Breaking

Showing posts with label National News. Show all posts
Showing posts with label National News. Show all posts

Wednesday, October 5, 2022

October 05, 2022

WhatsApp का बड़ा कदम: अब व्हाट्सएप पर नहीं ले पाएंगे स्क्रीनशॉट्स, जारी हुआ नया सुरक्षा फीचर

WhatsApp का बड़ा कदम: अब व्हाट्सएप पर नहीं ले पाएंगे स्क्रीनशॉट्स, जारी हुआ नया सुरक्षा फीचर

इंस्टेंट मैसेजिंग एप व्हाट्सएप (Whatsapp) ने यूजर्स की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक और नए फीचर्स को जारी कर दिया है। व्हाट्सएप में अब व्यू वन्स मैसेज से किए गए मैसेज का स्क्रीनशॉट्स नहीं लिया जा सकेगा। इस फीचर्स के बाद अब यूजर्स की चैट और अधिक सुरक्षित हो जाएगी। बता दें कि पिछली साल अगस्त में व्हाट्सएप ने यूजर्स की सुरक्षा को बढ़ाने के लिए व्यू वन्स मैसेज फीचर जारी किया था। इसके एक साल बाद यानी अगस्त 2022 में मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने व्यू वन्स मैसेज में स्क्रीनशॉट लेने की सुविधा को बंद करने का एलान किया था।
मार्क जुकरबर्ग ने कई सिक्योरिटी फीचर जारी करते हुए कहा था कि वे WhatsApp की सिक्योरिटी को अब और मजबूत करने जा रहे हैं। इसके लिए हम व्यू वन्स मैसेज (View Once Messages) फीचर में एक और नए फीचर को शामिल कर रहे हैं, इससे व्हाट्सएप यूजर्स की चैट को और अधिक सुरक्षित रखा जा सकता है। इस फीचर में व्यू वन्स मैसेज से किए गए मैसेज का स्क्रीनशॉट्स नहीं लिया जा सकेगा।
व्हाट्सएप का यह स्क्रीनशॉट्स ब्लॉकिंग फीचर्स गूगल-पे और फोन-पे की तरह काम करता है, जो यूजर्स को अपने प्लेटफॉर्म पर स्क्रीनशॉट्स लेने की अनुमति नहीं देता है। ऐसे ही अब व्हाट्सएप पर भी व्यू वन्स मैसेज से किए गए मैसेज का स्क्रीनशॉट्स नहीं लिया जा सकेगा
*ऐसे करता है काम*

इस फीचर की मदद से आप अपनी चैट को सेफ रख सकते हैं। इससे पहले व्यू वन्स मैसेज फीचर को भी यूजर्स की प्रायवेसी को ध्यान में रखकर लाया गया था, इस फीचर से किए गए मैसेज को केवल एक बाद ही देखा जा सकता था। व्हाट्सएप के इस फीचर के बाद यूजर्स की प्रायवेसी को और अधिक सुरक्षित रखा जा सकता है। नए फीचर्स के बाद व्यू वन्स मैसेज (View Once Messages) से किए गए मैसेज को व्हाट्सएप स्क्रीनशॉट्स के लिए ब्लॉक कर देता है, फिर अन्य यूजर उसको सिर्फ एक बार देख सकता है। अन्य यूजर उस मैसेज को न सेव कर सकता है और न उसका स्क्रीनशॉट्स ले सकता है। साथ ही यूजर्स व्यू वन्स मैसेज से किए गए मैसेज को स्क्रीन रिकॉर्ड के जरिए भी रिकॉर्ड नहीं किया जा पाएगा।

Wednesday, September 14, 2022

September 14, 2022

दिल्ली में अब फ्री बिजली नहीं मिलेगी, अगर नहीं किया यह काम, आएगा मोटा बिल

दिल्ली में अब फ्री बिजली नहीं मिलेगी, अगर नहीं किया यह काम, आएगा मोटा बिल

नई दिल्ली : दिल्ली वासियों के लिए उनकी आम आदमी पार्टी की सरकार ने एक बड़ा फैसला लागू कर दिया है। दरअसल, यह फैसला फ्री बिजली को लेकर है। सीएम अरविन्द केजरीवाल ने आज एक प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए जानकारी दी है कि 1 अक्टूबर 2022 से दिल्ली में सबको बिजली पर सब्सिडी नहीं दी जाएगी। यानि फ्री बिजली नहीं मिलेगी। 
केजरीवाल ने बताया कि दिल्ली में अब सिर्फ उन्हीं लोगों को फ्री बिजली मिलेगी। जो इसके लिए अप्लाई करेंगे। केजरीवाल ने कहा कि 30 सितंबर से पहले दिल्ली वालों को फ्री बिजली के लिए अप्लाई करना होगा। अगर उन्होंने ऐसा नहीं किया तो फिर उन्हें 1 अक्टूबर से बिजली का पूरा बिल देना पड़ेगा। बतादें कि, दिल्ली में 200 यूनिट तक बिजली फ्री है। जबकि 201 से 400 यूनिट पर 50 फीसद बिजली बिल वसूला जाता है। दिल्ली में टोटल 58 घरेलू बिजली उपभोक्ता हैं। जिनमें से 30 लाख लोगों का जीरो बिल आ रहा है। 
*बिजली सब्सिडी के लिए हर माह भी कर सकते हैं अप्लाई*

हालांकि, ऐसा नहीं है कि आप सितंबर में फ्री बिजली के लिए अप्लाई नहीं कर पाए तो आगे नहीं कर पायेंगे। दरअसल, आप सितंबर के बाद भी फ्री बिजली के लिए अप्लाई कर सकते हैं लेकिन यहां एक घाटा आपको यह होगा कि आपसे मौजूदा या पिछले महीने का पूरा बिल वसूला जाएगा। अप्लाई करने वाले महीने के अगले महीने से ही आपकी बिजली फ्री होगी। 
*फ्री बिजली पाने के लिए जान लें तरीका*

बतादें कि, दिल्ली की केजरीवाल सरकार से फ्री बिजली जारी रखने के लिए आपको कुछ इस प्रकार से अप्लाई करना होगा। आप फ्री बिजली के लिए केजरीवाल सरकार द्वारा जारी मोबाइल नंबर 7011311111 पर एक मिस्ड कॉल कर सकते हैं। जिसके बाद आपके मैसेज बॉक्स में लिंक आ जाएगा। उस लिंक जैसे ही आप क्लिक करेंगे। आपको एक फार्म मिलेगा। जिसे आपको भर देना है। 
इसके आलावा आप इस नंबर के जरिये व्हाट्सअप पर Hi लिखकर भेज सकते हैं। जिसके बाद आपके पास व्हाट्सअप पर फार्म भेज दिया जाएगा। इसे भरकर आपको व्हाट्सअप पर ही दोबारा सेंड कर देना है। 
*फ्री बिजली के लिए ऑफलाइन भी हो जाएगा अप्लाई*

बतादें कि, आप फ्री बिजली के लिए ऑफलाइन भी अप्लाई कर सकते हैं। केजरीवाल सरकार आपको बिजली बिल के साथ एक फार्म भेजेगी। जिसे भरकर आपको अपने नजदीकी बिजली कार्यालय में जमा कराना होगा  ।
September 14, 2022

भारत के समुद्री इलाके से पाकिस्तानी नाव जब्त, 200 करोड़ की ड्रग्स बरामद

भारत के समुद्री इलाके से पाकिस्तानी नाव जब्त, 200 करोड़ की ड्रग्स बरामद

भारतीय तटरक्षक बल (ICG) ने भारतीय समुद्री सीमा से एक पाकिस्तानी नाव जब्त की है। नाव से 40 किलोग्राम ड्रग्स (हेरोइन) बरामद की गई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत 200 करोड़ रुपए बताई जा रही है। नाव के साथ चालक दल के 6 लोगों को भी गिरफ्तार किया गया है। 

ये कार्रवाई गुजरात ATS के खुफिया इनपुट के आधार पर कई गई है। जानकारी के मुताबिक ICG को 13 सितंबर की रात को भारतीय समुद्री सीमा में पाकिस्तान नाव के होने की खुफिया जानकारी मिली। सूचना मिलते ही 2 जहाजों को फोरन गश्त के लिए भेजा गया। 
देर रात अचानक एक पाकिस्तानी नाव भारतीय जल समुद्री क्षेत्र में नजर आई. गश्ती कर रहे भारतीय जहाजों ने उन्हें रुकने का अलर्ट जारी किया। आरोपियों की थोड़ी टालमटोली के बाद नाव को जब्त कर लिया गया। 

नाव की तलाशी लेने पर उसमें 40 किलोग्राम ड्रग्स मिली। जांच एजेंसियों के द्वाच जांच लिए जाने के लिए नाव को जखाउ लाया जा रहा है। पिछले एक साल में भारतीय तटरक्षक बल और एटीएस गुजरात का इस तरह का यह पांचवां संयुक्त अभियान है। 
*पहले भी हुई ड्रग्स की बरामदगी*

1. 6 सितंबर को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने नार्को-टेरर पर बड़ी कार्रवाई की थी ।
पुलिस ने 1200 करोड़ रुपए की ड्रग्स जब्त की थी। इस ड्रग्स को बेचकर आने वाली रकम का इस्तेमाल हिंदुस्तान के खिलाफ आतंकी गतिविधियों में किया जाना था। 
2. 16 अगस्त को ACB के साथ मिलकर मुंबई पुलिस ने करीब 513 किलोग्राम एमडी (मेपेहड्रोन) दवा जब्त की थी। जब्त की गई दवाओं की कीमत अंतरराष्ट्रीय स्तर पर करीब 1,026 करोड़ रुपए थी। एंटी नारकोटिक्स सेल की वर्ली यूनिट ने गुजरात के भरूच में इस ड्रग फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया था। यह फैक्ट्री अंकलेश्वर इलाके से चलाई जा रही थी। 
3. गुजरात के मुंद्रा पोर्ट पर भारी मात्रा में ड्रग्स पकड़ी गई थी। 3000 किलो पकड़े गए ड्रग्स के तार गुजरात से लेकर दिल्ली और अफगानिस्तान से लेकर दुबई तक से जुड़ते दिख रहे हैं। वहीं इस मामले में NIA की रडार पर दिल्ली का एक बड़ा बिजनेसमैन कबीर तलवार भी है, जो सम्राट होटल में Playboy नाम से एक प्राइवेट क्लब का मालिक है. उसे जल्द ही गिरफ्तार भी किया जा सकता है।

Tuesday, September 13, 2022

September 13, 2022

मक्का मस्जिद में शख्स ने किया ऐसा काम, Video देख भड़के मुस्लिम, हुई गिरफ्तारी

मक्का मस्जिद में शख्स ने किया ऐसा काम, Video देख भड़के मुस्लिम, हुई गिरफ्तारी

सऊदी अरब के मक्का शहर में यमन के एक नागरिक को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोप है कि यह शख्स क्वीन एलिजाबेथ के नाम का उमराह कर रहा था, जबकि किसी गैर मुसलमान के लिए ऐसा करना बिल्कुल मना है। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद शख्स को गिरफ्तार कर लिया गया। 
फोटो- गिरफ्तार हुआ यमन का नागरिक

सऊदी अरब पुलिस ने धार्मिक नगरी मक्का से यमन के एक नागरिक को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार हुआ यह शख्स ब्रिटेन की क्वीन एलिजाबेथ के निधन के बाद उनके नाम पर उमराह करने पहुंचा था। मक्का की बड़ी मस्जिद में बैनर हाथ में लिए इस शख्स का वीडियो क्लिप वायरल हो गया, जिसके ऊपर सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं मिलने लगीं। लोगों ने सोशल मीडिया पर शख्स को गिरफ्तार करने की मांग की। जिसके बाद यमन के शख्स को पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
दरअसल, इस्लाम में उमराह 15 दिनों का एक धार्मिक तरीका है, जिस दौरान इंसान सिर्फ नमाज और अल्लाह की बातों पर ध्यान देता है। उमराह के दौरान मर चुके लोगों की आत्मा की शांति के लिए दुआ भी की जाती है। लेकिन मृतक सिर्फ मुस्लिम ही होने चाहिए। 
*क्या लिखा था बैनर में ?*

यमन के शख्स ने जिस बैनर को हाथ में लिया हुआ है, उसमें लिखा है कि, महारानी एलिजाबेथ द्वितीय की आत्मा के लिए उमरा. हम खुदा से कहते हैं कि क्वीन को जन्नत में जगह मिले.  
यमन के इस शख्स ने वीडियो क्लिप बनाकर सोशल मीडिया पर शेयर की। जिसके बाद वीडियो जमकर वायरल हो गई। ट्विटर लोगों का वीडियो को देखते ही गुस्सा भड़क गया, जिसके बाद शख्स की गिरफ्तारी की मांग की जाने लगी। 
*जो मुसलमान नहीं, उसके नाम का उमराह भी नहीं*

यूं तो सऊदी अरब के मक्का शहर में श्रद्धालुओं को किसी भी तरह का बैनर या नारे लगाने के लिए मना किया जाता है। लेकिन अगर किसी का कोई अपना दुनिया में नहीं रहा है तो उसकी आत्मा की शांति के लिए उमराह किया जा सकता है। 

हालांकि,  सिर्फ मुस्लिम मृतक के लिए ही उमराह किए जाने की अनुमति मिलती है। अगर कोई दूसरे धर्म के व्यक्ति के नाम पर उमराह करना चाहेगा तो उसे अनुमति नहीं दी जाएगी। 
*वीडियो वायरल होते ही पुलिस का तुरंत एक्शन*

वीडियो वायरल होने पर सऊदी पुलिस ने इस मामले में तेजी से एक्शन लेते हुए बड़ी मस्जिद की क्लिप में दिखने वाले यमन के नागरिक को गिरफ्तार कर लिया। 
सऊदी अरब सरकार की ओर से बताया गया है कि मस्जिद के अंदर किसी गैर मुसलमान के नाम उमराह करना नियमों के खिलाफ है, जिसकी वजह से यमन के नागरिक की गिरफ्तारी की गई है।

Monday, September 12, 2022

September 12, 2022

ज्ञानवापी पर वाराणसी में मुस्लिम महिलाओं ने जश्न मनाया, बाबा भोले की उतारी आरती

ज्ञानवापी पर वाराणसी में मुस्लिम महिलाओं ने जश्न मनाया, बाबा भोले की उतारी आरती

वाराणसी के ज्ञानवापी स्थित श्रृंगार गौरी के नियमित दर्शन पूजन और अन्य विग्रहों के संरक्षण मामले में जिला अदालत ने सोमवार को हिंदू पक्ष के हक में अपनी स्वीकृति दी है। अदालत ने ज्ञानवापी परिसर में मौजूद मां श्रृंगार गौरी मंदिर में पूजा की अनुमति देने वाली याचिका को सुनवाई योग्य माना है। जिला जज डॉ. एके विश्वेश ने फैसला सुनाते हुए मुस्लिम पक्ष की अपील खारिज कर दी। अब अगली सुनवाई के लिए 22 सितंबर की तारीख तय की गई है। इस फैसले के बाद हिंदू पक्ष में खुशी का माहौल है। वहीं, मुस्लिम पक्ष अब आगे की रणनीति बनाने में जुट गया है।

वहीं लमही स्थित सुभाष भवन में मुस्लिम महिलाओं ने भगवान शिव की आरती उतारकर बैंड-बाजे के साथ जश्न मनाया। महिलाओं ने कहा कि वह ज्ञानवापी मामले में शुरू से ही सच के साथ हैं और औरंगजेब के कलंक से काशी विश्वनाथ मंदिर को मुक्त कराना चाहती हैं। बार-बार मुसलमानों से अपील कर रही हैं कि जिसका जो हक है उसे वो खुद सौंप दें, तभी इस्लाम की इज्जत बढ़ेगी। नीचे की स्लाइड्स में देखें...
*मुस्लिम महिलाओं ने भगवान शिव की उतारी आरती*

मुस्लिम महिला फाउंडेशन की नेशनल सदर नाजनीन अंसारी के नेतृत्व में मुस्लिम महिलाओं ने ओम नम: शिवाय... के साथ आरती कर संदेश दिया कि वह किसी कीमत पर नफरत नहीं फैलने देंगी। काशी की गंगा जमुनी तहजीब को बर्बाद नहीं होने देंगी।  
*मुस्लिम महिलाओं ने भगवान शिव की उतारी आरती*

नाजनीन अंसारी ने कहा कि जब हमारे पूर्वज हिंदू थे तो वो तो आदि विश्वेश्वर की पूजा करते ही थे। हम सभी अदालत के फैसले का सम्मान करते हैं। इतिहासकार एवं विशाल भारत संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. राजीव श्रीवास्तव ने कहा कि मासिर-ए-आलमगीरी में स्पष्ट रूप से साकी मुस्तईद खान ने औरंगजेब के मंदिर तोड़ने की बात लिखी है। 1710 ई0 में लिखी गयी पुस्तक सबसे बड़ा प्रमाण है। मुस्लिम पक्ष को अपना दावा छोड़ देना चाहिए। 
*भगवान शिव की आरती उतारकर बैंड-बाजे के साथ जश्न मनाया*

उन्होंने कहा कि भारत के किसी मुसलमान को मंगोलों का पक्ष नहीं लेना चाहिए, क्योंकि इन्हीं मंगोलों ने अंतिम खलीफा की हत्या की थी। आज का फैसला वर्षों पहले हुए अन्याय और अत्याचार के खिलाफ जीत की पहली सीढ़ी है। इस दौरान नजमा परवीन, नाजिया बेगम, नगीना अंजुम, मुन्नी बेगम, नाजमा, अहसीन आदि मुस्लिम महिलाओं के साथ अर्चना भरतवंशी, डॉ. मृदुला जायसवाल, खुशी भारतवंशी, इली भारतवंशी, उजाला भारतवंशी शामिल रहीं।
विज्ञापन
*अंजुमन इंतजामिया मस्जिद कमेटी के अधिवक्ता मेराजुद्दीन सिद्दीकी*

इधर, कोर्ट के फैसले पर  मुस्लिम पक्ष के वकील मेराजुद्दीन सिद्दीकी ने अदालत पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा है कि यह न्यायोचित नहीं है। उन्होंने कहा, हम इस खिलाफ ऊपरी अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे। जज साहब ने सुनवाई को स्वीकृति 1991 के संसद के कानून को दरकिनार कर दी है। ऊपरी अदालत के दरवाजे हमारे लिए खुले हैं। न्यायपालिका आपकी है। आप संसद के नियम को नहीं मानेंगे।
*वाराणसी कोर्ट परिसर के बाहर वादी महिलाएं*

ज्ञानवापी श्रृंगार गौरी विवाद में पोषणीयता के मामले में वाराणसी के जिला जज एके विश्वेश की अदालत में बीते 24 अगस्त को सुनवाई पूरी हुई थी। सिविल के अभी तक के मामलों में पोषणीयता के मुकदमे में सबसे लंबी सुनवाई हुई है। इस मामले में रूल 7/11 लागू होगा या रूल 6/11 लागू होगा, इसी बात की मुख्य बहस पर 21 दिन की सुनवाई हुई।
*हिंदू पक्ष के वकील हरिशंकर जैन*

जिला जज की स्वीकृति के बाद हिंदू पक्ष के वकील हरिशंकर जैन ने इसे सत्य की जीत करार दिया। उन्होंने कहा, अब हम आर्कियोलॉजिकल सर्वे की मांग करेंगे। कमीशन की कार्रवाई में काफी हद तक स्थिति साफ हो चुकी है। हम ज्ञानवापी की सच्चाई सामने लाने के लिए सभी तथ्यों को अदालत में रखेंगे। आगे भी हमारी जीत निश्चित है।

Tuesday, September 6, 2022

September 06, 2022

बेटे को दिया बर्थडे गिफ्ट 'चांद का टुकड़ा':MOON पर 2 एकड़ जमीन खरीदी, पता- लेक ऑफ हैपिनेस ट्रैक 55 पार्सल 10071

बेटे को दिया बर्थडे गिफ्ट 'चांद का टुकड़ा':MOON पर 2 एकड़ जमीन खरीदी, पता- लेक ऑफ हैपिनेस ट्रैक 55 पार्सल 10071

फतेहाबाद : हरियाणा के फतेहाबाद में एक पिता ने अपने बेटे को पहले बर्थडे पर अनोखा गिफ्ट दिया है। टोहाना के कारोबारी वरुण सैनी ने अपने बेटे लव के लिए चांद पर जमीन खरीदी है। इसके लिए उसके पास अमेरिका से इंटरनेशनल लूनर लैंड अथॉरिटी की तरफ से लूनर प्रॉपर्टी का रजिस्टर्ड कलेम डीड भी आ गया है। हरियाणा का यह दूसरा मामला है।
वरुण ने बताया कि उसके एक वर्ष के बेटे का जन्म दिन आ रहा था तो उसने अमेरिका में स्थित इंटरनेशनल लूनर लैंड अथॉरिटी को चांद पर जमीन खरीदे के लिए अप्लाई किया था। करीब डेढ़ माह के प्रोसेस के बाद आखिरकार अब उसे रजिस्ट्रेशन मिल गई है। जिसमें उसकी जमीन का नक्शा भी मिला है। करीब 2 एकड़ यह जमीन है और इस पर क्या खर्चा आया, यह वे नहीं बताना चाहते, क्योंकि उनके बेटे के लिए यह अमूल्य गिफ्ट है।

यह जमीन चांद पर लेक ऑफ हैपिनेस 1872 नॉर्थ लैटिट्यूड 502 इस्ट लांगीट्यूड ट्रैक 55 पार्सल 10071 में स्थित है। उन्होंने बताया कि अब अपनी प्रॉपर्टी पर नजर रखने के लिए वे एक टेलीस्कोप भी खरीदेंगे। साथ ही मजाक में कहा कि ऐलन मस्क का उन्हें इंतजार है कि कब वे लोगों को चांद पर ले जाएंगे, तब वे चांद पर जाएंगे।
अमेरिका से इंटरनेशनल लूनर लैंड अथॉरिटी की तरफ से लूनर प्रॉपर्टी का रजिस्टर्ड कलेम डीड भेजा गया।
September 06, 2022

Facebook यूजर्स को झटका! कंपनी बंद करने जा रही है ये फीचर, यूजर्स नहीं कर पाएंगे ये काम

Facebook यूजर्स को झटका! कंपनी बंद करने जा रही है ये फीचर, यूजर्स नहीं कर पाएंगे ये काम

Facebook और दूसरी टेक कंपनियां कई फीचर्स को समय-समय पर बंद करती रहती हैं। ज्यादातर कम यूज होने वाले फीचर को ही बंद किया जाता है। इस बार Facebook भी अपने एक फीचर को बंद कर रहा है. इससे कई यूजर्स प्रभावित होंगे। कंपनी ने बताया है कि फेसबुक का ये फीचर को अगले महीने से बंद हो जाएगा।
Facebook काफी ज्यादा पॉपुलर सोशल मीडियो प्लेटफॉर्म है। भारत में कई यूजर्स इस सोशल मीडिया नेटवर्क को यूज करते हैं। लेकिन, कंपनी यूजर्स को एक झटका देने वाली है। Facebook का एक फीचर जल्द बंद होने वाला है। जिससे यूजर्स अगले महीने ने उस फीचर को इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे।
हम जिस फीचर की बात यहां कर रहे हैं उसका नाम Neighborhoods है। ये हाइपरलोकल फीचर है. इस फीचर को 1 अक्टूबर से बंद कर दिया जाएगा  इस फीचर की मदद से लोग अपने आसपास के लोगों के साथ कनेक्ट हो पाते थे।

इसके अलावा वो अपने एरिया में नई जगहों को भी डिस्कवर कर सकते थे। ये लोकल कम्युनिटी का हिस्सा है। इस फीचर को सबसे पहले कनाडा और अमेरिका जैसे देशों में साल 2022 में रोलआउट किया गया था। इसमें यूजर्स के पास च्वॉइस थी वो सर्विस को ज्वॉइन करके सेपरेट प्रोफाइल बना सकते थे।
*भारत में नहीं आया था फीचर*

हालांकि, इस फीचर को बड़े स्तर पर जारी नहीं किया गया है. इसको लेकर बताया गया कि मेटा को इसकी अहमियत समझ नहीं आई। Neighborhoods को शट डाउन करने का डिसीजन भी यही दिखाता है। लेकिन, कंपनी ने इसको लेकर कोई स्पष्ट कारण नहीं दिया है।
कंपनी अभी कॉस्ट कटिंग पर काम कर रही है। इससे कंपनी को जरूर मदद मिलेगी। इसके अलावा Neighborhoods के बंद होने से कंपनी के शेयरहोल्डर्स को भी कोई खास नुकसान नहीं होगा। इस वजह से भी कंपनी ने इसको बंद करने का फैसला किया है।
कंपनी ने एक स्टेटमेंट में बताया कि Neighborhoods को लॉन्च करने का मकसद लोकल कम्युनिटी को साथ लाना था। लेकिन, कंपनी ने सीखा है कि इसके लिए सबसे बढ़िया तरीका ग्रुप्स हैं। इसके लिए कंपनी ने कुछ गाइडलाइन्स भी तैयार किए थे। 1 अक्टूबर से ये सर्विस बंद हो जाएगी।

Friday, September 2, 2022

September 02, 2022

WhatsApp पर 24 लाख अकाउंट हुए बंद: कंपनी की बड़ी कार्रवाई, इस लिस्ट में कहीं आप तो नहीं? देख लीजिए

WhatsApp पर 24 लाख अकाउंट हुए बंद: कंपनी की बड़ी कार्रवाई, इस लिस्ट में कहीं आप तो नहीं? देख लीजिए

सोशल मीडिया के एक बेहद पॉपुलर प्लेटफार्म WhatsApp की बड़ी कार्रवाई सामने आई है| बताया जाता है कि, व्हाट्सएप ने सिर्फ एक महीने के अंदर-अंदर भारत में लगभग 24 लाख अकाउंट्स को बैन कर दिया है। यानि ये अकॉउंटस सिरे से बंद कर दिए गए हैं| इस बात की जानकारी कंपनी ने अपनी मंथली कंप्लायंस रिपोर्ट में दी है।

*इन अकाउंट्स पर गतिविधि सही नहीं थी*

WhatsApp द्वारा बताया गया है कि, इन अकाउंट्स पर गतिविधि सही नहीं थी| इन अकाउंट्स की प्रोफाइल, इनका कंटेंट सही नहीं पाया गया| इसलिए इन्हें प्रोएक्टिवली प्रतिबंधित करना पड़ा| मसलन, इन अकाउंट्स को बैन करने के लिए यूजर्स से कोई रिपोर्ट भी नहीं ली गई है। इन्हें सीधा बंद ही कर दिया गया।
*23,87,000 से ज्यादा अकाउंट्स पर बैन*

दरअसल, WhatsApp की लेटेस्ट रिपोर्ट 'इंडिया मंथली रिपोर्ट अंडर द इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (इंटरमीडियरी गाइडलाइंस एंड डिजिटल मीडिया एथिक्स कोड) रूल्स, 2021' के मुताबिक, WhatsApp ने जुलाई महीनें में भारत में 23,87,000 से ज्यादा अकाउंट्स पर बैन लगाया है|
यह पढ़ें - WhatsApp पर खास सावधानी बरतें: अगर बना रखे हैं Groups और खुद हैं Admin तो ये 5 गलतियां आपको सीधा पहुंचाएंगी जेल

फिलहाल, कंपनी द्वारा लगभग 24 लाख अकाउंट्स पर बैन लगाना एक बड़ा नंबर है। बतादें कि, इससे पहले मार्च में 18 लाख अकाउंट्स पर, अप्रैल में 16 लाख अकाउंट्स पर और मई में 19 लाख अकाउंट्स पर और जून में 22 लाख अकाउंट्स पर प्रतिबंध लगाया गया था|
*फेसबुक और इंस्टाग्राम की भी कार्रवाई*

इधर, सिर्फ WhatsApp ने ही कार्रवाई नहीं की है| इसकी साझा कम्पनी मेटा ने भी खुलासा किया है कि उसने जुलाई में फेसबुक और इंस्टाग्राम से 2.7 करोड़ से ज्यादा पोस्ट्स हटा दिए हैं। कंपनी ने हिंसक कंटेंट हटाया है| कपंनी ने कहा कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म सरकार के नियमों का पालन कर रहा है।
September 02, 2022

Supreme Court से संस्कृत को राष्ट्रभाषा घोषित करने की याचिका खारिज, सरकार के पास जाने की दी गई नसीहत

Supreme Court से संस्कृत को राष्ट्रभाषा घोषित करने की याचिका खारिज, सरकार के पास जाने की दी गई नसीहत

नई दिल्ली : संस्कृत को भारत की राष्ट्रीय भाषा बनाने की मांग को बड़ा झटका लगा है। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को एक याचिका खारिज कर दी जिसमें संस्कृत को भारत की राष्ट्रीय भाषा बनाने की घोषणा की मांग की गई थी। जस्टिस एमआर शाह और जस्टिस कृष्ण मुरारी की पीठ ने यह कहते हुए याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया कि किसी भाषा को 'राष्ट्रीय' का दर्जा देना एक नीतिगत निर्णय है। कोर्ट ने कहा कि इसके लिए संविधान में संशोधन की आवश्यकता है और यह अदालत द्वारा आदेशित नहीं है।
*संसद को रिट जारी नहीं की जा सकती*

पीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि यह नीतिगत निर्णय के दायरे में आता है और इसके लिए भारत के संविधान में संशोधन किया जाने की जरूरत है। शीर्ष अदालत ने कहा कि किसी भाषा को राष्ट्रीय भाषा घोषित करने के लिए संसद को कोई रिट जारी नहीं की जा सकती है।
*याचिकाकर्ता से पूछे कई सवाल*

शीर्ष अदालत ने याचिकाकर्ता से सुनवाई के दौरान कई सवाल पूछे। कोर्ट ने कहा कि क्या आपको पता है भारत में कितने शहर संस्कृत बोलते हैं? क्या आप संस्कृत बोलते हैं? क्या आप संस्कृत में एक पंक्ति का पाठ कर सकते हैं या कम से कम अपनी रिट याचिका में की गई अपील का संस्कृत में अनुवाद कर सकते हैं। यह जनहित याचिका सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी और वकील केजी वंजारा ने दायर की थी।
*सरकार के पास जाने को कहा*

याचिकाकर्ता के वकील ने कहा कि संस्कृत एक 'मातृभाषा' है जिससे अन्य भाषाओं ने प्रेरणा ली है। याचिका पर विचार करने से इनकार करते हुए शीर्ष अदालत ने कहा कि याचिकाकर्ता सरकार के समक्ष इस तरह का अभ्यावेदन दायर करने के लिए स्वतंत्र हो सकता है।
बता दें कि याचिका में केंद्र सरकार को यह कहते हुए संस्कृत को राष्ट्रभाषा के रूप में अधिसूचित करने का निर्देश देने की मांग की गई है कि इस तरह के कदम से मौजूदा संवैधानिक प्रावधानों में खलल नहीं पड़ेगा जो अंग्रेजी और हिंदी को देश की आधिकारिक भाषाओं के रूप में प्रदान करते हैं।
September 02, 2022

पायलटों की हड़ताल से लुफ्थांसा की 800 फ्लाइट्स रद्द:दिल्ली एयरपोर्ट पर फंसे यात्रियों का हंगामा, कहा- किराया वापस दो या फिर जाने का इंतजाम करो

पायलटों की हड़ताल से लुफ्थांसा की 800 फ्लाइट्स रद्द:दिल्ली एयरपोर्ट पर फंसे यात्रियों का हंगामा, कहा- किराया वापस दो या फिर जाने का इंतजाम करो

नई दिल्ली : जर्मनी की लुफ्थांसा एयरलाइंस के पायलट वेतन बढ़ाने की मांग को लेकर शुक्रवार को एक दिन की हड़ताल पर हैं। इसके चलते एयरलाइंस का पूरा सिस्टम हिल गया है। दुनियाभर में आज लुफ्थांसा की 800 उड़ानों को रद्द किया गया है। इससे दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर भी 700 से ज्यादा यात्री फंसे हैं। फ्लाइट्स रद्द होने से यात्रियों ने एयरपोर्ट पर हंगामा किया, उनका कहना है कि हमारा किराया वापस करो या फिर जाने का इंतजाम करो।
*दिल्ली से उड़ान भरने वाली दो फ्लाइट्स रद्द*

फ्लाइट रद्द होने से गुस्साए यात्री हंगामा कर रहे हैं। इसके चलते एयरपोर्ट के अंदर सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की गई है। दिल्ली एयरपोर्ट से लुफ्थांसा एयरलाइंस की 2 फ्लाइट्स थीं, जिनमें करीब 400 यात्रियों को म्यूनिख और फ्रैकफर्ट जाना था। पैसेजंर्स का कहना है कि जब वे एयरपोर्ट पर पहुंचे तो उन्हें पता चला कि फ्लाइट्स ही रद्द हो गई है।
*200 यात्रियों को दूसरी फ्लाइट से भेजा गया*

लुफ्थांसा एयरलाइंस से यात्रा करने वाले यात्रियों में से कुछ छात्र भी हैं, जिन्हें एग्जाम देने के लिए विदेश जाना था। छात्रों का कहना है कि फ्लाइट्स रद्द होने से हमारा भविष्य खतरे में है। वे एयरपोर्ट पर नारेबाजी कर रहे हैं। हंगामा बढ़ने पर एयरलाइन ने करीब 200 यात्रियों को दूसरी एयरलाइन के जरिए उनके डेस्टिनेशन पर भेजा है। अभी 500 यात्री दिल्ली एयरपोर्ट पर फंसे हुए हैं।
*वेतन बढ़ाने और महंगाई भत्ते की मांग कर रहे पायलट*

पायलटों के यूनियन ने इस साल 5,000 से अधिक पायलटों के वेतन में 5.5% की वृद्धि और महंगाई भत्ते की मांग की है। जब उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो पायलटों ने एक दिन की हड़ताल कर दी। इससे पहले लुफ्थांसा को इस साल वेतन बढ़ाने के लिए सिक्योरिटी वर्कर्स और ग्राउंड स्टाफ की ओर से कई बार हड़ताल का सामना करना पड़ा है।
जुलाई में एयरलाइन को जर्मनी की शक्तिशाली वर्डी यूनियन की ओर से बुलाए गए एक दिन के वाकआउट का सामना करना पड़ा था, जिससे फ्रैंकफर्ट और म्यूनिख में घरेलू केंद्रों पर इसकी उड़ानें प्रभावित हुईं थी।