/>

Breaking

Wednesday, October 7, 2020

खेती बचाओ यात्रा:चार ट्रैक्टरों के साथ राहुल गांधी की हरियाणा में एंट्री, बोले- मोदी नोटबंदी के बाद खेतीबंदी का कानून लेकर आए

खेती बचाओ यात्रा:चार ट्रैक्टरों के साथ राहुल गांधी की हरियाणा में एंट्री, बोले- मोदी नोटबंदी के बाद खेतीबंदी का कानून लेकर आए


कुरुक्षेत्र : कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी की 'खेती बचाओ यात्रा' ने देवीगढ़ के रास्ते ट्यूकर बॉर्डर से करीब 4 घंटे की देरी से मंगलवार शाम 4:30 बजे हरियाणा में प्रवेश किया। पंजाब की सीमा तक पंजाब के सैकड़ाें कार्यकर्ता यात्रा के साथ रहे, लेकिन हरियाणा बाॅर्डर पर मारकंडा पुल पर ही पुलिस ने राहुल का काफिला राेक दिया। हरियाणा पुलिस के अधिकारियों ने काेविड-19 को लेकर गृह मंत्रालय की गाइडलाइंस का हवाला देते हुए ज्यादा लाेगाें के साथ प्रवेश न देने की बात कही।
इसे लेकर करीब 45 मिनट बहसबाजी होती रही। इस दाैरान राहुल ट्रैक्टर पर ही बैठे रहे। कुछ वर्कराें ने धरना भी दिया। हरियाणा कांग्रेस की तरफ से यात्रा के स्वागत के लिए भी पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा, रणदीप सुरजेवाला, कुमारी सैलजा समेत 15 नेताओं काे मारकंडा पुल पर जाने दिया गया। बाद में सिर्फ 4 ट्रैक्टराें के साथ यात्रा को एंट्री दी गई।
राहुल के अलावा प्रदेशाध्यक्ष कुमारी सैलजा ने भी ट्रैक्टर चलाया। ज्याेतिसर में भगवान श्रीकृष्ण की पूजा की। पिहाेवा व कुरुक्षेत्र मंडी में राहुल ने जनसभाआओं काे संबाेधित किया। उन्होंने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार ने 6 सालों में देश की जनता पर कुल्हाड़ी चलाने का काम किया है। नोटबंदी, जीएसटी के बाद मोदी खेतीबंदी का काला कानून लेकर आए हैं।
इसे देश का किसान कभी स्वीकार नहीं करेगा। नोटबंदी के दौरान जनता का पैसा बैंकों में जमा कराकर बड़े उद्योगपतियों का 3.50 लाख करोड़ रुपए का कर्जा माफ किया। किसान का एक रुपया माफ नहीं किया। जीएसटी से छोटे दुकानदारों और व्यापारियों को बर्बाद किया गया। इसका सीधा फायदा अंबानी अडानी को हुआ। कोरोना में लोगों को मरने के लिए छोड़ दिया गया।
किसान गुलाम हुआ तो देश गुलाम हो जाएगा
राहुल ने कहा, 'कानून किसानों के हक में थे तो संसद में बहस क्याें नहीं होने दी। कोरोना के समय ऐसे कानून लाने का काम क्यों किया गया। हिंदुस्तान का किसान कोरोना से नहीं डरता, वो लड़ना जानता है। एमएसपी व मंडी किसानों की आर्थिक सुरक्षा तय करते हैं। यदि मंडी टूट गई तो चेन सिस्टम टूट जाएगा। यदि किसान मजदूर गुलाम हुआ तो पूरा देश गुलाम होगा। कांग्रेस की सरकार बनने पर तीनाें काले कानूनों को रद्द करके डस्टबिन में फेंक देंगे।'

No comments:

Post a Comment