के खिलाफ किया गया था।
याची के साथी युजवेंद्र चहल के लिए जो अनुसूचित जाति से संबंधित नहीं है। युवराज के वकील की तरफ से दलील दी गई कि 14 फरवरी को इसी मामले को लेकर हांसी के रजत कलसन ने हांसी पुलिस थाने में एफआइआर दर्ज करवा दी । शिकायतकर्ता कई बार उससे संपर्क करने की कोशिश कर चुका है और उसे ब्लैकमेल करना चाहता था। वैसे भी शिकायतकर्ता इस शिकायत को दर्ज करवाने का अधिकार ही नहीं रखता है। एक तो वह खुद इस समुदाय से नहीं है, दूसरा वह खुद इस मामले में पीड़ित नहीं है।
इस पर शिकायतकर्ता के वकील अजुर्न श्योराण ने आरोपों से इन्कार किया कि युवराज को नहीं जानता है और इसलिए शिकायतकर्ता की ओर से पैसे की मांग करने के लिए उन्हें फोन करने का सवाल ही नहीं उठता। सभी पक्षों को सुनने के बाद हाई कोर्ट ने एफआइआर की जांच पर रोक लगाने से इन्कार करते हुए सरकार को आदेश दिया कि वह जांच जारी रखे व चार सप्ताह के भीतर राजपत्रित अधिकारी द्वारा इस मामले की जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश करे। कोर्ट ने अगली सुनवाई तक एफआइआर पर युवराज के खिलाफ किसी भी तरह की कार्रवाई न करने का आदेश दिया है लेकिन यह जांच रिपोर्ट पर निर्भर करेगा। इस मामले में अगली सुनवाई 26 मार्च को होगी।