Breaking

Tuesday, September 1, 2020

September 01, 2020

7 सितंबर तक कौन सा विश्वविद्यालय प्रैक्टिल परीक्षाएं कर देगा खत्म

सोनीपत : 7 सितंबर तक कौन सा विश्वविद्यालय प्रैक्टिल परीक्षाएं कर देगा खत्म

सोनीपत : दीनबंधु छोटू राम विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, मुरथल की अंतिम वर्ष की प्रैक्टिल  परीक्षाएं 7 सितंबर तक होंगी। प्रैक्टिकल परीक्षाएं ऑन लाइन होंगी। विश्वविद्यालय अंतिम वर्ष की थ्योरी की परीक्षाओं की तिथि जल्द ही घोषित कर देगा।
विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक प्रो.एमएस धनखड़ ने बताया कि अंतिम वर्ष या सेमेस्टर के प्रैक्टिकल की परीक्षाएं 7 सितंबर तक आयोजित की जाएंगी। प्रैक्टिल की री-अपीयर की जो परीक्षा जून 2020 में होनी थी, उनकी प्रैक्टिकल की परीक्षाएं भी 7 सितंबर की ही होंगी। प्रैक्टिकल की परीक्षाओं के लिए एडमिट कार्ड  विद्यार्थियों की लॉग इन आईडी पर उपलब्ध हैं।
उन्होंने कहा कि प्रैक्टिल परीक्षाएं वायवा या प्रेजेंटेशन के आधार पर ली जाएंगी। संबंधित विभाग या कॉलेज को प्रैक्टिकल के अवार्ड 8 सितंबर तक अपलोड करने होंगे। 8 सितंबर के बाद अवार्ड स्वीकार नहीं किए जाएंगे। विश्वविद्यालय द्वारा जल्द ही अंतिम वर्ष या सेमेस्टर परीक्षाओं की तिथि घोषित कर दी जाएगी।
September 01, 2020

सीबीआई पर सवाल?:आईएएस अशोक खेमका का ट्वीट- सीबीआई का सालाना 800 करोड़ रुपए का बजट, किस बड़े आदमी को सजा हुई?

सीबीआई पर सवाल?:आईएएस अशोक खेमका का ट्वीट- सीबीआई का सालाना 800 करोड़ रुपए का बजट, किस बड़े आदमी को सजा हुई?

खेमका ने ट्वीट किया- किसने लटकाया, जवाबदेही कैसे तय हो?,पिछले सालों का हिसाब कर लो, किस बड़े आदमी को सजा हुई

चंडीगढ़ : भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार आवाज उठाने वाले और 27 साल की नौकरी में 53 तबादलों के लिए चर्चित हरियाणा के सीनियर आईएएस अशोक खेमका ने इस बार सीबीआई पर सवाल खड़े किए हैं। खेमका ने ट्वीट करते हुए लिखा है कि सीबीआई का सालाना बजट 800 करोड़ रुपये है। किसे सजा हुई, कौन बरी हुआ, किसे लटकाया, जवाबदेही कैसे तय हो? पिछले सालों का ही हिसाब कर लो। किस बड़े आदमी की सजा हुई? हाथी के दांत दिखाने के कुछ और खाने के कुछ और होते हैं।

आईएएस खेमका का अभी तक 53 बार तबादला हो चुका है। भाजपा से पहले कांग्रेस की हुड्‌डा सरकार में भी खेमका का 22 बार ट्रांसफर हुआ था। वह जिस भी विभाग में जाते हैं, घोटाले के मामले उजागर करते रहे हैं। खेल विभाग से पहले उन्होंने समाज कल्याण विभाग में फर्जीवाड़े की आशंका पर 3 लाख से ज्यादा बुजुर्गों की पेंशन रोक दी थी। इससे पहले बीज विकास निगम में भी घोटाला पकड़ा था। भाजपा सरकार के पहले और दूसरे कार्यकाल में खेमका का यह 7वां तबादला है।

राबर्ट वाड्रा की कंपनी से जुड़ी डील को किया था रद्द

कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान 2012 में खेमका ने राबर्ट वाड्रा की कंपनी के डीएलएफ कंपनी के साथ हुए जमीनी सौदे को रद्द कर दिया था। इस मामले में आरोप था कि वाड्रा को सस्ती दर पर जमीन दी गई और उन्होंने महंगे रेट पर डीएलएफ को जमीन बेची है।
September 01, 2020

अब एलएलबी के लिए 30 तक करें आवेदन

अब एलएलबी के लिए 30 तक करें आवेदन

रोहतक। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय ने सत्र 2020-21 में स्नातकोत्तर (पीजी) दो वर्षीय पाठ्यक्रमों के प्रथम सेमेस्टर तथा एलएलबी (LLB) आनर्स तीन वर्षीय पाठ्यक्रम के प्रथम सेमेस्टर में एडमिशन के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि 30 सितंबर तक बढ़ा दी है।
कुलसचिव प्रो. गुलशनल लाल तनेजा ने बताया कि पीजी दो वर्षीय पाठ्यक्रमों तथा एलएलबी आनर्स तीन वर्षीय पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए विद्यार्थी 30 सितंबर तक आवेदन जमा करवा सकते हैं।
September 01, 2020

रजिस्ट्री के लिए ऑनलाइन अपॉइंटमेंट:आज से शहरी क्षेत्र में भी होगी रजिस्ट्री, ऑनलाइन मिलेगी अपॉइंटमेंट

रजिस्ट्री के लिए ऑनलाइन अपॉइंटमेंट:आज से शहरी क्षेत्र में भी होगी रजिस्ट्री, ऑनलाइन मिलेगी अपॉइंटमेंट

राज्य में 22 जुलाई को रोकी गई थीं रजिस्ट्रियां, ग्रामीण क्षेत्र में 11 अगस्त को शुरू हुई थी प्रक्रिया

चंडीगढ़ : एक सितंबर यानी मंगलवार से तहसीलों में शहरी क्षेत्र की रजिस्ट्रियों की प्रक्रिया फिर से शुरू हो रही है। इस संबंध में राजस्व विभाग ने आदेश किए हैं। इच्छुक व्यक्ति ऑनलाइन अपॉइंटमेंट ले सकते हैं। रजिस्ट्री के लिए नम्बर आते ही फोन करके आवेदक को बुलाया जाएगा। दरअसल, 22 जुलाई को सरकार ने प्रदेश में रजिस्ट्रियों पर रोक लगा दी थी। जांच में कई जिलों में 7-ए के अधीन आने वाली जमीनों की रजिस्ट्री में गड़बड़ी मिली थी।
इसके बाद रजिस्ट्री के सॉफ्टवेयर में बदलाव करने के लिए सरकार ने कहा था। सरकार ने पहले 15 अगस्त तक के लिए ही रजिस्ट्रियों पर रोक लगाई थी, लेकिन सॉफ्टवेयर का काम पूरा न होने के चलते कुछ दिन पहले केवल ग्रामीण क्षेत्र की ही रजिस्ट्रियां शुरू की गई थीं। अब सॉफ्टवेयर का काम पूरा हो चुका है और सरकार अपने लेवल पर इसका ट्रायल भी ले चुकी है। इसलिए शहरी क्षेत्र में रजिस्ट्रियों की प्रक्रिया भी आज से शुरू हो रही है।
ऐसे ऑनलाइन मिलेगी अपॉइंटमेंट...

जमीन की रजिस्ट्री कार्य में पारदर्शिता लाने के लिए प्रदेश सरकार ने तत्काल ई-अपॉइंटमेंट लेने का नया नियम लागू किया है। अब तत्काल ई-अपॉइंटमेंट की सुविधा का लाभ किसी दफ्तर में जाने के बजाए घर बैठे लिया जा सकता है।

पहले रजिस्ट्रेशन के लिए सीएससी, सब-रजिस्ट्रार, जॉइंट सब-रजिस्ट्रार या वेब हेलरिस केंद्रों आदि में जाकर नकद भुगतान के आधार पर तत्काल ई-अपॉइंटमेंट लेनी होती थी। लेकिन पारदर्शिता लाने के लिए नियम में संशोधन किया है।

अब आमजन घर बैठे जमाबंदी पोर्टल यानी https://jamabandi.nic.in/ पर प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन लिंक पर आवेदन कर तत्काल ई-अपॉइंटमेंट ले सकते हैं।

तत्काल अपॉइंटमेंट के लिए प्रतिदिन निर्धारित समय का टाइम स्लॉट उपलब्ध कराया जाएगा। आवेदक इस के दौरान भूमि रजिस्ट्रेशन का कार्य करवा सकता है।

प्रक्रिया में ये हुए हैं बड़े बदलाव

शहरी स्थानीय निकाय विभाग के 9 नगर निगमों, 15 नगर पालिका व नगर परिषदों क्षेत्रों में प्रॉपर्टी आईडी दी गई है।

कंट्रोल्ड एरिया में रजिस्ट्री के लिए हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण, एचएसआईआईडीसी, वन विभाग जैसे संबंधित विभाग अगर 14 दिनों में अनापत्ति प्रमाण-पत्र नहीं देते हैं तो उसे डीम्ड स्वीकृति समझकर रजिस्ट्री कर दी जाएगी।

कृषि भूमि व खाली जमीन की अलग-अलग श्रेणी रहेंगी।

कंट्रोल्ड एरिया में अब 2 कनाल की जगह 1 एकड़ से कम जमीन की रजिस्ट्री के लिए एनओसी जरूरी।

शहरों में प्रॉपर्टी टैक्स को ऑनलाइन भरने की सुविधा होगी, जिससे रजिस्ट्री के लिए एनओसी खुद ले सकें, क्योंकि रजिस्ट्री के लिए प्रॉपर्टी टैक्स अनिवार्य कर दिया गया है।

सभी विभागों के रिकॉर्ड को आपस में जोड़ दिया गया है।

विभाग के पोर्टल पर रजिस्ट्री-डीड का एक नमूना अपलोड किया गया है, इसे पढ़कर कोई भी डीड करवा सकता है।

रजिस्ट्रियों में गड़बड़ी के लिए सीधे डीसी जिम्मेदार होंगे।
September 01, 2020

मांग:सर्व हरियाणा स्कूल संघ ने निजी स्कूलों की मांगें दोहराईं

मांग:सर्व हरियाणा स्कूल संघ ने निजी स्कूलों की मांगें दोहराईं

हिसार : सर्व हरियाणा प्राइवेट स्कूल संघ की मीटिंग चंदन हाई स्कूल चंदन नगर में हुई। बैठक की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष नरेंद्र सेठी व जिला अध्यक्ष सत्यवीर गढ़वाल ने की। बैठक के दौरान प्राइवेट स्कूलों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं व मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया। बैठक के बाद संघ का प्रतिनिधिमंडल भाजपा के नवनियुक्त जिलाध्यक्ष कैप्टन भूपेंद्र से मिला और प्राइवेट स्कूलों की समस्याओं से अवगत कराया।
प्रतिनिधिमंडल ने वर्ष 2003 से पूर्व स्थापित अस्थायी मान्यता प्राप्त विद्यालयों को भूमि की शर्त के बिना एकमुश्त मान्यता प्रदान करने के साथ साथ मान्यता संबंधी सरलीकृत नियम पूरे करने के लिए दस वर्ष का समय प्रदान करने की मांग उठाई।
साथ ही गैर मान्यता प्राप्त विद्यालयों को मान्यता देने के लिए भूमि की शर्त को समाप्त करके आरटीई के तहत एक कमरा एक कक्षा के नियमानुसार मान्यता प्रदान करने, मान्यता संबधी नियमों का सरलीकरण किए जाने के बाद भविष्य में अपग्रेडेशन के लिए आवेदन करने वाले विद्यालयों को सरलीकृत नियमों के अन्तर्गत मान्यता प्रदान करने, स्कूलों की एग्जिस्टिंग सूची जल्द जारी करवाने, स्कूलों के बिजली बिल व स्कूल बसों के टैक्स में राहत देने विभिन्न मांगों से अवगत कराया।
कैप्टन भूपेंद्र ने आश्वासन दिया कि प्राइवेट स्कूलों के लिए वे हर संभव प्रयास करेंगे। प्रदेशाध्यक्ष नरेंद्र सेठी, जिलाध्यक्ष सत्यवीर गढ़वाल, संरक्षक ईश्वर, महासचिव अजीत यादव, मनोज पूनिया, सुभाष भानखड़, राजेश सहरावत, प्रांतीय सलाहकार अमीलाल मालवाल, संजय बूरा मौजूद रहे।
September 01, 2020

वेंडरों को रोजी-रोटी का संकट:5 माह से ट्रेनें बंद, कोई वेंडर कर रहा ढाबों पर काम तो कोई लगा रहा बाजार में रेहड़ी

वेंडरों को रोजी-रोटी का संकट:5 माह से ट्रेनें बंद, कोई वेंडर कर रहा ढाबों पर काम तो कोई लगा रहा बाजार में रेहड़ी

अम्बाला : देश बेशक अनलॉक फेज में आ गया है, मगर यहां रेलवे स्टेशन पर काम करने वाले वेंडरों के लिए रोजी-रोटी के लाले पड़े हैं। वह जीवन के सबसे बुरे दौर से गुजर रहे हैं। उत्तर भारत के सबसे व्यस्त माने जाने वाले कैंट रेलवे स्टेशन से कभी प्रतिदिन 250 से ज्यादा ट्रेनें होकर गुजरती थी। मगर अब इनकी संख्या 8 से 10 रह गई है। इसका असर स्टेशन पर खाने-पीने का सामन बेचने वाले 250 से ज्यादा वेंडरों को झेलना पड़ रहा है।
5 माह से वह जैसे-तैसे गुजारा कर रहे हैं। आलम यह है कि कुछ वेंडर रोजी-रोटी चलाने के लिए सब्जी की रेहड़ी लगा रहे हैं तो कोई दिहाड़ी-मजदूरी कर रहे हैं। स्टेशन पर स्टाल संचालकों भी मुसीबत में है, अब एक स्टाल खोलने पर खर्चा ज्यादा हो रहा है जबकि आमदनी न के बराबर है। ऊपर से रेलवे के नियम उन पर भारी पड़ रहे है।
रेलवे ने केवल आईआरसीटीसी कांट्रेक्ट के स्टालों पर वेंडरों को हाकिंग (प्लेटफार्म पर घूमकर सामान बेचने) की इजाजत दी है जबकि रेल मंडल से कांट्रेक्ट वाले स्टालों को यह अनुमति नहीं है। यात्री ट्रेनों से बाहर निकलना पसंद नहीं कर रहे और सामान ट्रेनों के पास जाकर वेंडर बेच नहीं सकते।

रेलवे के समक्ष मांग उठाई

अखिल भारतीय रेलवे खानपान लाइसेंस वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष रविंद्र गुप्ता ने बताया कि जब तक सभी ट्रेनें नहीं चल जाती तब तक रेलवे को स्टालों की लाइसेंस फीस माफ करनी चाहिए। मार्च माह से ट्रेनें बंद हुई है और तभी से उन्हें राहत मिलनी चाहिए। वेंडरों के लिए भी आर्थिक देना चाहिए ताकि उनकी रोजी-रोटी चल सके। मामले को रेलवे मुख्यालय में उठाया गया है।

लालकुर्ती में होलसेल काम ठप

लालकुर्ती बाजार कैंट रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड पर होलसेल सप्लाई के लिए मशहूर है। लालकुर्ती में रेल नीर, कोल्ड ड्रिंक्स, चिप्स, बिस्कुट, नमनीक, पेपर कप-प्लेट, नैपकिन आदि सामान के होलसेल सप्लायर है। सारी सप्लाई यहां से रेलवे स्टेशन पर होती थी, मगर 5 माह से यह सप्लाई भी ठप है। पहले सामान्य दिनों में औसतन स्टेशन पर प्रतिदिन 150 पेटी (12 बोतल की एक पेटी) पानी की बोतल, डेढ़ हजार कुल्चा आदि की सप्लाई थी। मगर ट्रेनें नहीं चलने से अब सप्लाई बेहद कम रह गई है।

किराया अब तक माफ नहीं किया

अम्बाला रेल मंडल में करीब 62 वेंडिंग कांट्रेक्टर है जिनके स्टालों का किराया अब तक रेल मंडल ने माफ नहीं किया है। 5 माह का किराया माफ करने के लिए कोई नोटिफिकेशन तक जारी नहीं की है। कांट्रेक्टर परेशान हैं, उनके लिए बिजली के बिल भरने तक मुश्किल हो गए हैं।

बाजार में रेहड़ी लगाई थी, नप ने बंद करा दी: वेंडर राम

कैंट स्टेशन पर इस समय 26 स्टाल हैं जिनमें 8 आईआरसीटीसी कांट्रेक्ट के हैं। इसके अलावा 20 रेहड़ियां और 20 ढाबे हैं। यहां छोले-भटूरे, चाय-कॉफी, कोल्ड ड्रिंक्स, चिप्स व अन्य खाद्य पदार्थ बेचकर वेंडर रोजी-रोटी चला रहे थे। मगर, रेलवे द्वारा अभी पूरी तरह से ट्रेनों का संचालन आरंभ नहीं किया गया। कई वेंडर दिहाड़ी मजदूरी कर रहे हैं, मगर कई दिनों तक काम नहीं मिल रहा। वेंडर रंजीत दिहाड़ी मजदूरी कर रहा, मगर कई दिनों तक तो काम ही नहीं मिलता। वेंडर राम ने बताया उसने बाजार में खाने-पीने की रेहड़ी लगाई थी, मगर नगर परिषद ने उसे बंद करवा दिया।
September 01, 2020

कोरोना संकट : प्रदेश में एक दिन में 20 मौतें, 1479 नए मरीज मिले, विधायक मिड्ढा व पूर्व परिवहन मंत्री पंवार पॉजिटिव

कोरोना संकट : प्रदेश में एक दिन में 20 मौतें, 1479 नए मरीज मिले, विधायक मिड्ढा व पूर्व परिवहन मंत्री पंवार पॉजिटिव

संक्रमितों की संख्या 65 हजार पार, मौतों का आंकड़ा 727 हुआ, पानीपत में आए सबसे ज्यादा 190 केस, फतेहाबाद व सिरसा में 3-3 मरीजों की जान गई

चंडीगढ़ : प्रदेश में कोरोना के केस तेजी से बढ़ रहे हैं। सोमवार को 1479 नए मरीज मिले। पानीपत में सबसे ज्यादा 190 नए केस आए हैं। जींद के विधायक कृष्ण मिड्ढा व पानीपत में पूर्व परिहवन मंत्री कृष्ण पंवार भी कोरोना संक्रमित मिले हैं। चंडीगढ़ सचिवालय में 7 और कर्मचारी पॉजिटिव पाए गए हैं। अब संक्रमितों की कुल संख्या 65651 हो गई है। पिछले 24 घंटे में 20 मरीजों की जान चली गई। एक दिन में कोरोना से होने वाली मौतों का यह दूसरा सर्वाधिक आंकड़ा है।
इससे पहले 16 जून को एक ही दिन में 21 लोगों की मौत हो गई थी। अगस्त माह में मौतों की यह संख्या अब तक की सबसे ज्यादा है। सोमवार को 11 जिलों में कोरोना से मौतें हुई हैं। फतेहाबाद, सिरसा में सबसे ज्यादा 3-3 मौतें हुईं। यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल करनाल, रोहतक में 2-2 और पानीपत, रेवाड़ी, फरीदाबाद, पंचकूला में 1-1 मरीज की जान गई है।
इससे मरने वालों की संख्या 727 हो गई है। एक दिन में 1052 लोग ठीक होकर लौटे हैं। अब तक 51946 लोग ठीक हो चुके हैं। अब 12978 सक्रिय मरीज हैं। उधर, सीएम मनोहर लाल गुड़गांव के मेदांता अस्पताल में ही भर्ती हैं। सोमवार को फिर से उनका कोरोना टेस्ट किया गया, जिसकी मंगलवार को रिपोर्ट आनी है।

यहां नए मरीज मिले

पानीपत में 190, करनाल में 157, सोनीपत में 131, अम्बाला में 114, गुड़गांव में 113, फरीदाबाद में 103, पंचकूला में 78, रोहतक में 74, यमुनानगर, महेंद्रगढ़ में 60-60, कुरुक्षेत्र में 57, हिसार में 56, भिवानी, कैथल में 48-48, रेवाड़ी में 39, झज्जर में 38, सिरसा में 30, पलवल में 24, जींद में 21, दादरी में 18, फतेहाबाद में 12, नूंह में 8 नए मरीज मिले हैं।

यहां ठीक हुए

यमुनानगर में 120, फरीदाबाद में 108, हिसार में 100, रोहतक में 90, गुड़गांव में 84, करनाल में 81, पानीपत में 80, सोनीपत में 64,रेवाड़ी में 62, कुरुक्षेत्र में 57, अम्बाला में 45, महेंद्रगढ़ में 43, भिवानी में 32, पंचकूला में 30, कैथल में 20, पलवल में 16, झज्जर में 12, सिरसा में 11, नूंह में 6 फतेहाबाद में 5 मरीज ठीक हुए।
September 01, 2020

करनाल का हाईप्रोफाइल गैंगरेप मामला:समझौते के पैसे बरामद करने के लिए पुलिस ने पति-पत्नी को लिया एक दिन के रिमांड पर

करनाल का हाईप्रोफाइल गैंगरेप मामला:समझौते के पैसे बरामद करने के लिए पुलिस ने पति-पत्नी को लिया एक दिन के रिमांड पर

करनाल : करनाल में प्रताप स्कूल के मालिक और तहसीलदार पर लगे गैंगरेप के मामले में समझौते की एवज में सात लाख रुपये लेती पकड़ी गई महिला और उसके पति को एक दिन के रिमांड पर ले लिया। सोमवार को कोर्ट में तीन घंटे वकीलों में बहस हुई। पुलिस की तरफ से एडवोकेट ने जहां रिमांड लेने के लिए अपना पक्ष रखा, वहीं आरोपी महिला की तरफ से एडवोकेट ने जमानत पर बहस की गई।
आरोपी महिला के एडवोकेट भूपेंद्र सिंह राठौर ने कहा कि पुलिस दबाव में काम कर रही है इसलिए पुलिस जांच में एडवोकेट को शामिल किया जाए। इससे निष्पक्ष पूछताछ सामने आ सकती है। कोर्ट ने आरोपी महिला और इसके पति का एक दिन का रिमांड देते हुए आरोपी पक्ष की तरफ से एक एडवोकेट को शामिल करने के आदेश दिए हैं। पुलिस जब भी इनसे पूछताछ करेगी, एडवोकेट का साथ होना जरूरी है।
ये था पूरा मामला
प्रताप पब्लिक स्कूल के मालिक अजय भाटिया और तहसीलदार राजबक्श पर एक महिला ने गैंगरेप का मामला दर्ज करवाया था। पुलिस ने बीते दिनों इस महिला और उसके पति को गैंगरेप केस में समझौते की एवज में सवा 7 लाख रुपये लेने के आरोप में पकड़ा था। हालांकि पुलिस नोटों पर पाउडर कोटिंग लगाना भूल गई थी। पुलिस ने उन्हें कोर्ट में पेश कर रिमांड मांगा तो कोर्ट ने उन्हें रिमांड नहीं दिया और दोनों पति-पत्नी को जेल भेज दिया था।
अब इस मामले में पुलिस ने पति-पत्नी का एक दिन का रिमांड लिया है। पुलिस का कहना है कि महिला समझौते के लिए पहले भी पैसे ले चुकी है। उन पैसों को बरामद करना है।

Monday, August 31, 2020

August 31, 2020

सीआरएसयू में यूजी व पीजी के अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों की परीक्षा आज से होंगी शुरु

सीआरएसयू में यूजी व पीजी के अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों की परीक्षा आज से होंगी शुरु

--आॅफ लाइन व आॅन लाइन मोड से परीक्षा दे सकेंगे विद्यार्थी
--आॅफ या आॅन लाइन में एक विकल्प चुन सकेंगे विद्यार्थी, विकल्प चयन के बाद नहीं कर सकेंगे बदलाव
--आॅन लाइन परीक्षा देने वाले विद्यार्थी को स्वयं करनी पड़ेगी इंटरनेट व लेपटाप की व्यवस्था
--नकल रोकने के लिए परीक्षा के दौरान होगी विद्यार्थी की रिकोर्डिंग

जींद, 31 अगस्त (संजय तिरँगाधारी) : चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय द्वारा एक सितंबर से पीजी व यूजी के अंतिम वर्ष के विद्यार्थियों की परीक्षा का आयोजन किया जाएगा। विद्यार्थी आॅफ लाइन व आॅन लाइन किसी भी तरीके से परीक्षा दे सकते हैं। इसके लिए विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा सभी तैयारियां पूरी की जा चुकी हैं। दोनों विकल्पों में से विद्यार्थियों को एक विकल्प का चयन करना होगा। एक बार विकल्प का चयन करने के बाद विद्यार्थी उसमें फेरबदल नहीं कर सकेंगे। आॅन लाइन परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों को इंटरनेट व लैपटाप की व्यवस्था स्वयं करनी होगी।
कुलपति प्रो. राजबीर सोलंकी ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए बताया कि आॅन लाइन परीक्षा के दौरान नकल को रोकने के लिए पूरी परीक्षा के दौरान विद्यार्थी की वीडियो रिकार्डिंग होगी। यदि विद्यार्थी वीडियो रिकार्डिंग के दौरान नकल करते पकड़ा जाता है तो उसका यूएमसी बना दिया जाएगा। सीआरएसयू द्वारा एक सितंबर से आॅफ लाइन परीक्षा का आयोजन किया जाएगा तथा लगभग 15 सितंबर के आस-पास आॅन लाइन परीक्षा आयोजित की जाएगी। यदि विद्यार्थी दोनों परीक्षाओं में से किसी में भी भाग नहीं लेता है तो उसको फेल कर दिया जाएगा। सीआरएसयू व इसके अधीन आने वाले सभी कॉलेजों के 16 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। जिसमें लगभग 6700 विद्यार्थी स्नातक और स्नातकोत्तर स्तर की परीक्षाएं देंगे। विश्वविद्यालय आॅफलाइन एवं आॅनलाइन मोड दोनों तरीके से परीक्षाएं आयोजित करवा रहा है जिसमें 1 सितंबर से परीक्षाएं होंगी और 24 सितंबर तक चलेंगी। विश्वविद्यालय ने आॅनलाइन परीक्षाओं के विषय में विशेष रूप से कहा कि आॅनलाइन परीक्षा के दौरान विद्यार्थी कॉल नेटवर्क या डॉक्युमेंट स्कैनिंग में आ रही परेशानी विद्यार्थी की स्वयं की होगी और परीक्षा के दौरान चेयर छोड़ने पर यूएमसी बना दी जाएगी। आॅनलाइन का रिजल्ट भी 15 दिन देरी से आएगा। 24 सितंबर के बाद रिपेयर की परीक्षा आयोजित की जाएगी। कोरोना से बचाव के लिए परीक्षा केंद्र में प्रवेश करने से पहले हर विद्यार्थी का तापमान चैक कर स्क्रीनिंग की जाएगी। यदि स्क्रीनिंग के दौरान किसी विद्यार्थी का तापमान ज्यादा आता है तो उसको अलग कमरे में परीक्षा देने की सुविधा दी जाएगी। अगर वह विद्यार्थी असलियत में बहुत ज्यादा बीमार है तो विश्वविद्यालय उसकी परीक्षाएं बाद में आयोजित करेगा ताकि इन विकट परिस्थितियों में किसी भी विद्यार्थी को कोई समस्या न हो। हर विद्यार्थी परीक्षा के दौरान मास्क पहनना होगा व हर कक्षा में केवल 15 से 20 विद्यार्थी सोशल डिस्टेंसिंग के साथ ही परीक्षाएं दे पाएंगे जिसमें हर कक्षा को सैनिटाइज किया जाएगा। उन्होंने बताया कि लॉकडाउन के दौरान विश्वविद्यालय कॉलेज बंद रहे परंतु इस दौरान आॅनलाइन पढ़ाई करवाई गई लेकिन इसका ध्यान रखते हुए विश्वविद्यालय में पेपर में बदलाव करते हुए 9 में से कोई भी पांच प्रश्न हल करने की छूट दी है। विश्वविद्यालय यूजीसी गाइडलाइन से ही इन परीक्षाओं को करवाएगा। विद्यार्थियों की सुविधा के लिए विश्वविद्यालय सीआरएसयू की वेबसाइट पर एक दिन पहले ही सीटिंग प्लान भी डालेगा ताकि विद्यार्थियों को सीटिंग प्लान को लेकर किसी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े। विश्वविद्यालय 30 सितंबर तक इन परीक्षाओं का रिजल्ट निकाल देगा ताकि नए सत्र के एडमिशन में देरी न हो। परीक्षाओं के दौरान जितने भी कक्षा अनुसार निरीक्षक होंगे वह मुंह पर मास्क व हाथों में दस्ताने डाले होंगे। इस दौरान विश्वविद्यालय परीक्षा नियंत्रक डॉ राजेश बंसल, डीन आॅफ एकेडमिक अफेयर प्रोफेसर एसके सिन्हा भी मुख्य रूप से मौजूद रहे।
August 31, 2020

चीनी मिल निदेशक मंडल का जुलाना में शांतिपूर्ण हुआ चुनाव, 33.29 प्रतिशत हुआ मतदान

चीनी मिल निदेशक मंडल का जुलाना में शांतिपूर्ण हुआ चुनाव, 33.29 प्रतिशत हुआ मतदान,  6781 लोगों ने नहीं डाली वोट , चुनावी मैदान में थे चार उम्मीदवार, विक्की के सिर सजा जीत का सहरा, 590 वोटों से मिली जीत

जींद/जुलाना, (31 अगस्त) : जुलाना में दी जींद सहकारी शुगर मिल के निदेशक मंडल का चुनाव राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय जुलाना में शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न हुआ। विक्की ने अशोक को 590 वोटों से हराया। चुनाव में चार उम्मीदवार थे। मतदान केवल 33.29 प्रतिशत रहा। मतदान के लिए विद्यालय में 10 बूथ बनाएं गए। सुबह 8 बजे मतदान शुरू हो गया। जो कि सायं 5 बजे तक चला। दोपहर को वोट डालने के लिए काफी लोग पहुंचे। पुलिस के कड़े पहरे बीच मतदान हुआ। दोहपर बाद वोट डालने वाले कम लोग पहुंचे। जींद शुगर मिल के निदेशक मंडल के चुनावों में चार उम्मीदवार मैदान में थे। चुनाव को लेकर सुबह के समय भारी भीड़ देखने को मिली।  लेकिन सुरक्षा के लिहाज से और कोरोना वायरस की महामारी के चलते पुलिस ने बूथों पर ज्यादा भीड़ नहीं जुटने दी और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन किया गया।

भारी पुलिस बल किया गया तैनात

निदेशक मंडल पद के चुनाव के मध्यनजर सुरक्षा के लिहाज से मतदात केंद्रों पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। बूथों पर ज्यादा भीड़ न जुटे इसके लिए जुलाना थाना प्रभारी सुरेन्द्र सिंह स्वयं मौजूद रहे थे। इसके अलावा प्रत्येक बूथ पर, स्कूल के गेट और स्कूल के बाहर दो तरफ पुलिस बल को तैनात किया गया था। सुरक्षा के लिहाज से 25 पुलिस कर्मचारियों की ड्यूटि लगाई गई थी।

33.29 प्रतिशत रहा मतदान

बेशक सुबह और दोपहर को मतदाताओं की भीड़ जुटी हो लेकिन दी जींद सहकारी शुगर मिल के निदेशक मंडल के चुनाव में 33.29 प्रतिशत वोटिंग हुई। दोपहर साढ़े तीन बजे तक  करीब 29 प्रतिशत वोट पड़ी थी। जब कि अगर वोट की बात की जाएं तो यहां पर 10 हजार 166 मतदाता थे।  जिनमे में से केवल 3385 वोट ही पोल हुए। चार बजकर 50 मिनट तक 3320 वोट पोल हुए थे।
बॉक्स

संजय को मिली सबसे कम वोट

निदेशक मंडल पद के चुनाव में चार उम्मीदवार अशोक, राजसिंह, विक्क और संजय खड़े थे। जिसमें विक्की को सबसे ज्यादा 1957 वोट मिली।  अशोक को  1367 वोट मिली। राजसिंह को 22 वोट मिली और सबसे कम संजय को मात्र 2 वोट मिले। विक्की ने 590 वोट से जीत हासिल कर जीत का सहरा विक्की ने अपने सिर सजाया। समर्थकों ने विक्की को कंधे पर उठाकर जीत का इजहार किया।
बॉक्स
बूथ वाइज यह मिली उम्मीदवारों को वोट
बूथ विक्की अशोक राज सिंह संजय
1 295 89 05 01
2 109 420 01 00
3 186 168 00 00
4 181 104 04 01
5 78 89 00 00
6 147 209 00 00
7 182 116 00 00
8 264 53 01 00
9 298 61 11 00
10 277 58 00 00
कुल 1957 1367 22 02
August 31, 2020

अम्बाला-- स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज का भाई आया कोरोना पॉजिटिव। निवास पर किया गया होम आइसोलेट। मंत्री की कोठी को किया गया सील। घर आने जाने वालों पर लगी रोक।

अम्बाला-- स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज का भाई आया कोरोना पॉजिटिव। निवास पर किया गया होम आइसोलेट। मंत्री की कोठी को किया गया सील। घर आने जाने वालों पर लगी रोक।


August 31, 2020

सुविधा:पशुओं को भी मिलेंगे आधार नंबर, कहीं भी बेचें, नंबर एक ही रहेगा

सुविधा:पशुओं को भी मिलेंगे आधार नंबर, कहीं भी बेचें, नंबर एक ही रहेगा

आधार नंबर अभी तक इंसानों के लिए जरूरी था। अब पशुओं के लिए भी यह आवश्यक होगा। पशुओं के लिए आधार नंबर जारी होंगे। पशुओं की खरीद-फरोख्त के लिए यह जरूरी होगा। देश के किसी भी हिस्से में पशु को बेचा जाएगा, तब भी यह नंबर बदलेगा नहीं।

पशुपालन एवं डेयरी विभाग की तरफ से पशुओं का आधार नंबर जारी किया जाएगा। यह नंबर केवल पालतु पशुओं के लिए जारी होगा। पशुओं में गाय, भैंस, भेड़, बकरी और सूअर आदि पशुओं को शामिल किया जाएगा। ऐसे सभी पशुओं को आधार नंबर दिए जाएंगे, जिन्हें विभाग की तरफ से जारी किया जाएगा। पशुओं की खरीद-फरोख्त के समय यह जरूरी होगा। पशुओं की पहचान के लिए इस नंबर की टैगिंग उनके कान में की जाएगी।
August 31, 2020

हरियाणा:सुभाष चंद्र बोस आपदा प्रबंधन पुरस्कार के लिए 30 सितंबर तक मांगे आवेदन

हरियाणा:सुभाष चंद्र बोस आपदा प्रबंधन पुरस्कार के लिए 30 सितंबर तक मांगे आवेदन

केंद्र सरकार ने आपदा प्रबंधन में उत्कृष्ट कार्यों को मान्यता देने के लिए वार्षिक पुरस्कार सुभाष चंद्र बोस आपदा प्रबंधन पुरस्कार बनाया है। वर्ष 2021 के लिए 30 सितंबर तक आवेदन मांगे हैं। सरकार ने आपदा प्रबंधन के क्षेत्र में व्यक्तियों और संस्थानों द्वारा किए उत्कृष्ट कार्यों को मान्यता देने के लिए एक वार्षिक पुरस्कार की स्थापना की है।

जिसे सुभाष चंद्र बोस आपदा प्रबंधन पुरस्कार के नाम से जाना जाता है। पुरस्कार के तहत विजेता संस्था को प्रमाणपत्र समेत 51 लाख रुपए व विजेता व्यक्ति को प्रमाण पत्र समेत 5 लाख रुपए का नकद पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। इस पुरस्कार के लिए केवल भारतीय नागरिक और भारतीय संस्थान ही आवेदन कर सकते हैं।
August 31, 2020

सौंदर्यीकरण:100 साल बाद शुरू हुआ लठियावाला जोहड़ का जीर्णोद्धार, ‌50 लाख किए जाएंगे खर्च

सौंदर्यीकरण:100 साल बाद शुरू हुआ लठियावाला जोहड़ का जीर्णोद्धार, ‌50 लाख किए जाएंगे खर्च

महम रोड स्थित लठियावाला जोहड़ की खुदाई शुरू करवाने के साथ-साथ कायाकल्प की तैयारी शुरू हो गई है। जोहड़ की खुदाई व अन्य कार्यों में पर करीब 50 लाख रुपये की राशि खर्ची जाएगी। फिलहाल जोहड़ की खुदाई व सौंदर्यीकरण का कार्य विधायक घनश्याम सर्राफ अपने निजी प्रयास से करवा रहे है। क्योंकि यह शहर व आसपास के इलाके के लोगों की ऐतिहासिक धरोहर भी है। इस दौरान विधायक घनश्याम सर्राफ ने जोहड़ से जुड़ी अनेक स्मृतियों को भी सांझा किया।

बुर्जियों के अलावा समतल हुआ लठिया वाला जोहड़ की खुदाई का कार्य शुरू करवाया गया है। जोहड़ में उगा पटेरा (घास) व कीचड़ को जेसीबी(बड़ी मशीन) से निकालना शुरू कर दिया है। ईंटों की बनी बुर्जियों के पास से खुदाई का कार्य लगभग पूरा होने वाला है। पटेरा को उखाड़ कर वहां पर जमी सिल्ट को भी निकालने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। साथ ही जोहड़ में जमा गंदे पानी की निकासी भी करवाई जा रही है। विधायक घनश्याम सर्राफ ने बताया कि जोहड़ की सफाई व सौंदर्यीकरण का कार्य का खर्च वे खुद वहन करेंगे। इस कार्य पर करीब 50 लाख रुपये का खर्च आने की संभावना है।

लठियावाले जोहड़ में किंवदंतियों के अनुसार करीब डेढ़ सौ साल पहले यहां पर तपस्या करने वाले महंत व एक अन्य व्यक्ति गंगाजी में स्नान करने के लिए गए थे। वहां पर उस व्यक्ति की लाठी गंगाजी में गिर गई। व्यक्ति ने लाठी निकालने के प्रयास किए लेकिन वह कामयाब नहीं हो पाया। उस दौरान महंत ने कहा कि चलो भिवानी आपकी लाठी मिल जाएगी। किंवदंती के अनुसार जब वे यहां पर पहुंचे तो वही लाठी इस जोहड़ में तैरती हुई मिली। खैर, इस कहानी में कितनी सच्चाई है। वह तो नहीं कहा जा सकता लेकिन किंवदंतियों के अनुसार उसी दिन से उक्त जोहड़ का नाम लठियावाला पड़ गया और लोग इसी नाम से पुकारने लगे। इस जोहड़ की बुर्जी, खुदाई व भवन का निर्माण गांव लोहारी जाटू के सेठ किरोड़ीमल ने करवाया था।

जोहड़ की होगी बाउंड्री वाल व चारों तरफ बनेगी पगडंडी

लठियावाला जोहड़ की खुदाई करवाई जा रही है। जोहड़ की खुदाई के बाद चारों तरफ की बाउंड्री वाल भी करवाई जाएगी। इसके अलावा जोहड़ के चारों तरफ एक आठ फुट चौड़ी पगडंडी का निर्माण करवाया जाएगा। ताकि सुबह व शाम के वक्त बुजुर्ग व अन्य लोग घूम सके। विधायक ने बताया कि बाउंड्री व पगडंडी के बीच में छाया व फलदार पौधे लगाए जाएंगे ताकि गर्मी के मौसम में लोग बैठकर विश्राम कर सके। इनके अलावा फूलदार पौधे भी लगाए जाने की योजना है ताकि जोहड़ के आसपास हरियाली कायम रह सके।
August 31, 2020

इस्काॅन का कुरुक्षेत्र में बन रहा है 200 करोड़ रुपए से रथ रूपी भव्य कृष्ण-अर्जुन मंदिर, इंडोनेशिया से आएंगे 34 फीट ऊंचे घोड़े

इस्काॅन का कुरुक्षेत्र में बन रहा है 200 करोड़ रुपए से रथ रूपी भव्य कृष्ण-अर्जुन मंदिर, इंडोनेशिया से आएंगे 34 फीट ऊंचे घोड़े

धर्मनगरी में बन रहे इस्कॉन के भव्य कृष्ण-अर्जुन मंदिर में घोड़े अब चीन से नहीं आएंगे। चीन की बजाए अब इंडोनेशिया में मार्बल के घोड़े तैयार कराए जाएंगे। यही घोड़े रथ रूपी कृष्ण-अर्जुन मंदिर में लगेंगे। पहले चीन में चार घोड़ों को तैयार कराने की योजना थी। इसे लेकर फैसला भी हो चुका था, लेकिन अब देश में चीन विरोधी लहर चल रही है। इस्काॅन ने भी चीन के विरोधस्वरूप वहां घोड़े तैयार करने की योजना रद्द कर दी है। इस्कान कुरुक्षेत्र के अध्यक्ष साक्षी गोपालदास महाराज के मुताबिक काफी सोच-विचार के बाद यह निर्णय लिया है। मंदिर 2022 के अंत तक तैयार होगा। अभी इसका 60 प्रतिशत निर्माण हो चुका है।

ग्लोरी ऑफ कुरुक्षेत्र, 165 फुट ऊंचा मंदिर

पिहोवा-कुरुक्षेत्र मार्ग पर ज्योतिसर के पास इस्काॅन ग्लोरी ऑफ कुरुक्षेत्र इस्काॅन वैदिक कल्चर प्रोजेक्ट के तहत भव्य मंदिर का निर्माण कर रहा है। पहले यह मंदिर गीता उपदेश स्थली ज्योतिसर में ही बनना था, लेकिन जमीन विवाद के चलते बाद में सरकार ने पिहोवा रोड पर ज्योतिसर से कुछ दूरी पर हिरमी की जगह में से 6 एकड़ जमीन मुहैया कराई। 6 एकड़ में मंदिर परिसर होगा। इसमें से 23,000 स्क्वायर फीट में मुख्य मंदिर का ढांचा होगा। करीब 165 फुट ऊंचा मंदिर बनेगा। इसपर करीब 200 करोड़ रुपए खर्च आएगा।

यहीं है विश्व का भव्य कृष्ण-अर्जुन कांस्य रथ

कुरुक्षेत्र में कई भव्य मंदिर बन रहे हैं। इनमें गीता ज्ञान मंदिर 18 मंजिला होगा। तिरुपति बालाजी की तर्ज पर भव्य मंदिर बन चुका है। वहीं 5 एकड़ में भारत माता मंदिर भी बनेगा। कुरुक्षेत्र में ही विश्व की सबसे भव्य श्रीकृष्ण-अर्जुन कांस्य रथ भी है। रथ का निर्माण प्रसिद्ध मूर्तिकार रामसुतार ने किया था। इस पर ढाई करोड़ रुपए लागत आई थी। यह रथ बेस सहित करीब 20 फीट ऊंचा है।

41 फीट लंबे होंगे घोड़े

इस्काॅन यूथ फोरम कुरुक्षेत्र के डायरेक्टर गोविंद कृष्ण दास के मुताबिक इंडोनेशिया से आकर्षक चार घोड़े तैयार होंगे जो रथ रूपी मंदिर में फ्रंट की तरफ लगने हैं। एक घोड़े की लंबाई 41 फीट होगी और ऊंचाई करीब 34 फीट होगी। एक घोड़े की अनुमानित लागत करीब 80 से 90 लाख रुपए है। मंदिर व गेस्ट हाउस आदि पर अनुमानित 200 करोड़ रुपए लागत आएगी। अगले साल ये घोड़े तैयार हो जाएंगे
August 31, 2020

राहत:अब खुद काम पर लाैटने लगे श्रमिक, यूपी और बिहार से ट्रेन में सवार हाेकर प्रतिदिन 500 से अधिक श्रमिक आ रहे

राहत:अब खुद काम पर लाैटने लगे श्रमिक, यूपी और बिहार से ट्रेन में सवार हाेकर प्रतिदिन 500 से अधिक श्रमिक आ रहे 

हिसार:    काेराेना से बचाव के मद्देनजर लाॅकडाउन के दाैरान जो श्रमिक यूपी और बिहार अपने घरों को गए थे, वो अब वापस हिसार लाैटने शुरू हाे गए हैं। प्रतिदिन गोरखपुर से करीब 500 श्रमिक स्पेशल ट्रेन में सवार हाेकर हिसार आ रहे हैं। हालांकि हिसार से गोरखपुर जाने वाले यात्रियाें की संख्या 200 से ऊपर नहीं है। कुछ श्रमिकाें से बात की ताे उन्हाेंने कहा कि यदि घर पर ही रहेंगे ताे भूखे मरने की नौबत आ जाएगी इसलिए अब काम पर लाैट रहे हैं।

दरअसल, काेराेना से बचाव के मद्देनजर जब लाॅकडाउन चल रहा था तब यूपी, बिहार, उत्तराखंड के हिसार में मजदूरी करने वाले श्रमिक अपने-अपने घराें काे लाैट गए थे। इसके कारण फैक्ट्रियाें से लेकर अन्य उद्योग धंधे भी प्रभावित हुए थे। काेराेना चलते अभी भी पैसेंजर ट्रेनाें का आवागमन बंद है। हिसार से स्पेशल श्रमिक ट्रेन चलाई जा रही है, जो गोरखपुर के लिए जाती है।

शाम सवा चार बजे हिसार से गोरखपुर के लिए रवाना हाेती है, जबकि सुबह करीब सवा दस बजे गोरखपुर से हिसार पहुंचती है। रेलवे विभाग के सूत्राें के अनुसार प्रतिदिन हिसार से स्पेशल ट्रेन में प्रतिदिन करीब 200 यात्री रवाना हो रहे हैं जबकि लाैटने वालाें की संख्या 5्र00 से लेकर 700 पर जा पहुंची है। कई बार लाैटने वाली ट्रेन में सीट भी फुल हाेती है। बीकानेर डिविजन के सीपीआरओ अभय कुमार शर्मा का कहना है कि अब श्रमिक खुद ही काम पर लाैट रहे हैं। गोरखपुर से आने वाले यात्रियाें की संख्या भी बढ़ी है।

काम पर नहीं लाैटेंगे ताे काम क्या करेंगे

गोरखपुर से हिसार रेलवे स्टेशन पर पहुंचे मनाेहर लाल, मामचंद, सावित्री देवी, मनाेरमा का कहना है कि लाॅकडाउन के दाैरान वह खाना आदि नहीं मिलने के कारण घर चले गए थे। घर पर काेई काम नहीं बचा है। यदि हिसार आकर काम नहीं करेंगे ताे फिर घर कैसे चलाएंगे। घर चलाने के लिए अब सभी श्रमिकाें ने वापस लाैटना शुरू कर दिया है। कानपुर का रमेश कहता है कि यदि काम पर नहीं आएंगे ताे परिवार भूखा मर जाएगा। इसलिए परिवार समेत हिसार में फैक्ट्री में काम करने के लिए आ गए हैं।
August 31, 2020

अनलॉक-4:व्यापारियों को राहत, पहले की तरह खुलेंगे शहर के बाजार

 अनलॉक-4:व्यापारियों को राहत, पहले की तरह खुलेंगे शहर के बाजार

 कुरूक्षेत्र: लंबे लॉकडाउन के बाद फिर से दो दिन बाजारों में लॉकडाउन का फैसला आखिरकार रविवार को सरकार ने वापस ले लिया। अब शहर में सोमवार व मंगलवार को बाजार बंद नहीं रहेंगे। इस फैसले से व्यापारियों का गुस्सा भी शांत हुआ। अब पहले की तरह दुकानदार अपनी मर्जी से रविवार को दुकानें बंद रख सकेंगे। बता दें कि कुरुक्षेत्र में लॉकडाउन से पहले तक रविवार को बाजारों में दुकानदार छुट्टी रखते थे।

सोम व मंगलवार को दुकानें बंद रखने के आदेशों का जिलेभर में व्यापारी विरोध कर रहे थे। यही नहीं विपक्षी दल भी इस फैसले के विरोध और व्यापारियों के समर्थन में उतर आए थे, लेकिन केंद्र सरकार की ओर से अनलॉक-4 में लॉकडाउन को लेकर भी स्पष्ट कर दिया कि बिना केंद्र की अनुमति के लॉकडाउन नहीं लगा सकेंगे। इस पर रविवार सुबह प्रदेश के गृहमंत्री अनिल विज ने ट्विट कर फैसला वापस लेने की जानकारी भी दी।

विधायक ने गृहमंत्री से लगाई थी गुहार

विधायक सुभाष सुधा ने कहा कि दुकानों को बंद न करने को लेकर व्यापारियों का संगठन शनिवार को उनसे मिला था। व्यापारियों से बातचीत कर और उनकी समस्याओं को सुनकर इस बारे गृहमंत्री अनिल विज से बातचीत की थी। इसमें फैसले पर पुनः विचार की मांग की थी। अब केंद्र सरकार के निर्देशानुसार गृह मंत्रालय द्वारा सोमवार व मंगलवार को बाजार बंद रखने बारे दिए गए आदेशों को वापस ले लिया है। दुकानदार पूरा सप्ताह दुकानों को खोल सकेंगे ।

कंटेनमेंट में जारी रहेंगे आदेश

विधायक ने कहा कि अनलॉक-4 के तहत नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के अनुसार राज्य सरकारे केन्द्र सरकार की सलाह के बिना कंटेनमेंट जोन को छोड़कर अन्य स्थानों पर लॉकडाउन नहीं लगा सकेंगी। एक राज्य से दूसरे राज्य में जाने के लिए अनुमति या ई-पास की जरूरत नहीं होगी।
August 31, 2020

सिरसा:बिजली चोरी रोकने गई पावरकॉम की टीम को बंधक बना चींटियाें से कटवाया

सिरसा:बिजली चोरी रोकने गई पावरकॉम की टीम को बंधक बना चींटियाें से कटवाया

रामपुरा फूल के गांव बल्लो में बिजली चोरी रोकने के लिए गई पावरकॉम की टीम के साथ गांव के कुछ लोगों ने धक्का-मुक्की करते हुए जहां उनकाे बंधक बना लिया और वहीं आरोपियों ने मुलाजिमों को प्रताड़ित करने के लिए चींटियों के झुंड में बैठने पर मजबूर कर दिया। चींटियाें ने कई मुलाजिमों को काट लिया। किसी तरह पावरकॉम की टीम वहां से जान बचाकर निकली।

मामला जब उच्चाधिकारियों के पास पहुंचा ताे पुलिस को शिकायत देने के बाद पांच लोगों के खिलाफ अलग-अलग धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया है। किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। पुलिस का दावा है कि आरोपियों को पकड़ने के लिए रेड की जा रही है। उधर चींटियों से काटे जाने वाले मुलाजिमों को उनके सहयोगियों ने सरकारी अस्पताल में दाखिल करवाया, जहां उनको उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई।

थाना सदर पुलिस को शिकायत देकर पावरकॉम के एसडीओ गुरप्रीत सिंह ने बताया कि उनको काफी समय से शिकायतें मिल रही थी कि गांव बल्लो में कुछ लोग बिजली चोरी कर रहे हैं। इसी के तहत 27 अगस्त को विभाग के उच्चाधिकारियों के आदेशों पर उपमंडल आफिसर नथाना की ड्यूटी गांव बल्लो के घरेलू बिजली कनेक्शन की चेकिंग करने के लिए लगाई गई थी।

टीम गांव पहुंची तो वहां पर कुछ घरों में बिजली चोरी पकड़ी गई जब पावरकॉम की टीम ने कार्रवाई शुरू की ताे बिजली चोरी करते पकड़े गए बूटा सिंह, रेशम सिंह, मिट्ठू सिंह, सुक्खा सिंह और कुछ अज्ञात लोगों ने टीम को घेर लिया और उनके साथ हाथापाई करते हुए सभी को बंधक बना लिया। यहीं नहीं आरोपियों ने उन्हें पास ही लगे चींटियाें के झुंड में बैठने के लिए मजबूर कर दिया। टीम किसी तरह आरोपियों के चंगुल से बचकर निकली और उच्चाधिकारियों को सूचित किया। मामले की जांच कर रहे एसआई बलजीत सिंह ने बताया कि एसडीओ की शिकायत पर आरेापियों पर केस दर्ज करगिरफ्तारी के लिए प्रयास शुरू कर दिए हैं।
August 31, 2020

वाहन चालकों को बड़ी राहत, ड्राइविंग लाइसेंस, RC की बढ़ी वैधता, जानिये कब तक वैलिड होंगे डॉक्यूमेंट्स ?

वाहन चालकों को बड़ी राहत, ड्राइविंग लाइसेंस, RC की बढ़ी वैधता, जानिये कब तक वैलिड होंगे डॉक्यूमेंट्स ?

नई दिल्ली : केंद्र सरकार ने वाहन चालकों को बड़ी राहत दी है। केंद्र सरकार ने एक फरवरी से खत्म ड्राइविंग लाइसेंस, लर्निंग लाइसेंस, गाड़ियों के परमिट और रजिस्ट्रेशन डॉक्यूमेंट्स की वैधता 31 दिसंबर 2020 तक बढ़ा दी है। अब वाहन चालकों को इन डॉक्यूमेट्स को रिन्यू करवाने की टेंशन नहीं है।

कोरोना संक्रमण काल के चलते केंद्र सरकार ने आम लोगों को बड़ी राहत दी है। वाहन चालकों को यह तीसरी बार छूट दी गई है। इससे पहले केंद्र ने 30 जून तक वैलिडिटी को बढ़ाया था। उसके बाद 30 सितंबर तक और अब 31 दिसंबर तक ये सभी डॉक्यूमेंट्स वैध रहेंगे।
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की तरफ से यह घोषणा की गई है। आम लोगों को बड़ी राहत देते हुए ड्राइविंग लाइसेंस और मोटर वाहन दस्तावेजों की वैधता अवधि इस साल 31 दिसंबर तक बढ़ा दी है।

सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय के मुताबिक, कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर ड्राइविंग लाइसेंस की वैधता और मोटर वाहनों के तमाम जरूरी दस्तावेजों को 31 दिसंबर, 2020 तक बढ़ाने का फैसला किया है। पहले दस्तावेजों की वैधता 30 सितंबर तक बढ़ाई गई थी, जिसे अब इस साल के अंत तक बढ़ा दिया गया है।

मंत्रालय ने मोटर वाहन अधिनियम, 1988 और केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 के तहत फिटनेस, परमिट, लाइसेंस, रजिस्ट्रेशन या अन्य दस्तावेजों की वैधता को 31 दिसंबर 2020 तक बढ़ाने का फैसला किया है।

मंत्रालय ने कहा है कि गाड़ी से संबंधित सभी दस्तावेज जिनकी वैधता का रिन्यू लॉकडाउन के कारण नहीं हो सका या होने की संभावना नहीं है और जिन दस्तावेज की वैधता एक फरवरी, 2020 से समाप्त हो गई है या 31 दिसंबर, 2020 तक यह समाप्त हो जाएगी, इन्हें 31 दिसंबर 2020 तक वैध माना जाएगा।
August 31, 2020

बैठक:हसला समेत 4 संगठनों का फैसला; रविवार को नहीं करेंगे परिवार पहचान पत्र बनाने का कार्य

बैठक:हसला समेत 4 संगठनों का फैसला; रविवार को नहीं करेंगे परिवार पहचान पत्र बनाने का कार्य

कैथल:  शिक्षकों के विभिन्न संगठनों ने विचार-विमर्श कर प्रदेश सरकार के शिक्षक विरोधी फैसलों को लेकर कदम उठाने का निर्णय लिया है। जानकारी देते हुए हरियाणा स्कूल लेक्चरर एसोसिएशन (हसला) कैथल के जिला प्रधान ईश्वर ढांडा ने बताया कि हरियाणा मास्टर वर्ग एसोसिएशन के राज्य अध्यक्ष रमेश मलिक, हरियाणा स्कूल लेक्चरर एसोसिएशन के अध्यक्ष दयानंद दलाल, प्राथमिक शिक्षक संघ के राज्य अध्यक्ष तरुण सुहाग और दिलबाग सिंह अहलावत राज्य वित्त सचिव अध्यापक संघ संबंधित हरियाणा कर्मचारी महासंघ ने टेलीफोन पर आपस में बातचीत करके विभिन्न मुद्दों पर सहमति से निर्णय लिया है।

उन्होंने बताया कि चारों संगठनों ने विचार-विमर्श के बाद जो फैसला लिया है कि अध्यापक रविवार को परिवार पहचान पत्र बनाने का काम नहीं करेंगे। इसके अलावा परिवार पहचान पत्र का कार्य केवल सुबह 8 बजे से लेकर दोपहर 2:30 बजे तक ही किया जाएगा। उन्होंने बताया कि संगठनों ने निर्णय लिया है कि भविष्य में यदि सरकार ने नियमित और सुचारू रूप से कक्षाएं चलने के समय इस प्रकार का गैर शैक्षणिक कार्य अध्यापकों पर थौंपा तो चारों संगठन मिलकर गैर शैक्षणिक कार्य का विरोध करेंगे और गैर शैक्षणिक कार्य का बहिष्कार करेंगे।

सीएससी केंद्रों को जिम्मा सौंपे सरकार: सुरेश राणा

जिला वरिष्ठ उप प्रधान सुरेश राणा कहा कि बिना प्रशिक्षण व संसाधनों के परिवार पहचान पत्र बनाने व सत्यापन करने का कार्य न्याय संगत नहीं है। उन्होंने कहा कि परिवार पहचान पत्र बनाने एवं सत्यापन करने के लिए सीएससी (अटल केंद्र) संचालकों को परीक्षण दिया गया है। उनके पास सभी प्रकार के जरूरी संसाधन भी है।

ऐसे में यह कार्य अटल केंद्र से न करवा कर सरकारी स्कूलों के अध्यापकों व कार्यालय स्टाफ से करवाना किसी भी तरह से उचित नहीं ठहराया जा सकता है। उन्होंने बताया कि हालात तो यह है कि पिछले 4 दिनों से फैमिली आईडी पोर्टल का सर्वर ही डाउन पड़ा है, जिसके चलते अध्यापकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार बिना तैयारी व विचार विमर्श किए तुगलकी फरमान जारी कर शिक्षकों व आम जनता की परेशानी को बढ़ाने का काम कर रही है।

August 31, 2020

एजुकेशन:सीबीएसई स्कूल एक सितंबर से ई-हरकारा पोर्टल पर ही दर्ज करा सकेंगे सुझाव व शिकायत

एजुकेशन:सीबीएसई स्कूल एक सितंबर से ई-हरकारा पोर्टल पर ही दर्ज करा सकेंगे सुझाव व शिकायत

अम्बाला : केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने पेपरलेस होने की दिशा में कदम बढ़ा दिया है। इसी कड़ी में सीबीएसई ने अपने सभी स्कूलों को 1 सितंबर के बाद सभी तरह का कम्युनिकेशन पत्राचार के बजाए ई-हरकारा वेब पोर्टल के माध्यम से करने के निर्देश दे दिए हैं। एक सितंबर के बाद सीबीएसई स्कूल की तरफ से किसी भी प्रकार का पत्राचार मान्य नहीं होगा। सभी प्रकार के सुझाव, शिकायतें व अन्य कार्य के लिए ई-हरकारा वेबपोर्टल का ही इस्तेमाल मान्य होगा। इससे पारदर्शिता और जवाबदेही तय करने में भी मदद मिलेगी।
मेजर आरएन कपूर डीएवी स्कूल के प्रिंसिपल आरपी राठी ने बताया कि सीबीएसई ने एक ई-प्लेटफॉर्म उपलब्ध करवाया है और प्रत्येक स्कूल को एक यूनिक आईडी दी है। इसी आईडी के माध्यम से स्कूल विभाग के साथ हर प्रकार का कम्यूनिकेशन कर पाएंगे। इसमें अभिभावकों की क्वेरी भी शामिल हैं। निजी व डायरेक्ट ई-मेल मान्य नहीं होगी।

ट्रांसपेरेंसी बढ़ेगी: पटपटिया

बीपीएस स्कूल के प्रिंसिपल डॉ. पीके पटपटिया ने बताया कि इससे सीधे तौर पर तीन फायदे होंगे। पहला ट्रांसपेरेंसी बढ़ेगी, दूसरा कम्युनिकेशन में गति आएगी, तीसरा स्कूल की एप्लिकेशन का स्टेटस पता चलता रहेगा। इससे पहले विशेष तौर पर फोन कर पता करना पड़ता था। इसके अलावा बोर्ड ने पेपरलेस की तरफ कदम बढ़ा दिया है। हमने अभी 12वीं के छात्रों के एनरोलमेंट इसी ई-हरकारा के माध्यम से ही भेजे हैं। इसका स्टेटस मेरे मोबाइल पर अपडेट हो गया कि आपकी भेजी फाइल मिल चुकी है। इसके अलावा पोर्टल के माध्यम से स्कूल किसी भी विभाग से संबंधित शिकायत उस विभाग तक सीधे पहुंचेगी और उन्हें जवाब भी सीधे मिलेगा। इसमें कम से कम समय लगेगा।
August 31, 2020

शिक्षा:सीआरएसयू में विद्यार्थियों के लिए खुले हाॅस्टल के द्वार, केवल हाॅस्टलर को ही मिलेगा कमरा

शिक्षा:सीआरएसयू में विद्यार्थियों के लिए खुले हाॅस्टल के द्वार, केवल हाॅस्टलर को ही मिलेगा कमरा

जीन्द:   चौ. रणबीर सिंह विश्वविद्यालय में विद्यार्थियों के लिए हास्टल के द्वार खुल गए हैं। विवि ने फाइनल ईयर के विद्यार्थियों की परीक्षाओं को देखते हुए निर्णय लिया है। इसके तहत पहले से ही हाॅस्टल में रहने वाले फाइनल ईयर के विद्यार्थियों को इसकी सुविधा दी जाएगी। इसके अलावा अन्य किसी विद्यार्थी को सुविधा नहीं मिलेगा। इसके तहत हर कमरे में केवल एक ही विद्यार्थी को ठहराया जाएगा।

सोशल डिस्टेंसिंग की पालना करवाई जाएगी। हर विद्यार्थी के लिए मास्क अनिवार्य होगा। ऐसा न करने वाले विद्यार्थियों पर कार्रवाई भी की जाएगी। 1 सितंबर से सीआरएसयू के टीचिंग डिपार्टमेंट सहित संबंधित कॉलेजों के फाइनल ईयर के विद्यार्थियों की परीक्षाएं शुरू होने जा रही हैं। अब तक विद्यार्थियों में संशय था कि उन्हें हाॅस्टल की सुविधा मिलेगी या नहीं?

विवि ने अब उन फाइनल ईयर विद्यार्थियों को हाॅस्टल की सुविधा देने का निर्णय लिया है, जो पहले से ही हाॅस्टल में रह रहे थे और फीस भर चुके थे। बाहरी छात्रों के लिए हाॅस्टल में एंट्री नहीं होगी। गर्ल्स व बाॅयज हाॅस्टल में 200-200 कमरे हैं और छात्र-छात्राओं की संख्या लगभग 120 से 130 के आसपास है। ऐसे में हर कमरे में एक-एक छात्र-छात्रा को रहने दिया जाएगा। गर्ल्स हाॅस्टल के एक फ्लोर पर फिलहाल काम चल रहा है। बाकी फ्लोर पर छात्राओं को ठहराया जाएगा। वाॅशरूम व अन्य जगहों को प्रतिदिन सेनिटाइज किया जाएगा।

मेस काॅन्ट्रैक्टर भी पहुंचा

अब तक विवि के हाॅस्टलों की मेस बंद पड़ी थी, लेकिन 1 सितंबर को परीक्षाएं शुरू हो रही है। ऐसे में फाइनल ईयर के विद्यार्थी आएंगे। इसके लिए विवि ने मेस काॅन्ट्रैक्टर को बुला लिया है। रविवार को मेस काॅन्ट्रैक्टर पहुंच चुका है। मेस में किस प्रकार की व्यवस्था करवाई जाएगी, इसके लिए विवि प्रशासन सोमवार या मंगलवार को प्लानिंग तय करेगा।

विवि में हाॅस्टल विद्यार्थियों के लिए खोल दिए गए हैं। फाइनल ईयर जो विद्यार्थी पहले रुके हुए थे, उन्हें भी ठहरने की इजाजत रहेगी। एक कमरे में एक छात्र को ठहराया जाएगा। -डॉ. राजेश पूनिया, रजिस्ट्रार, सीआरएसयू, जींद
August 31, 2020

खुदकुशी केस:महिला ने कारोबारी को प्रेम में फंसा बनाई वीडियो, ब्लैकमेल कर 15 लाख हड़पे, रेप केस भी किया

खुदकुशी केस:महिला ने कारोबारी को प्रेम में फंसा बनाई वीडियो, ब्लैकमेल कर 15 लाख हड़पे, रेप केस भी किया

महिला समेत 2 गिरफ्तार, 1 आरोपी फरार पकड़े जाने के डर से महिला ने दर्ज कराया था केस

बल्लभगढ़ के भीकम कॉलोनी निवासी कारोबारी संजीव कौशिक आत्महत्याकांड का खुलासा करते हुए पुलिस ने महिला और उसके एक सहयोगी को गिरफ्तार कर लिया है, जिनकी पहचान बल्लभगढ़ निवासी पिंकी तिवारी और यूपी के मथुरा जिला निवासी स्वामी उर्फ कृपाल सिंह के तौर पर हुई है। आरोपियों का एक साथी विनोद फरार है।
पूछताछ में महिला ने खुलासा किया कि कारोबारी की मोटी कमाई को देख उसने ब्लैकमेल कर पैसे हड़पने की योजना बनाई। इसे अंजाम देने के लिए महिला ने कारोबारी संजीव कौशिक के साथ प्रेम जाल बिछाया। एक दिन मौका पाकर उसने अपने साथी से वीडियो बनवा लिया। इसके बाद ब्लैकमेल करने लगी। एक साल में महिला ने कारोबारी से करीब 15 लाख रुपए वसूल लिए। वह और पैसे मांग रही थी।
इससे कारोबारी डिप्रेशन में आ गया और परेशान होकर गुडग़ांव नहर में कूदकर आत्महत्या कर ली। आरोपी महिला और उसका साथी काफी समय से कारोबारी के साथ काम करते थे। पुलिस ने कारोबारी के घर से एक सुसाइड नोट बरामद किया था। इसमें मृतक ने अपने यहां काम करने वाली महिला और दो अन्य लोगों को जिम्मेदार ठहराया था।
पुलिस प्रवक्ता एवं एसीपी धारणा यादव ने बताया कि आरोपी महिला को बल्लभगढ़ से और उसके साथी स्वामी को पलवल से गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने बताया महिला को जब कारोबारी संजीव कौशिक के लापता होने की सूचना मिली तो उसने नया ड्रामा रचा। वह बचने के लिए 28 अगस्त को महिला थाना बल्लभगढ़ पहुंची और कारोबारी पर दुष्कर्म का आरोप लगाते हुए केस दर्ज करा दिया। पुलिस अभी इस केस की जांच कर ही रही थी कि 29 अगस्त को ही पुलिस को कारोबारी का शव गुड़गांव में नहर से बरामद हो गया।
August 31, 2020

होमगार्ड भर्ती में गड़बड़ी:गृह मंत्री ने होम सेक्रेटरी से की रिपोर्ट तलब, नई भर्ती पर पाबंदी के बावजूद लगाए जा रहे नए जवान

होमगार्ड भर्ती में गड़बड़ी:गृह मंत्री ने होम सेक्रेटरी से की रिपोर्ट तलब, नई भर्ती पर पाबंदी के बावजूद लगाए जा रहे नए जवान

पुराने होम गार्ड को हटाकर नए भर्ती किए जा रहे हैं हरियाणा होमगार्ड वेलफेयर एसोसिएशन ने शिकायत गृहमंत्री को दी

चंडीगढ़ : प्रदेश में होम गार्ड के जवानों की भर्ती पर सवाल उठ गए हैं। आरोप है कि सरकार की ओर से भर्ती पर पाबंदी लगाए जाने के बावजूद नए होमगार्ड भर्ती कर लिए गए हैं। प्रदेश में केंद्र की ओर से स्वीकृत सभी 14,025 इस वक्त भरे हुए हैं। बड़ी बात यह है कि पुराने होम गार्ड को हटाकर नए भर्ती किए जा रहे हैं। आरोप है कि इसी में खेल हो रहा है।
सूत्रों का कहना है कि पिछले करीब एक साल में सैकड़ों की संख्या में कई जिलों में नए होमगार्ड भर्ती किए हैं। मामला गृह मंत्री अनिल विज तक पहुंचने के बाद उन्होंने होम सेक्रेटरी से भर्ती को लेकर पूरी रिपोर्ट तलब कर ली है। पूछा कि किस जिले में कितने होम गार्ड भर्ती किए गए हैं। हरियाणा होमगार्ड वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से भी भ्रष्टाचार के आरोपों की शिकायत गृहमंत्री को दी गई। सूत्रों का कहना है कि भर्ती की पूरी रिपोर्ट आने के बाद कई अधिकारी नप सकते हैं, क्योंकि उनके पास होम गार्ड की भर्तियों को लेकर शिकायतों का अंबार लगा है, जिन पर एक्शन तय है।
इस वक्त सबसे ज्यादा होम गार्ड हिसार और यमुनानगर में लगे हुए हैं। सूत्रों का कहना है कि 2016 में तत्कालीन डीजी के सेल्वराज ने नई भर्ती पर पाबंदी लगाई थी। एसोसिएशन ने शिकायत में कहा कि अनेक होम गार्ड ऐसे हैं, जिन्हें अधिकारियों के केवल मौखिक आदेशों से अचानक हटा दिया गया। उन्हें कोई सूचना तक नहीं दी गई।
शिकायतों पर मांगा जवाब : विज
गृहमंत्री अनिल विज ने बताया कि होम गार्ड भर्ती को लेकर कई जगह से गड़बड़ी की शिकायतें मिली हैं, जबकि नई भर्ती पर रोक लगी है। इसलिए भर्ती किए होम गार्डों को लेकर पूरी रिपोर्ट मांगी है।
August 31, 2020

सुविधा:जींद रेलवे जंक्शन पर जल्द लगेगा एटीएम, स्टेशन अधीक्षक ने लोकेशन वेरिफिकेशन कर नॉर्दर्न रेलवे को भेजी रिपोर्ट

सुविधा:जींद रेलवे जंक्शन पर जल्द लगेगा एटीएम, स्टेशन अधीक्षक ने लोकेशन वेरिफिकेशन कर नॉर्दर्न रेलवे को भेजी रिपोर्ट

जीन्द:  नॉर्दर्न रेलवे ने एक साल पहले 33 स्टेशनों पर 52 एटीएम लगाने के लिए बैंकों से ऑनलाइन टेंडर मांगे गए थे। इस प्रक्रिया को शुरू हुए एक साल बीत चुका है। अब जींद रेलवे जंक्शन पर एटीएम लगाने के लिए लोकेशन वेरिफिकेशन कर स्टेशन अधीक्षक ने नॉर्दर्न रेलवे को रिपोर्ट भेज दी है। एटीएम टिकट घर मुख्य गेट के साथ में लगेगा। इस जगह को चिह्नित कर लिया गया।

जींद रेलवे जंक्शन पर अभी तक कोई एटीएम की सुविधा नहीं थी। इससे यात्रियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ता रहा है। जंक्शन पर किसी यात्री को पैसे निकलवाने हो तो तीन किलोमीटर दूर स्थित एटीएम पर पैसे निकलवाने के लिए जाना पड़ता है। इससे काफी परेशानी का सामना करना पड़ता रहा है। गौरतलब है कि नॉर्दर्न रेलवे 33 स्टेशनों पर 52 एटीएम लगवाएगा। इसको लेकर रेलवे ने प्रक्रिया शुरू कर दी है और बैंकों से ऑनलाइन टेंडर मांगे गए थे। रेलवे ने टेंडर लगाने के लिए 42 बैंकों को चुना गया था। इसमें 33 स्टेशन ऐसे मिले हैं जहां कोई एटीएम नहीं है। इनमें जींद जंक्शन भी शामिल पाया गया।

एसबीआई व पीएनबी ने भेजे ऑनलाइन टेंडर

जींद रेलवे जंक्शन पर एक एटीएम लगाया जाना है। इसके लिए एसबीआई व पीएनबी ने एटीएम के लिए ऑनलाइन टेंडर नॉर्दर्न रेलवे भेजा गया है। एसबीआई व पीएनबी में से एक का एटीएम लगाया जाएगा।

जगह के लिए वेरिफिकेशन भेजी गई : स्टेशन अधीक्षक

स्टेशन पर एटीएम लगाने के लिए नॉर्दर्न को जगह की वेरिफिकेशन कर रिपोर्ट भेज दी गई है। अब जल्द ही स्टेशन पर एटीएम लगाया जाएगा, फिलहाल स्टेशन पर कोई एटीएम नहीं हैं।
-जयप्रकाश, स्टेशन अधीक्षक, रेलवे जंक्शन जींद
August 31, 2020

सर्वे रिपोर्ट:10वीं-12वीं में 83% अभिभावक बच्चों को स्कूल भेजने को तैयार, सभी टीचरों का होगा कोरोना टेस्ट, इसके बाद ही स्टूडेंट्स को पढ़ा सकेंगे

सर्वे रिपोर्ट:10वीं-12वीं में 83% अभिभावक बच्चों को स्कूल भेजने को तैयार, सभी टीचरों का होगा कोरोना टेस्ट, इसके बाद ही स्टूडेंट्स को पढ़ा सकेंगे

1 अक्टूबर से 10वीं-12वीं की कक्षाएं लगाने की तैयारी सर्वे ग्रामीण स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के अभिभावकों से कराया गया

चंडीगढ : हरियाणा में एक अक्टूबर से 10वीं व 12वीं कक्षा के लिए स्कूल खोले जाने की तैयारी शिक्षा विभाग ने शुरू कर दी है। केंद्र की ताजा गाइडलाइन के बाद विभाग ने यह निर्णय लिया है। 15 दिन तक 10वीं व 12वीं कक्षाओं की पढ़ाई के अनुभव के आधार पर नौंवी व 11वीं कक्षा की पढ़ाई शुरू कराई जाएगी। स्कूलों में पढ़ाने वाले टीचर्स को कोरोना का टेस्ट भी कराना होगा। इधर शिक्षा विभाग ने हरियाणा में अभिभावकों का ताजा सर्वे कराया है।
यह सर्वे 10वीं और 12वीं कक्षाओं में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के 76019 अभिभावकों का हुआ है। इनमें से 64298 अभिभावकों ने सहमति दी है कि स्कूल खोल दिए जाएं। जबकि 11721 ने फिलहाल अपनी सहमति नहीं दी है। यानी 85 फीसदी अभिभावक चाहते हैं कि स्कूलों के दरवाजे खुल जाएं। जबकि 15 फीसदी अभी स्कूलों को खोलने के पक्ष में नहीं हैं। 63013 (83 फीसदी) अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल में भेजने को राजी हो गए हैं। 13009 ने अभी हां नहीं कहा है। यह सर्वे केवल ग्रामीण स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के अभिभावकों से कराया गया है।

भिवानी-गुड़गांव के अभिभावक आए आगे सर्वे में ये पूछे गए थे सवाल

आप चाहते हैं कि सितंबर 2020 से 10वीं-12वीं के लिए स्कूल खुले, अपने बच्चे को स्कूल भेजना चाहेंगे, परिवार के किसी सदस्य की कोरोना जांच हुई है, कोई कोरोना पॉजीटिव हुआ है या नहीं

सोनीपत-करनाल के स्कूल चयनित

सोनीपत व करनाल के 2 ऐसे स्कूल हैं, जहां अभिभावकों ने 10वीं व 12वीं कक्षाओं में भेजने को अनुमति दी है। अब इन्हीं स्कूलों में वीडियो शूट होंगे, जिनमें स्कूल खुलने व पढ़ाई आदि करने के तरीके बताए जाएंगे। यह वीडियो बच्चों को दिखाई जाएगी।

15 दिन बाद 9वीं-11वीं की तैयारी

शिक्षा विभाग ने निर्णय लिया है कि एक से 15 अक्टूबर तक 10वीं व 12वीं कक्षाओं की पढ़ाई का अनुभव देखते हुए 9वीं व 11वीं कक्षाओं की पढ़ाई शुरू हो सकेगी। इसके बाद अन्य कक्षाओं की पढ़ाई भी शुरू की जाएगी।

ऑनलाइन पढ़ाई जारी रहेगी

जो अभिभावक बोर्ड कक्षाओं के लिए भी बच्चों को स्कूल नहीं भेजेंगे, उनके बच्चे ऑनलाइन पढ़ाई कर सकेंगे। हालांकि इस निर्णय को अंतिम रूप सरकार को देना है।
शिक्षा मंत्री कंवर पाल गुर्जर ने कहा कि बोर्ड कक्षाओं के लिए पहले स्कूल खोलने की तैयारी की जा रही है। इसके 15 दिनों के अनुभव पर 9वीं व 11वीं कक्षा की पढ़ाई शुरू होगी। सभी विद्यार्थियों को वीडियो के जरिए संदेश देंगे।
August 31, 2020

एक कहानी सुंदर सी - कर्म का सिद्धांत

 कर्म का सिद्धांत

       अस्पताल में एक एक्सीडेंट का केस आया ।

अस्पताल के मालिक डॉक्टर ने तत्काल खुद जाकर आईसीयू में केस की जांच की। दो-तीन घंटे के ओपरेशन के बाद डॉक्टर बाहर आया और अपने स्टाफ को कहा कि इस व्यक्ति को किसी प्रकार की कमी या तकलीफ ना हो। और उससे इलाज व दवा के पैसे न लेने के लिए भी कहा ।

तकरीबन 15 दिन तक मरीज अस्पताल में रहा। 

जब बिल्कुल ठीक हो गया और उसको डिस्चार्ज करने का दिन आया तो उस मरीज का तकरीबन ढाई लाख रुपये का बिल अस्पताल के मालिक और डॉक्टर की टेबल पर आया।

डॉक्टर ने अपने अकाउंट  मैनेजर को बुला करके कहा ...

इस व्यक्ति से एक पैसा भी नहीं लेना है। ऐसा करो तुम उस मरीज को लेकर मेरे चेंबर में आओ।

मरीज व्हीलचेयर पर चेंबर में लाया गया।

डॉक्टर ने मरीज से पूछा 

प्रवीण भाई ! मुझे पहचानते हो!

मरीज ने कहा लगता तो है कि मैंने आपको कहीं देखा है। 


डॉक्टर ने कहा ...याद करो ,अंदाजन दो साल पहले सूर्यास्त के समय शहर से दूर उस जंगल में तुमने एक गाड़ी ठीक की थी। उस रोज मैं परिवार सहित पिकनिक मनाकर लौट रहा था कि अचानक कार में से धुआं निकलने लगा और गाड़ी बंद हो गई। कार एक तरफ खड़ी कर  हम लोगों ने चालू करने की कोशिश की, परंतु कार चालू नहीं हुई।

 अंधेरा थोड़ा-थोड़ा घिरने लगा था। चारों और जंगल और सुनसान था।

परिवार के हर सदस्य के चेहरे पर चिंता और भय की लकीरें दिखने लगी थी और सब भगवान से प्रार्थना कर रहे थे कि कोई मदद मिल जाए।

थोड़ी ही देर में चमत्कार हुआ। बाइक के ऊपर तुम आते दिखाई पड़े ।

हम सब ने दया की नजर से हाथ ऊंचा करके तुमको रुकने का इशारा किया। 

तुमने बाईक खड़ी कर के हमारी परेशानी का कारण पूछा। 

 तुमने कार का बोनट खोलकर चेक किया और कुछ ही क्षणों में कार चालू कर दी।

हम सबके चेहरे पर खुशी की लहर दौड़ गई। हमको ऐसा लगा कि जैसे भगवान ने आपको हमारे पास भेजा है क्योंकि उस सुनसान जंगल में रात गुजारने के ख्याल मात्र से ही हमारे रोगंटे खड़े हो रहे थे। तुमने मुझे बताया था कि तुम एक गैराज चलाते हो ।

मैंने तुम्हारा आभार जताते हुए कहा था कि रुपए पास होते हुए भी ऐसी मुश्किल समय में मदद नहीं मिलती। तुमने ऐसे कठिन समय में हमारी मदद की, इस मदद की कोई कीमत नहीं है, यह अमूल्य है।

परंतु फिर भी मैं पूछना चाहता हूँ कि आपको कितने पैसे दूं ?

    उस समय तुमने मेरे आगे हाथ जोड़कर जो शब्द कहे थे, वह शब्द मेरे जीवन की प्रेरणा बन गये हैं।

तुमने कहा था कि.....

 "मेरा नियम और सिद्धांत है कि मैं मुश्किल में पड़े व्यक्ति की मदद के बदले कभी कुछ नहीं लेता। मेरी इस मजदूरी का हिसाब भगवान् रखते हैं। "

उसी दिन मैंने सोचा कि जब एक सामान्य आय का व्यक्ति इस प्रकार के उच्च विचार रख सकता है, और उनका संकल्प पूर्वक पालन कर सकता है, तो मैं क्यों नहीं कर सकता। और मैंने भी अपने जीवन में यही संकल्प ले लिया है। दो साल हो गए है,मुझे कभी कोई कमी नहीं पड़ी, अपेक्षा पहले से भी अधिक मिल रहा है। 

यह अस्पताल मेरा है।तुम यहां मेरे मेहमान हो और तुम्हारे ही बताए हुए नियम के अनुसार मैं तुमसे कुछ भी नहीं ले सकता।

ये तो भगवान् की कृपा है कि उसने मुझे ऐसी प्रेरणा देने वाले व्यक्ति की सेवा करने का मौका मुझे दिया।

 ऊपर वाले ने तुम्हारी मजदूरी का हिसाब रखा और वो हिसाब आज उसने चुका दिया। मेरी मजदूरी का हिसाब भी ऊपर वाला रखेगा और कभी जब मुझे जरूरत होगी, वो जरूर चुका देगा। 

 डॉक्टर ने प्रवीण से कहा ....

तुम आराम से घर जाओ, और कभी भी कोई तकलीफ हो तो बिना संकोच के मेरे पास आ सकते हो।

प्रवीण ने जाते हुए चेंबर में रखी भगवान् कृष्ण की तस्वीर के सामने हाथ जोड़कर कहा कि....

हे प्रभु आपने आज मेरे  कर्म का पूरा हिसाब ब्याज समेत चुका दिया।

 " याद रखें कि एक बार भगवान् चाहे माफ कर दे, परंतु कर्मों का हिसाब चुकाना ही होगा"

August 31, 2020

डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर प्रॉजेक्ट में देरी, रेल मंत्री ने नौ राज्यों के मुख्यमंत्रियों को चिट्ठी लिख कहा- प्रधानमंत्री मोदी सब देख रहे हैं

पीयूष गोयल ने 9 राज्यों से आग्रह किया है कि वह डेडिकेटेड फ्रेट कोरिडोर के रास्ते में आने वाली अड़चनें दूर करें

पीयूष गोयल ने 9 राज्यों को एक पत्र लिखा है। इसमें उन्होंने सबसे गुजारिश की है कि वह डेडिकेड फ्रेट कोरिडोर के रास्ते में आने वाली सभी अड़चनों को दूर करें, क्योंकि खुद पीएम मोदी इस प्रोजेक्ट पर करीब से नजर रख रहे हैं।

इस प्रोजेक्ट पर खुद पीएम मोदी करीब से नजर रख रहे हैं, यह योजना करीब 81 हजार करोड़ रुपये की है

कई जगह विरोध के चलते कोरिडोर के रास्ते में अड़चनें आ रही हैं

नई दिल्ली : रेल मंत्री पीयूष गोयल ने नौ राज्यों के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिखकर उनसे 'डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (DFC)' परियोजना में अड़चनों को दूर करने का आग्रह किया और कहा कि प्रधानमंत्री 'परियोजना पर करीबी नजर रख रहे हैं।' गोयल ने नौ मुख्यमंत्रियों को लिखे पत्र में भूमि संबंधी मुद्दों, ग्रामीणों की मांगों और राज्य के अधिकारियों द्वारा धीमी गति से काम करने का मामला उठाया, जिनसे 81,000 करोड़ रुपये की डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर परियोजना का काम प्रभावित हुआ है।

इन राज्यों को गोयल की चिट्ठी

रेल मंत्री ने मुख्यमंत्रियों से इस मामले में हस्तक्षेप करने का आग्रह किया। प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) की तरफ से उठाई गई चिंताओं के बाद गोयल ने गुजरात, उत्तर प्रदेश, बिहार, पंजाब, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, राजस्थान, महाराष्ट्र और झारखंड के मुख्यमंत्रियों को लिखे पत्रों में कहा कि कैसे डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर 'लंबे समय से लंबित मुद्दा' बना हुआ है जिसका अभी तक समाधान नहीं हुआ है।

कोरोना वायरस की वजह से काम में हो रही देरी

रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष वी के यादव के अनुसार वर्तमान में दो डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर निर्माणाधीन है- पश्चिमी डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (डब्ल्यूडीएफसी) जो उत्तर प्रदेश से मुंबई तक और पूर्वी डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर (ईडीएफसी) जो पंजाब के लुधियाना से पश्चिम बंगाल के दानकुनी तक है और इन कॉरिडोर का काम दिसम्बर 2021 तक पूरा किया जाना था लेकिन अब इस तिथि को छह महीने आगे यानी जून 2022 तक बढ़ा दिया गया है। उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस महामारी के कारण काम में व्यवधान के कारण देरी हुई।

मंत्री ने विशेष रूप से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री से व्यक्तिगत हस्तक्षेप कर उनके राज्य में आ रही अड़चनों का समाधान करने का आग्रह किया है। उत्तर प्रदेश में डीएफसी का दायरा एक हजार किलोमीटर से अधिक है। गोयल ने अपने पत्र में कहा, 'प्रधानमंत्री ने परियोजना की प्रगति की बारीकी से निगरानी की है। डीएफसी 1,000 किलोमीटर से अधिक उत्तर प्रदेश राज्य से होकर गुजरती है। हालांकि, भूमि अधिग्रहण और आरओबी निर्माण से संबंधित कुछ मुद्दे अभी भी कायम हैं, जिन्हें तत्काल हल करने की आवश्यकता है ताकि लक्षित समय के भीतर परियोजना का काम पूरा हो सके।'

रास्ते में आ रही हैं तमाम अड़चनें

उन्होंने रेलवे के सामने आ रही कुछ समस्याओं के बारे में बताया जिनमें पुलों पर लंबित सड़क (आरओबी), आंदोलन के कारण मुजफ्फरनगर, मेरठ, सहारनपुर जैसे क्षेत्रों में भूमि को कब्जे में लेने में बाधा, ग्रामीणों द्वारा मुआवजे और नौकरियों की मांग, उत्तर प्रदेश वन विभाग द्वारा पट्टा किराए की अनुचित मांग और मिर्जापुर जिले में आरओबी के निर्माण को लेकर ग्रामीणों द्वारा विरोध आदि शामिल हैं। गोयल ने पत्रों में उन सभी मुद्दों को उठाया है जिनका राज्यों में विशिष्ट क्षेत्रों में रेलवे द्वारा सामना किया जा रहा हैं।

गोयल ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को लिखे पत्र में कहा, 'हालांकि विभिन्न जिलों में लंबित मध्यस्थता और भूमि के कब्जे में बाधाएं आदि में देरी से परियोजना के काम पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। आप इस बात को समझेगी कि परियोजना के काम को शुरू करने के लिए इन बाधाओं को दूर करना आवश्यक है।'

बिहार पर है खास फोकस

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को लिखे अपने पत्र में, गोयल ने कहा कि राज्य परियोजना का एक प्रमुख लाभार्थी है, क्योंकि पूर्वी डीएफसी का 236 किलोमीटर दायरा गया, औरंगाबाद, कैमूर और रोहतास जिलों से होकर गुजर रहा है और आपके राज्य में निवेश को आकर्षित करने की संभावना है। इसी तरह हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र और पंजाब जैसे राज्यों में, राज्य सरकारों द्वारा आरओबी के लिए भूमि अधिग्रहण में देरी से परियोजना में विलंब हुआ है। रेलवे एक सितंबर को उत्तर प्रदेश, बिहार, गुजरात और महाराष्ट्र के राज्य सरकार के अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक भी करेगा।

August 31, 2020

इनेलो को मिला मजबूत साथ, पूर्व सीपीएस ने थामा इनेलो का दामन

इनेलो को मिला मजबूत साथ, पूर्व सीपीएस ने थामा इनेलो का दामन

चंडीगढ़ : पूर्व में सीपीएस रहे कांग्रेस नेता राजकुमार बाल्मीकि सैंकड़ो कार्यकर्ताओं के साथ रविवार को अभय सिंह चौटाला के नेर्तत्व में इनेलो में शामिल हुए। राजकुमार बालमीकि कांग्रेस की टिकट पर 1991 में करनाल जिले के जुंडला हलके से विधायक चुने गए और सीपीएस बने। 1998 और 2014 में कांग्रेस की टिकट पर लोक सभा का भी चुनाव लड़ चुके बालमीकि नें शामिल होने के बाद कहा कि वो अभय चौटाला की कार्य शैली से बहुत प्रभवित हुए हैं।

अभय चौटाला को किसानों का मसीहा बताते हुए कहा कि जहां मु य विपक्षी दल इस महामारी के दौर में अपने घरों में दुबके रहे वहीं इनेलो नेता चाहे मंडियों में किसानो व मजदूरों से हुई लूट हो या विधान सभा में जनता से हुई लूट जैसे मुद्दों को उठाने की बात हो, हमेंशा सबसे आगे खड़े मिले हैं। चाहे परिवार की बात हो या पार्टी को आगे बढ़ाने की बात हो अभय चौटाला नें अपना फर्ज बखुबी निभाया है। उन्होने कहा कि वह अपने पूूरे समाज के साथ इनेलो पार्टी को मजबूती दिलाने और सता दिलाने में साकारात्मक भूमिका निभाएंगे।

बाल्मीकि नें शैलजा व भूपेंद्र हुड्डा पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि इन्होने मुझे धोखा दिया है और हमेशा बालमीकि समाज को वोट बैंक की तरह इस्तेमाल किया है। शैलजा को जब लगता था कि वो चुनाव हार जाएंगी तो मुझे टिकट दे कर बलि का बकरा बना देती थी। 2019 में भूपेंद्र हुड्ड नें निलोखेड़ी से टिकट काट कर बंताराम बाल्मीकि को दे कर मेरे और मेरे समाज के साथ जुल्म और अन्याय किया।
इनेलो नेता अभय चौटाला ने राजकुमार बाल्मीकि को अपने साथियों सहित पार्टी में शामिल होने पर कहा कि उन्हे पार्टी में पूरा मान स मान दिया जाएगा और वो ताऊ देवी लाल की नीतियों का अनुसरण करते हुए पार्टी को मजबूत करेंगे। बाल्मीकि नें दलितों के हकों की लड़ाई हमेंशा मुखर हो कर लड़ी और गोहाना व मिर्चपूर बाल्मीकि प्रकरण को सुलझाने में भी अहम भूमिका निभाई।

Sunday, August 30, 2020

August 30, 2020

फ़रीदाबाद में आयुष्मान योजना के नाम पर फर्जीवाडा

फ़रीदाबाद में आयुष्मान योजना के नाम पर फर्जीवाडा

आरोप है कि फर्जी  तरीके से आयुष्मान कार्ड बना दिया और इसका उपयोग एक वरिष्ठ नागरिक के इलाज में किया, जिस पर 85 हजार रुपये खर्च हुए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

फरीदाबाद : ( विनीता सोनी )  जरूरतमंद लोगों के लिए केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई आयुष्मान कार्ड योजना  के नाम पर फर्जीवाड़ा सामने आया है। अब एसजीएम नगर थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। मामले की जांच शुरू हो गई है।
पुलिस जानकारी के अनुसार फर्जीवाड़ा करने वाले बीके अस्पताल के तीन कर्मचारी हैं। इन्होंने तीन-चार लोगों का फर्जी तरीके से आयुष्मान कार्ड बना दिया और इसका उपयोग एक वरिष्ठ  नागरिक के इलाज में किया, जिस पर 85 हजार रुपये खर्च हुए। आरोपियों के गिरफ्तार होने के बाद पता लगेगा कि इन्होंने और कितने लोगों के इस तरह के कार्ड बनवाए हैं।
एसजीएम नगर के थाना प्रभारी अरविद कुमार ने बताया कि प्रवीन कुमार तिवारी ने थाने में दी शिकायत में बताया है कि बीके अस्पताल में पीपीपी के तहत स्थापित हृदय रोग विभाग में कार्यरत कर्मचारी मान सिंह, कृपाल व नरेश ने तीन-चार लोगों का फर्जी आयुष्मान भारत का कार्ड बना लिया था, जिससे एक व्यक्ति का इलाज भी करा दिया।  पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर है। 
August 30, 2020

हरियाणा में दो दर्जन से ज्यादा फार्महाउस ढहाए, नेताओं और उच्चाधिकारियों ने कर रखा था कब्जा

हरियाणा में दो दर्जन से ज्यादा फार्महाउस ढहाए, नेताओं और उच्चाधिकारियों ने कर रखा था कब्जा

फरीदाबाद : ( विनीता सोनी )देर आए दुरुस्त आए' ये कहावत अरावली वन क्षेत्र की स्थिति पर सटीक बैठती है। एनसीआर की जीवनदायिनी कहे जाने वाली अरावली में लगातार खुले आम अवैध फॉर्महाउस का निर्माण होता चला आ रहा था। और वन विभाग कुंभकरण की नींद सोया हुआ था। हैरानी की बात ये है कि अरावली पहाड़ी क्षेत्र में बने अधिकतर फॉर्म हाउस देश के बड़े नेताओं से लेकर सेवानिवृत्त उच्च अधिकारियों के हैं। तो शिकायत करता भी कौन और किसके खिलाफ।
खैर किसी ने शिकायत की थोड़ा हंगामा हुआ तो वनविभाग ने नोटिस भेजकर अपना काम कर दिया। हाल ये हुआ ही सैकड़ों फॉर्महाउस के नीचे अरावली वन गायब होते चले गए। और वन विभाग की तरफ से कोई कड़ी कार्रवाई नहीं की गई।

लेकिन अब ये मामला जा पहुंचा है नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के पास। एनजीटी की इस मामले में आदेश आते ही अवैध निर्माण करने वालों में हड़कंप मच गया है। क्योंकि एनजीटी ने आदेश जारी किया है कि अरावली वन क्षेत्र में बने सभी फॉर्महाउस को अगले छह महीनों के अंदर तोड़ दिया जाए। आदेश जारी होते ही डीटीपी और नगर निगम ने मिलकर अवैध रूप से बने इन फॉर्महाउस पर पीला पंजा चलाना शुरू कर दिया।

नगर निगम के एडिशनल कमिश्नर हरिओम अत्री ने अपनी सफाई देते हुए कहा कि ये फार्म हाउस आलीशान बने हुए है और यहां पर लगातार पार्टियां भी होती रहती है। ऐसे में इन सभी फार्म हाउस मालिकों ने ये बिना सीएलयू के बना दिए। जब इन रईसदारों का नगर निगम ने नोटिस भेजा तो फार्म हाउस मालिक गेट खोलने की भी जरूरत नहीं समझी। नगर निगम के अधिकारी फार्म हाउस के बाहर नोटिस चस्पा कर उनको सूचित करते रहे लेकिन कुत्ते की दुम की तरह इनकी दुम भी टेड़ी की टेड़ी रही जिसके बाद सभी फार्म हाउसों को तोड़ा जा रहा है।

साथ ही कमिश्नर अत्री ने बताया कि ये सभी फॉर्महाउस बिना वन विभाग और एनजीटी के आदेश के बने हुए हैं। जो अवैध की लिस्ट में शामिल हैं। गुरुवार को दो दर्जन फार्म हाउस को तोड़ा गया है. और बाकी सभी अवैध रूप से बने सभी फार्म हाउस रडार पर हैं। यहीं नहीं अरावली के अलावा अन्य कहीं भी अगर अवैध कॉलोनी बनी हुई है, तो वे सभी कालोनियां भी रडार पर हैं। जल्द ही सभी कालोनियों को ध्वस्त किया जाएगा
August 30, 2020

जेजेपी ने संगठन का किया विस्तार, नए पदाधिकारियों की सूची जारी

जेजेपी ने संगठन का किया विस्तार, नए पदाधिकारियों की सूची जारी

चंडीगढ़। जननायक जनता पार्टी  ने अपने संगठन में कई नई महत्वपूर्ण नियुक्तियां  की हैं। पार्टी ने अपनी अनुशासन समिति के गठन के साथ-साथ राष्ट्रीय कार्यकारिणी का विस्तर करते हुए नये पदाधिकारियों की सूची जारी की है। इनमें अनुशासन समिति के चेयरमैन, समिति के तीन सदस्य, राष्ट्रीय कार्यकारिणी में 15 सदस्य और 13 विशेष आमंत्रित सदस्य बनाए गए हैं।
जेजेपी ने अपनी अनुशासन समिति में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के पूर्व रजिस्ट्रार बेरी निवासी जगदीश कादियान को महत्वपूर्ण जिम्मेदारी देते हुए चेयरमैन के पद पर नियुक्त किया हैं। जगदीश काद्यान इससे पूर्व पार्टी के बुद्धिजीवी प्रकोष्ठ के प्रदेशाध्यक्ष थे। इनके साथ सोनीपत निवासी बबीता दहिया, गुरुग्राम से जेजेपी के पूर्व लोकसभा प्रत्याशी महमूद खान और सोनीपत निवासी एडवोकेट रणबीर दहिया पार्टी की अनुशासन समिति के सदस्य होंगे।
August 30, 2020

प्रदेश में प्रशासनिक फेरबदल:8 आईपीएस और एक एचपीएस अधिकारी के तबादले के आदेश

प्रदेश में प्रशासनिक फेरबदल:8 आईपीएस और एक एचपीएस अधिकारी के तबादले के आदेश

चंडीगढ़ : हरियाणा सरकार ने तुरंत प्रभाव से आठ आईपीएस व एक एचपीएस अधिकारियों के नियुक्ति एवं स्थानांतरण आदेश जारी किए हैं। आधुनिकीकरण एवं पुलिस कल्याण के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक आलोक कुमार राय को अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक जेल का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया है। नियुक्ति आदेशों की प्रतीक्षा कर रही कला रामचंद्रन को एडीजीपी मुख्यालय लगाया गया है। उन्हें सीएडब्ल्यू का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया है।
एडीजीपी सीएडब्ल्यू चारू बाली को एडीजीपी आईआरबी भोंडसी लगाया गया और उन्हें स्टेट क्राइम ब्रांच गुरुग्राम का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा गया है। चंडीगढ़ प्रशासन से प्रतिनियुक्ति से लौटने पर नियुक्ति आदेशों की प्रतीक्षा कर रहे शशांक आनंद को डीआईजी सीआईडी लगाया गया है।
एसपी रेवाड़ी नाजनीन भसीन को एसपी आरटीसी भोंडसी, एसपी महेंद्रगढ़ सुलोचना कुमारी  को कमांडेंट चतुर्थ बटालियन आईआरबी मानेसर नियुक्त किया गया है। जबकि एसपी अम्बाला, अभिषेक जोरवाल को एसपी रेवाड़ी लगाया गया है। डीसीपी ईस्ट गुरुग्राम चंद्रमोहन जिनके पास डीसीपी ट्रैफिक व सीईओ मोबिलिटी, जीएमडीए का अतिरिक्त कार्यभार था, उनको एसपी महेंद्रगढ़ लगाया गया है, एसपी सीआईडी राजेश कालिया को एसपी अम्बाला लगाया गया है।