Breaking

Wednesday, July 23, 2025

July 23, 2025

विकास बराला की लॉ अफसर नियुक्ति पर विवाद, विपक्ष ने लगाए भाई-भतीजावाद के आरोप, यौन उत्पीड़न मामले में अंडर ट्रायल विकास को AAG बनाना ‘अंधेरगर्दी’ : INLDहरियाणा

विकास बराला की लॉ अफसर नियुक्ति पर विवाद, विपक्ष ने लगाए भाई-भतीजावाद के आरोप, यौन उत्पीड़न मामले में अंडर ट्रायल विकास को AAG बनाना ‘अंधेरगर्दी’ : INLD
हरियाणा
चंडीगढ़ : हरियाणा सरकार द्वारा राज्यसभा सांसद और भाजपा नेता सुभाष बराला के बेटे विकास बराला को असिस्टेंट एडवोकेट जनरल (AAG) नियुक्त किए जाने के बाद प्रदेश की राजनीति में नया विवाद खड़ा हो गया है। 18 जुलाई को गृह एवं न्याय विभाग की एडिशनल चीफ सेक्रेटरी सुमिता मिश्रा की ओर से जारी इस नियुक्ति आदेश ने सरकार की नैतिकता और न्यायिक व्यवस्था में पारदर्शिता को लेकर तीखे सवाल खड़े कर दिए हैं।
विवाद का मुख्य कारण यह है कि विकास बराला वर्तमान में एक गंभीर यौन उत्पीड़न और पीछा करने (स्टॉकिंग) के मामले में आरोपी है और जमानत पर बाहर चल रहा है। इसके बावजूद उसे राज्य की ओर से अदालत में पैरवी करने जैसे संवेदनशील पद पर नियुक्त किया गया है।
विशेष बात यह भी है कि नियुक्ति पत्र में विकास बराला का पता फतेहाबाद की बजाय चंडीगढ़ का दर्ज है, और नाम में “बराला” शब्द नहीं लिखा गया, लेकिन उसकी ई-मेल आईडी में “vikasbarala” स्पष्ट रूप से पढ़ा जा सकता है।
*विकास बराला का वह केस, जिससे नियुक्ति पर सवाल उठे*

वर्ष 2017 में यह मामला राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में आया था, जब एक वरिष्ठ IAS अधिकारी की बेटी ने विकास बराला और उसके साथी आशीष कुमार के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। पीड़िता ने बताया कि वह रात करीब 12:15 बजे चंडीगढ़ के सेक्टर-8 मार्केट से अपनी कार में घर लौट रही थी। तभी सेक्टर-7 के पास उसे महसूस हुआ कि एक टाटा सफारी उसका पीछा कर रही है।
युवती ने रास्ता बदलने की कोशिश की, लेकिन आरोपियों ने बार-बार उसकी कार का रास्ता रोका और उसे सेक्टर-26 की ओर जाने को मजबूर किया। एक मोड़ पर उनमें से एक युवक कार से उतरा और युवती की कार की ओर बढ़ा। युवती ने स्थिति को भांपते हुए तुरंत कार को रिवर्स किया और दूसरी दिशा में दौड़ाई। उसने तत्काल 100 नंबर पर पुलिस को कॉल कर सूचना दी और अपने पिता को भी सूचित किया।
लेकिन पीछा खत्म नहीं हुआ। हाउसिंग बोर्ड के पास फिर से उनकी गाड़ी ने युवती की कार का रास्ता ब्लॉक कर दिया। उनमें से एक आरोपी ने दरवाजा खोलने की कोशिश की, लेकिन कार का सेंट्रल लॉक लगा होने के कारण वह सफल नहीं हो सका। कुछ ही देर में चंडीगढ़ पुलिस की PCR मौके पर पहुंची और दोनों युवकों को हाउसिंग बोर्ड चौक के पास से गिरफ्तार कर लिया गया।
FIR दर्ज होने के बाद विकास बराला को जेल भेजा गया। निचली अदालत ने उसकी चार बार जमानत याचिका खारिज की, लेकिन जनवरी 2018 में पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट से उसे जमानत मिली। वह पांच महीने जेल में रहा और वर्तमान में इस केस में अंडर ट्रायल है।
यह मामला इसलिए भी राजनीतिक रूप से गर्माया क्योंकि उस वक्त विकास के पिता सुभाष बराला हरियाणा बीजेपी के प्रदेशाध्यक्ष थे। पुलिस कार्रवाई पर भी सवाल उठे, लेकिन IAS की बेटी के साहस, साक्ष्यों और मीडिया दबाव के चलते गिरफ्तारी हुई।
*विपक्ष ने उठाए सवाल: योग्यता नहीं, परिवारवाद ही चयन का आधार*

विकास बराला की नियुक्ति को लेकर विपक्ष ने कड़ा विरोध जताया है। इनेलो विधायक आदित्य चौटाला ने कहा, “एक अंडर ट्रायल क्रिमिनल को लॉ ऑफिसर बना देना अंधेरगर्दी है। भाजपा ने एजी ऑफिस को रिश्तेदारों और सिफारिशी लोगों से भर दिया है। यह लोकतंत्र और कानून व्यवस्था के साथ मज़ाक है।”
वहीं कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता एडवोकेट योगेश सिहाग ने कहा कि “हाईकोर्ट के लिए सरकार ने लॉ अधिकारियों की जो सूची जारी की है, उसमें मेरिट की कोई अहमियत नहीं रखी गई। यह पूरी तरह से भाई-भतीजावाद और पर्ची-खर्ची का उदाहरण है। विकास बराला पर न सिर्फ गंभीर आपराधिक मामला चल रहा है, बल्कि उसे वकालत का भी कोई ठोस अनुभव नहीं है। ऐसे लोगों को नियुक्त करना न्यायिक प्रणाली का उपहास है।”
*नैतिकता पर बड़ा प्रश्नचिह्न*

AAG जैसे संवैधानिक पदों पर नियुक्तियों में योग्यता, चरित्र और न्यायिक दृष्टिकोण को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। लेकिन विकास बराला जैसे अंडर ट्रायल व्यक्ति को यह पद सौंपना न सिर्फ सरकार की प्राथमिकताओं पर सवाल खड़ा करता है, बल्कि पीड़ितों के अधिकारों, महिलाओं की सुरक्षा और न्यायिक संस्थाओं की गरिमा पर भी गहरा असर डालता है।
अब देखना यह है कि इस नियुक्ति को लेकर उठे जनमत, विपक्ष के दबाव और सामाजिक आलोचना के बीच सरकार अपने फैसले पर पुनर्विचार करती है या नहीं।
July 23, 2025

गुरु पूर्णिमा पर गुरु की करतूत! जींद में शिक्षक की शर्मनाक हरकत

गुरु पूर्णिमा पर गुरु की करतूत! जींद में शिक्षक की शर्मनाक हरकत
जींद : जींद के एक प्रतिष्ठित स्कूल के साइंस शिक्षक दीपक को शहर थाना पुलिस ने गुरु पूर्णिमा के दिन 17 वर्षीय छात्रा को भगाने के आरोप में गिरफ्तार किया है। यह घटना तब सामने आई जब छात्रा की मां ने पुलिस में शिकायत दर्ज की कि दीपक ने उनकी बेटी को उनके घर के पास से शाम के समय भगा ले गया। इस शिकायत के आधार पर पुलिस ने तुरंत अपहरण का मामला दर्ज किया और जांच शुरू की। 12 दिन की तलाश के बाद, पुलिस ने आरोपी शिक्षक को हिरासत में ले लिया। यह मामला शहर में चर्चा का विषय बन गया है, क्योंकि यह गुरु-शिष्य के पवित्र रिश्ते पर सवाल उठाता है।
*पुलिस की त्वरित कार्रवाई*

शहर थाना पुलिस ने इस मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोपी शिक्षक दीपक को गिरफ्तार किया। पुलिस ने पीड़िता के बयान मजिस्ट्रेट के सामने दर्ज करवाए, जिनमें छात्रा ने अपने साथ हुई घटना का खुलासा किया। इन बयानों के आधार पर पुलिस ने शिक्षक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। थाना प्रभारी इंस्पेक्टर मनीष कुमार ने पुष्टि की कि दीपक ने नाबालिग छात्रा के साथ बलात्कार किया, जिसके बाद कानूनी कार्रवाई शुरू की गई है। पुलिस अब इस मामले की गहन जांच कर रही है ताकि सभी तथ्यों को सामने लाया जा सके।
*गुरु-शिष्य संबंध पर दाग*

यह घटना जींद ही नहीं, बल्कि पूरे समाज में गुरु-शिष्य के रिश्ते पर एक गहरा धब्बा लगाती है। गुरु पूर्णिमा, जो शिक्षकों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का दिन माना जाता है, उस दिन इस तरह की घटना ने लोगों को स्तब्ध कर दिया। स्कूल जैसे सुरक्षित स्थान पर एक शिक्षक द्वारा नाबालिग छात्रा के साथ ऐसा कृत्य न केवल कानूनी अपराध है, बल्कि नैतिकता और विश्वास का भी उल्लंघन है। इस घटना ने अभिभावकों में अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
*पॉक्सो एक्ट के तहत कठोर कार्रवाई*

पॉक्सो एक्ट (संरक्षण बाल यौन अपराध अधिनियम) के तहत दर्ज इस मामले में आरोपी शिक्षक को कठोर सजा का सामना करना पड़ सकता है। यह कानून बच्चों को यौन शोषण से बचाने के लिए बनाया गया है और इसमें सख्त दंड का प्रावधान है। पुलिस ने बताया कि छात्रा के बयानों और सबूतों के आधार पर जांच को और मजबूत किया जा रहा है। मजिस्ट्रेट के सामने दर्ज बयान इस मामले में महत्वपूर्ण साक्ष्य के रूप में काम करेंगे। समाज में इस तरह के अपराधों के खिलाफ जागरूकता और सख्ती की जरूरत पर बल दिया जा रहा है।
*समाज में जागरूकता की जरूरत*

इस घटना ने एक बार फिर बच्चों की सुरक्षा और स्कूलों में सुरक्षित माहौल की आवश्यकता को उजागर किया है। अभिभावकों, स्कूल प्रशासन और समाज को मिलकर ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कदम उठाने होंगे। स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति से पहले उनकी पृष्ठभूमि की गहन जांच, बच्चों को यौन शोषण के प्रति जागरूक करना और पुलिस की त्वरित कार्रवाई इस दिशा में महत्वपूर्ण कदम हो सकते हैं। जींद की इस घटना ने समाज को यह सोचने पर मजबूर किया है कि बच्चों के भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए सभी को अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी।
July 23, 2025

अग्रवाल समाज के प्रदेश अध्यक्ष राजकुमार गोयल ने सावित्री जिंदल को परिचय सम्मेलन समारोह में आने का दिया न्यौता

अग्रवाल समाज के प्रदेश अध्यक्ष राजकुमार गोयल ने सावित्री जिंदल को परिचय सम्मेलन समारोह में आने का दिया न्यौता 

7 सितंबर को जींद में होगा विशाल परिचय सम्मेलन का आयोजन
जीन्द : अखिल भारतीय अग्रवाल समाज हरियाणा के प्रदेश अध्यक्ष राजकुमार गोयल ने अपने पदाधिकारियों के साथ देश की प्रमुख उद्योगपति एवं हिसार से विधायक सावित्री जिंदल से शिष्टाचार भेंट की और उन्हे 7 सितंबर को जींद में होने वाले उत्तर भारत स्तरीय विवाह योग्य अग्रवाल युवक-युवती परिचय सम्मेलन में आने का न्यौता दिया। इस अवसर पर संस्था के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सावर गर्ग, कोषाध्यक्ष पवन बंसल, प्रैस प्रवक्ता सोनू जैन, महासचिव रामधन जैन, सचिव मनीष गर्ग, गोपाल जिंदल, राजेश गोयल, सुनील गोयल, बजरंग सिंगला, सतीश गोयल, रजत सिंगला इत्यादि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।
इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष राजकुमार गोयल ने कहा कि में 07 सितम्बर को जीन्द में उत्तर भारत स्तरीय विशाल विवाह योग्य अग्रवाल युवक-युवती परिचय सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। यह सम्मेलन एक ऐतिहासिक सम्मेलन होगा। इस सम्मेलन में हरियाणा व आस पास के राज्यों पंजाब, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश सहित देश प्रदेश से आए हजारों अग्र बंधुओं की उपस्थिति में सैकड़ों पंजीकृत प्रत्याशी अपने जीवन साथी का चयन करेंगे। सम्मेलन में अग्रवाल समाज के दर्जनों राष्ट्रीय नेता अतिथिगण के तौर पर शिरकत करेंगे। सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य योग्य युवक-युवतियों का परिचय करवाना, समाज में रिश्तों के संजाल को मजबूत करना, सामाजिक समरसता को बढावा देना और नई पीढ़ी को एक मजबूत वैवाहिक मंच उपलब्ध कराना है। गोयल ने कहा कि आज हमारे समाज में न जाने ऐसी कितनी बहने हैं जिनकी शादी की उम्र निकल चुकी हैं लेकिन उनके हाथों में अभी मेंहदी नहीं सजी है। ऐसी बहनों के रिश्ते समय पर हो जाने चाहिए थे लेकिन हमारे समाज में रिश्ते करवाने वालों की संख्या दिनों दिन कम होने के कारण उन बहनों के रिश्ते नहीं हो पा रहे।
यही स्थिति हमारे भाईयों के साथ भी है जिनकी उम्र 30-30, 35-35 साल से ज्यादा होने के बाद भी रिश्ते नहीं हो पा रहे। ऐसी हालात में विवाह योग्य परिचय सम्मेलन हर समाज की आवश्यकता बन गया है। इसी आवश्यकता को देखते हुए अखिल भारतीय अग्रवाल समाज हरियाणा द्वारा 07 सितम्बर को विशाल परिचय सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है। उन्होने सावित्री जिंदल को समारोह का न्यौता देते हुए कहा कि वे इस ऐतिहासिक सम्मेलन में अतिथिगण के रूप में पधारकर इस आयोजन की शोभा बढाएं और अपना आर्शीवचन देकर युवा पीढ़ी को प्रोत्साहित करें। गोयल ने कहा कि उनका सानिध्य और आर्शीवचन इस परिचय सम्मेलन समारोह की गरिमा और उर्जा प्रदान करेगा। इस अवसर पर सावित्री जिंदल ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि आज के समय में ऐसे आयोजन सामाजिक एकता और परिवारों के बीच बेहतर संबंधों के निर्माण में सहायक सिद्ध होते हैं। यह सम्मेलन न केवल युवा पीढ़ी को एक मंच देगा बल्कि समाज को संगठित करने का भी माध्यम बनेगा।
July 23, 2025

जींद में पुलिस ASI ने पिक-अप चालकों को पीटा, थाने में नंगा कर बैठाया, एएसआई सस्पेंड

जींद में पुलिस ASI ने पिक-अप चालकों को पीटा, थाने में नंगा कर बैठाया, एएसआई सस्पेंड 
जींद:जींद के सफीदों में पुलिस ASI ने वर्दी का रौब दिखाते हुए पिक-अप (छोटा हाथी) ड्राइवर दो भाइयों को बुरी तरह से पीटा। उन्हें थाने में कपड़े उतार कर नंगा बैठाकर रखा। पिक-अप ड्राइवर का कसूर केवल इतना था कि पुलिस ASI की निजी गाड़ी को आटो की साइड लग गई थी, जिससे उसकी गाड़ी की हेडलाइट टूट गई थी। पीड़ितों ने मारपीट की शिकायत एसपी कुलदीप सिंह और डीएसपी गौरव को दी, जिस पर संज्ञान लेते हुए एसपी ने ASI को सस्पेंड कर दिया है। 
सफीदों के गांव पाजू कलां निवासी सुमित और उसका भाई हिमांशु ने बातया कि वह पिक-अप (छोटा हाथी) चलाने का काम करते हैं। सोमवार रात को वह दोनों पानीपत के सींक गांव से पिक-अप लेकर सफीदों की तरफ आ रहे थे। तभी BRSK स्कूल के पास एक बाइक सवार ने अचानक से कट मार दिया। बाइक पर महिला समेत तीन लोग सवार था, इसलिए उन्होंने बाइक के साथ टक्कर लगने से बचाने के लिए पिक-अप हल्का सा दाएं मोड़ दिया। इसमें पिक-अप की स्विफ्ट डिजायर गाड़ी के साथ मामूली सी टक्कर हो गई। इसमें डिजायर कार की हेडलाइट टूट गई। तभी कार से एक वर्दी में तथा तीन-चार युवक सादे कपड़े पहने उतरे और दोनों भाइयों के साथ बुरी तरह से मारपीट की। पुलिस की वर्दी में एएसआई मनजीत सिंह था। पुलिस की वर्दी देख डर के मारे वह कुछ नहीं बोल पाए और माफी मांगने लगे। आरोपियों ने पिक-अप का आगे का शीशा भी तोड़ दिया। वह डर के मारे वहां से चले तो रामपुरा रोड पर पहुंचते ही एक पीसीआर गाड़ी आई और उनकी पिक-अप के आगे खड़ी कर दी। इसके बाद पुलिस कर्मचारी उतरे और गाड़ी सहित उन्हें शहर थाना में ले आए। वहां उनके कपड़े उतरवाकर नंगा कर बैठा दिया। साथ ही उनको नंगा करके बैठा दिया गया। सुमित और हिमांशु ने बताया कि पुलिस थाने में फिर उनके साथ मारपीट की गई। उनका 32 हजार रुपए का मोबाइल फोन तोड़ दिया। वहां पर मौजूद एक पुलिस कर्मचारी ने उनकी गाड़ी को ठीक करवाने और पुलिस थाने में दीवार पर वालपेपर लगवाने की मांग की। वालपेपर लगवाने और हर्जाना देने की शर्त पर उन्हें छोड़ दिया गया। वहां से निकल कर दोनों भाई सिविल अस्पताल पहुंचे और यहां एमएलआर कटवानी चाही लेकिन अस्पताल के स्टाफ ने एमएलआर काटने से मना कर दिया। इसके बाद सुबह वह गांव के सरपंच को लेकर गए और एमएलआर कटवाई। इसके बाद डीएसपी गौरव को मामले की शिकायत दी और एसपी कुलदीप सिंह को भी दिन में शिकायत की। एसपी ने शिकायत पर संज्ञान लेते हुए एएसआई मनजीत सिंह को सस्पेंड कर दिया।

Monday, July 21, 2025

July 21, 2025

जींद का स्वास्थ्य बेड़ा हुआ मजबूत

जींद का स्वास्थ्य बेड़ा हुआ मजबूत
प्रदेशभर में 137 एमओ को अपॉयमेंट लेटर जारी किए
जींद को मिले 18 नए चिकित्सा अधिकारी 
16 साल से रेडियोलॉजिस्ट का पद खाली, रेडियोलॉजिस्ट की दरकार
जींद : जिला के लोगों के लिए खुशखबरी है। जिला का स्वास्थ्य बेड़ा और मजबूत होने जा रहा है। चिकित्सकों की नई भर्ती से जींद को कुल 18 चिकित्सक  मिले हैं। पहले जींद में 40 चिकित्सा अधिकारी (एमओ) काम कर रहे हैं। ऐसे में 18 एमओ और मिलने से स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत होंगी। स्वास्थ्य विभाग ने नवनियुक्त एमओ को अपॉयमेंट लेटर जारी किए हैं। जिन उम्मीदवारों ने 21 अप्रैल और 28 अप्रैल को अपना बायोमेट्रिक और दस्तावेज सत्यापन पूरा कर लिया था, उन्हें नियुक्ति पत्र जारी किए गए हैं। साथ ही दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं कि नवनियुक्त एमओ निर्धारित प्रक्रिया जैसे चिकित्सा और अन्य औपचारिकताएं पूरी करने के बाद चिकित्सा अधिकारी के पद पर कार्यभार ग्रहण कर सकते हैं। उनके नियुक्ति पत्र हरियाणा राज्य के सभी सिविल सर्जनों को डाक द्वारा भेजे गए हैं। प्रदेशभर में कुल 137 एमओ को अपॉयमेंट लेटर जारी किए गए हैं। जिनमें से जींद के लिए 18 एमओ है। अब यह तो वक्त ही बताएगा कि इन एमओ में से जींद में कितने ज्वायन करते हैं। 
जींद में एमओ पद पर इन चिकित्सकों को जारी हुए नियुक्ति पत्र जारी
1. डा. रूपेश कुंडू
2. डा. पूर्णिमा
3. डा. वंदना
4. डा. आरती
5. डा. सुधीर
6. डा. अभिषेक
7. डा. नवीन पंवार
8. डा. सौरभ
9. डा. अभिनव रमन
10. डा. वैभव सिंह
11. डा. ऊषा
12. डा. चमन वर्मा
13. डा. अंजली
14. डा. दया सिंह
15. डा. पूजा कादियान
16. डा. परमवीर राठी
17. डा. अनिरूद्ध
18. डा. अरूण शर्मा
*निर्माण से लेकर अबतक नही हुई अस्पताल में चिकित्सकों की कमी पूरी*

जिला मुख्यालय पर 1975 में नागरिक अस्पताल की शुरूआत हुई थी। उस समय से लेकर आजतक जिले में चिकित्सकों की कमी कभी भी दूर नहीं हुई। जींद अस्पताल की बात की जाए तो यहां 55 चिकित्सकों की आवश्यकता है। वहीं जिला में 222 चिकित्सकों के पद स्वीकृत हैं। जबकि सौ से अधिक पद रिक्त हैं। ऐसे में 18 एमओ और मिलने से चिकित्सकों की कमी काफी हद तक दूर होगी। इसके अलावा एक पीएमओ, पांच एसएमओ लेवल के अधिकारी कार्यरत हैं। 
200 बैड का अस्पताल, स्पेशलिस्ट चिकित्सकों की कमी

जिला मुख्यालय पर 200 बैड का अस्पताल बना हुआ है। वहीं, सफीदों, नरवाना तथा उचाना सब डिविजन पर 100-100 बैड के अस्पताल हैं। उधर, जुलाना, पिल्लूखेडा, अलेवा, उझाना समेत आठ स्थानों पर सीएचसी बनाई गई है। वहीं जिले में 26 पीएचसी बनाई गई हैं और 185 हैल्थ सैंटर बनाए गए है। जिन पर लोगों को नजदीक स्वास्थय सेवा उपलब्ध करवाने का जिम्मा है। स्पेशलिस्ट चिकित्सकों व अन्य की कमी को लेकर स्वत: अंदाजा लगाया जा सकता है कि बिना चिकित्सकों के मरीजों को कैसे स्वास्थ्य सुविधाएं मिलें। 16 साल से रेडियोलॉजिस्ट का पद खाली

नागरिक अस्पताल में पिछले 16 साल से किसी भी रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति नहीं हुई है। बिना रेडियोलॉजिस्ट के कारण जिले के लोगों को निजी अस्पतालों में महंगी फीस पर अल्ट्रासाउंड करवाने पड़ रहे हैं। 
कभी वीआईपी डयूटी तो कभी कैंप बढा देते हैं परेशानी
चिकित्सकों की कमी के कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित होना लाजमी है। 
इसके अलावा कभी वीआईपी डयूटी तो कहीं कोई स्वास्थ्य कैंप तो कभी दिव्यांग कैंप के लिए चिकित्सकों को जाना पड़ता है। जिससे अस्पताल में आने वाले मरीजों को परेशानी होती है। मरीजों व उनके तिमारदारों को पता ही नही चल पाता है कि अस्पताल में उनके उपचार से संबंधित चिकित्सक है या नही। 
हर दिन हजारों की संख्या में होती है ओपीडी
नागरिक अस्पताल में ओपीडी की बात की जाए तो प्रतिदिन 1700 तक की ओपीडी होती है। सोमवार व मंगलवार को ओपीडी की संख्या 1800 से दो हजार तक पहुंच जाती है। ऐसे में सुबह होते ही चिकित्सकों के कमरे के आगे मरीजों की लाइन लग जाती हैं। रोजाना सैंकड़ों मरीज इलाज के लिए दूर-दूर के गांवों से सिविल अस्पताल पहुंचते हैं लेकिन डॉक्टरों की कमी से मरीजों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। 
*चिकित्सकों की कमी के बावजूद बेहतरीन सुविधाएं दे रहे* : *डा. सुमन*
सिविल सर्जन डा. सुमन कोहली ने बताया कि जिला को 18 चिकित्सक (एमओ) मिले हैं। इस समय विशेषज्ञों व चिकित्सकों की कमी के बावजूद भी जितनी सुविधाएं उपलब्ध हैं, उनके माध्यम से चिकित्सकों द्वारा अस्पताल में उपचार की बेहतर सुविधाएं देने का प्रयास किया जाता है। नए चिकित्सकों के ज्वायन करने से स्वास्थ्य सुविधाएं और बेहतर होंगी।
July 21, 2025

जींद में नाबालिग किशोरी के साथ रेप का सनसनीखेज मामला! रिश्तेदार के मकान पर ले जाकर किया बलात्कार

जींद में नाबालिग किशोरी के साथ रेप का सनसनीखेज मामला! रिश्तेदार के मकान पर ले जाकर किया बलात्कार
जींद : जींद जिले में एक 17 वर्षीय नाबालिग किशोरी के साथ रेप का सनसनीखेज मामला सामने आया है। नरवाना क्षेत्र के बेलरखां गांव के साहिल पर आरोप है कि उसने किशोरी को बहला-फुसलाकर जींद के पटियाला चौक के पास अपने रिश्तेदार के मकान पर ले जाकर उसके साथ जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाए। यह घटना 14 मई, 2025 को हुई। पीड़िता के पिता, जो अलेवा थाना क्षेत्र के एक गांव के निवासी हैं, ने शहर थाना पुलिस को शिकायत दी। उन्होंने बताया कि साहिल ने उनकी बेटी को धमकी दी कि यदि उसने घटना के बारे में किसी को बताया, तो वह उसकी जान ले लेगा।
*पीड़िता की आपबीती*

पीड़िता ने डर के कारण लंबे समय तक चुप्पी साधे रखी। लेकिन जब उसकी तबियत बिगड़ने लगी, तो उसने अपने परिजनों को इस दर्दनाक घटना के बारे में बताया। परिजनों ने तुरंत शहर थाना पुलिस से संपर्क किया और शिकायत दर्ज कराई। पीड़िता ने बताया कि साहिल ने उसे झूठे वादों और बहाने से अपने रिश्तेदार के मकान पर ले गया, जहां उसने इस घिनौने कृत्य को अंजाम दिया। डर और शर्मिंदगी के कारण किशोरी ने शुरू में यह बात छिपाई, लेकिन स्वास्थ्य बिगड़ने पर उसने हिम्मत जुटाकर सच उजागर किया
*पुलिस की कार्रवाई*

शहर थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए किशोरी का मेडिकल परीक्षण करवाया, जिसमें रेप की पुष्टि हुई। पुलिस ने आरोपी साहिल के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 376 (रेप), 506 (आपराधिक धमकी), और यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। शहर थाना प्रभारी मनीष कुमार ने बताया कि पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। हालांकि, साहिल अभी फरार है, और पुलिस उसकी तलाश में छापेमारी कर रही है।
*सामाजिक और कानूनी प्रभाव*

यह मामला न केवल जींद, बल्कि पूरे समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी है। नाबालिगों के खिलाफ बढ़ते यौन अपराधों ने समाज और प्रशासन के सामने कई सवाल खड़े किए हैं। पॉक्सो एक्ट के तहत सख्त प्रावधान होने के बावजूद, इस तरह की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही हैं। यह घटना समाज में जागरूकता और कठोर कानूनी कार्रवाई की आवश्यकता को रेखांकित करती है। स्थानीय निवासियों ने मांग की है कि आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर सख्त सजा दी जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।
*भविष्य के लिए सबक*

जींद में हुई इस घटना ने एक बार फिर नाबालिगों की सुरक्षा और उनके प्रति समाज की जिम्मेदारी पर ध्यान आकर्षित किया है। परिवारों को अपने बच्चों के साथ खुला संवाद बनाए रखने और उन्हें सुरक्षित माहौल प्रदान करने की जरूरत है। साथ ही, पुलिस और प्रशासन को ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए और सतर्कता बरतनी होगी। पॉक्सो एक्ट के प्रभावी कार्यान्वयन और समाज में जागरूकता अभियानों के माध्यम से ही इस तरह के अपराधों को कम किया जा सकता है। यह उम्मीद की जाती है कि पुलिस जल्द ही साहिल को गिरफ्तार कर पीड़िता को न्याय दिलाएगी।

Sunday, July 20, 2025

July 20, 2025

वुडस्टॉक स्कूल में शिक्षकों द्वारा विज्ञान सेमिनार का आयोजन

वुडस्टॉक स्कूल में शिक्षकों द्वारा विज्ञान सेमिनार का आयोजन
जींद: वुडस्टॉक स्कूल में विज्ञान विषय पर शिक्षकों द्वारा एक विशेष सेमिनार का आयोजन किया गया।जिसकी शुरुआत स्कूल के निदेशक डॉक्टर नरेंद्र नाथ शर्मा और प्राचार्या श्रीमती सुकीर्ति गौतम जी ने सरस्वती मां के सामने दीप प्रज्वलित करके की। सेमिनार में विज्ञान विषय की गहराई को सरल भाषा में समझाने के लिए शिक्षकों (श्रीमान संजू  रसायन से, मिस कोमल विज्ञान से, श्रीमान देवाकर भौतिकी, श्रीमान रामबाग जीव विज्ञान से)ने विभिन्न गतिविधियों, प्रेजेंटेशन और लाइव डेमोंस्ट्रेशन के माध्यम से विद्यार्थियों को वैज्ञानिक अवधारणाओं से परिचित कराया। इस सेमिनार का उद्देश्य विद्यार्थियों में जिज्ञासा को बढ़ाना, विज्ञान के प्रति रुचि विकसित करना तथा उनके प्रश्नों का समाधान देना था। विद्यालय के विज्ञान शिक्षकों ने दैनिक जीवन से जुड़ी वैज्ञानिक घटनाओं को उदाहरण के रूप में प्रस्तुत कर विषय को और अधिक रोचक बना दिया।
विद्यालय के निदेशक डॉक्टर नरेंद्र नाथ शर्मा जी और उपनिदेशक श्री आशुतोष शर्मा जी ने शिक्षकों के इस प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि "वुडस्टॉक स्कूल के शिक्षक न केवल पाठ्यपुस्तक का ज्ञान देते हैं, बल्कि छात्रों में तार्किक सोच और समस्या समाधान का दृष्टिकोण भी विकसित करते हैं। ऐसे कार्यक्रम बच्चों को भविष्य के लिए तैयार करते हैं।"
प्रधानाचार्या श्रीमती सुकीर्ति गौतम जी ने भी शिक्षकों की प्रशंसा करते हुए कहा कि "हमारे शिक्षक बच्चों के भीतर छिपी प्रतिभा को पहचानने और उन्हें विज्ञान जैसे विषय को रुचिकर बनाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। इस सेमिनार के माध्यम से बच्चों को विज्ञान के महत्व को समझने का बेहतरीन अवसर मिला है।"
सेमिनार के समापन पर छात्रों ने अपने अनुभव साझा करते हुए कार्यक्रम की खूब सराहना की और शिक्षकों का धन्यवाद किया। विद्यालय परिवार ने भविष्य में भी ऐसे शैक्षणिक सेमिनार आयोजित करते रहने का संकल्प लिया।

Saturday, July 19, 2025

July 19, 2025

हमारे मुख्यमंत्री अपनी हंसी से विपक्षियों की नींद उडाए हैं : डा. कृष्ण मिड्ढा

हमारे मुख्यमंत्री अपनी हंसी से विपक्षियों की नींद उडाए हैं : डा. कृष्ण मिड्ढा
जींद को विकास के मामले में आगे ले जाने का काम कर रहे
जींद : हरियााणा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर डा. कृष्ण मिड्ढा ने कहा कि जिस समय जरासंध का भगवान कृष्ण के साथ युद्ध चल रहा था। जरासंध ने एक षडय़ंत्रकारी कालियावन को कहा कि युद्ध है और कृष्ण हमे हरा चुके हैं। तुम अगर कृष्ण के साथ षडय़ंत्र कर दोगे तो हम जीत जाएंगे। कालियावन ने कहा कि मैं कृष्ण को कैसे पहचानुंगा। तो जरासंध ने कहा था कि जो विपरित परिस्थितियों में मुस्कराते मिलें वो श्रीकृष्ण हैं। ऐसे ही हमारे मुख्यमंत्री अपनी हंसी से विपक्षियों की नींद उडाए हैं। 
दिल्ली सीएम रेखा गुप्ता के लिए डा. मिड्ढा ने कहा कि जा के कोई कह दे, शोलों से, चिंगारी से, इस बार दिल्ली में फूल खिला है तैयारी से। जैसे छुटकारा मिला है किसी बीमारी से। आप सब जानते हैं कि दिल्ली में कांग्रेस और आप ने हाहाकार मचाई, उससे छुटकारा भाजपा मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता दिला रही हैं। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जींद की बेटी को दिल्ली का सीएम चुनने का धन्यवाद किया। प्रदेशाध्यक्ष मोहनलाल बडौली ने त्याग कर युद्ध स्तर पर काम किया और तीसरी बार हरियाणा में सरकार भाजपा की बनी। कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी का काम सबको पसंद आ रहा है।  दादा राजकुमार गौतम लगातार विकास करवा रहे हैं। उचाना विधायक देवेंद्र अत्री लगातार लोगों के बीच रहते हैं। भाजपा का एक-एक कार्यकर्ता जनता के बीच रहते हैं। 
हरियााणा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर डा. कृष्ण मिड्ढा ने कहा कि कांग्रेस को लगता था कि इस बार सरकार उनकी होगी लेकिन यह उनकी गलतफहमी थी। कांग्रेस को पता नही था कि भाजपा ने जो काम किए हैं तो तीसरी बार सरकार भाजपा की बनेगी। चिरायू योजना, आयुष्मान योजना के तहत देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह योजना बनाई कि पैसे की कमी से कोई भी भगवान के पास नही जाएगा। आज जींद नौ-नौ नैशनल हाइवे से जुडा है। जींद ही ऐसा जिला है जो नौ हाइवों से जुडा है। मेडिकल कालेज, पैरामेडिकल कालेज, ट्रामा मेडिकल जींद में बन रहा है। उनके पिता ने सीआरएसयू को रीजनल सेंटर से विश्वविद्यालय में तबदील करवाया। आज विश्वविद्यालय में 200 करोड़ रुपये से काम चल रहा है। स्वामीत्व योजना से लोगों को मालिकाना हक मिला। किसी भी पार्टी का व्यक्ति हो वो कहता है कि मुख्यमंत्री के दरवाजे हर व्यक्ति के लिए खुले हैं। देश के प्रधानमंत्री ने जो उन्हें जिम्मेवारी सौंपी है, उस पर वो निरंतर खरा उतर रहे हैं। नफरतें भरी पड़ी हैं, ना पालो इसे, दिल में खलिश है, निकालो इसे। ना तेरा, ना मेरा यह वतन है सबका, बचा लो इसे। आज हमारा वतन सुरक्षित हाथों में है। हमारी तीनों सेनाओं ने बहादुरी का जो काम किया वो सबने देखा।